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पुलिस वालों को जान से मारने के लिए चलाए बम-पत्थर, बाइक में लगाई गई आग: प्रयागराज में कट्टरपंथियों ने ऐसे मचाया आतंक

एफआईआर में कहा गया कि भी़ड़ जब तिराहे पर पहुँची तो उनके हाथों में बम-पत्थर थे और उन्होंने गाली-गलौच के बाद क्षेत्र में हिंसा को भड़काया था। पुलिस की काफी कोशिशों के बावजूद उपद्रवी हिंसा करते रहे।

जुमे की नमाज के बाद प्रयागराज में भड़की हिंसा मामले में करेली थाना में 11 जून को दर्ज एफआईआर से घटना संबंधी कई खुलासे हुए हैं। 11 लोगों के विरुद्ध एक प्राथमिकी उप निरीक्षक अरविंद कुमार ने दर्ज करवाई है। उन्होंने बताया कि घटना वाले दिन उनकी ड्यूटी शौकत अली तिराहा व आसपास के क्षेत्रों में लगाई गई थी। लेकिन जुमे की नमाज खत्म होते ही अचानक 3 बजे असगरी तिराहे से भीड़ नारेबाजी करते हुए शौकत अली तिराहे पर आ गई और उपद्रव मचना शुरू हुआ।

एफआईआर में कहा गया कि भी़ड़ जब तिराहे पर पहुँची तो पुलिस ने उन्हें रोका, मगर उनके हाथों में पुलिस को मारने के लिए बम-पत्थर थे। प्राथमिकी के अनुसार, उपद्रवियों ने गाली-गलौच के बाद क्षेत्र में हिंसा को भड़काया था और पुलिस की काफी कोशिशों के बावजूद उपद्रवी हिंसा कर रहे थे। इस दौरान धक्का-मुक्की हुई, पत्थर चलाए गए, नाबालिग बच्चों को उकसाकर हिंसा में लाया गया और उनसे भी पत्थरबाजी करवाई गई। घटना में शौकत अली तिराहे पर खड़ी मोटरबाइक को भी आग में झोंका गया व पुलिस वालों को मारने का भी प्रयास हुआ।

अरविंद कुमार ने बताया कि उन्हें इस हिंसा की सूचना फोन के जरिए मिली। जिसके बाद पहले पुलिस ने उन उपद्रवी को समझाने का प्रयास किया, शांति बनाए रखने की अपील की, लेकिन जब उपद्रवियों की ओर से कोई सुनवाई नहीं हुई तो आँसू गैस के गोले छोड़े गए व पुलिस की ओर से भी बल का प्रयोग किया गया।

प्राथमिकी में फरहान, शमशाद, अयूब, अली रिजवी, सुफियान, फैजान, इमरान, नाजिम, बदरुद्दीन, फैज खान, इफ्तखार को नामजद किया गया है व 250 से ज्यादा अज्ञात लोगों पर आईपीसी की धारा 143, 144, 145, 147, 148, 149, 153-ए, 153 बी, 295-ए, 307, 332, 353, 435, 427, 504, 505 (2), 506, 120 बी के तहत केस दर्ज हुआ है। इसके अलावा आरोपितों के ऊपर विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 908 की धारा 4, 5; आपराधिक कानून (संशोधन अधिनियम 1932) की धारा 7; किशोर न्याय अधिनियम 2015 की धारा 83; सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम 1984 की धारा 3,4 लगाई गई है।

5000 अज्ञात लोगों पर केस दर्ज

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में शुक्रवार (10 जून, 2022) को जुमे की नमाज के बाद हुई हिंसा के मामले में यूपी पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। आज प्रयागराज के SSP अजय कुमार ने घटना की जानकारी देते हुए बताया था कि जावेद अहमद नाम का एक मास्टरमाइंड गिरफ्तार किया गया है। इसके अलावा कई और मास्टरमाइंड हो सकते हैं, उनके बारे में पूछताछ की जा रही है और आरोपितों के ऊपर 29 अहम धाराओं के तहत केस दर्ज कर गैंगस्टर एक्ट और एनएसए के तहत कार्रवाई होगी। 70 नामजद और 5000 अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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