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गुलशनजहाँ को दूधमुँही बच्ची के साथ घर से निकाला, तीसरी बेटी पैदा होने पर शौहर ने दिया तीन तलाक

जब घर वालों को तीसरी बार गर्भवती होने की बात पता चली तो उन लोगों ने लिंग परीक्षण करवाने की कोशिश की, मगर डॉक्टर ने इसके लिए मना कर दिया। इसके बाद...

कहते हैं कि समाज बदल रहा है और अब लोगों की सोच भी बदल रही है, मगर शायद ऐसा नहीं है। इसका उदाहरण समाज में आए दिन देखने को मिलता है। ताजा मामला उत्तराखण्ड के लक्सर का है। यहाँ तीसरी बेटी पैदा होने पर शौहर द्वारा तीन तलाक देकर बीबी को छोड़ने का मामला सामने आया है।

गुलशनजहाँ को तीसरी बेटी होने पर शौहर ने तीन तलाक देकर दूधमुँही बच्ची के साथ घर से निकाल दिया। महिला ने इसकी शिकायत थाने में की, मगर पुलिस ने घटनास्थल देहरादून का बताकर उसे वापस लौटा दिया। पुलिस ने कहा कि घटना देहरादून का है, तो मामला भी वहीं दर्ज होगा। गुलशनजहाँ का निकाह तकरीबन 6 साल पहले देहरादून के पटेल नगर थाना क्षेत्र के मोहल्ला मेहूँवाला के युवक के साथ हुआ था।

निकाह के बाद गुलशनहाँ को एक के बाद एक दो बेटियाँ हुईं, जिसके बाद घर वालों उसके साथ बुरा बर्ताव करने लगे, उसे प्रताड़ित करने लगे। बात-बात पर उसे परेशान किया करते थे और जब घर वालों को उसके तीसरी बार गर्भवती होने की बात पता चली तो उन लोगों ने लिंग परीक्षण करवाने की कोशिश की, मगर डॉक्टर ने इसके लिए मना कर दिया। इसके बाद उन लोगों ने महिला को और भी ज्यादा प्रताड़ित करना शुरू कर दिया।

इसी बीच गुलशनजहाँ को तीसरी बेटी पैदा हुई। तीसरी बार भी बेटी पैदा होने से बौखलाए ससुराल वालों ने उसके साथ मारपीट करनी शुरू कर दी। कई बार उसे गर्म प्रेस (इस्त्री) से भी जलाया गया और फिर 20 जुलाई को उसके शौहर ने तीन तलाक देकर उससे सारे संबंध खत्म करते हुए दूधमुँही बच्ची के साथ घर से निकाल दिया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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