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बंगाल: कोरोना संदिग्ध की मौत के बाद अस्पताल में तोड़फोड़, राशन वितरण में गड़बड़ी पर मुर्शिदाबाद में पथराव

मुर्शिदाबाद के सालार में तय राशन न मिलने नाराज़ लोगों ने प्रदर्शन किया। स्थानीय लोगों का कहना है कि डीलर हलीम शेख आधा राशन ही दे रहा था। नाराज लोगों ने उसके घर पर पथराव और तोड़फोड़ की।

पश्चिम बंगाल के नॉर्थ-24 परगना के कामरहटी में एक कोरोना संक्रमित मरीज की मौत के बाद उसके परिजनों ने अस्पताल में तोड़फोड़ की। लॉकडाउन में सरकार द्वारा तय राशन नहीं मिलने से नाराज लोगों ने मुर्शिदाबाद में राशन डीलर के घर पर तोड़फोड़ की।

कामरहटी में इलाज के दौरान अस्पताल में कोरोना संदिग्ध अख्तर बेगम नाम (56 वर्षीय) की मौत होने के बाद उसके रिश्तेदारों ने सागर दत्ता अस्पताल और मेडिकल कॉलेज में जमकर तोड़फोड़ की। स्वास्थ्यकर्मियों पर हमला भी किया गया। हालात पर अस्पताल में तैनात पुलिसकर्मी नियंत्रण नहीं कर पाए। इसके बाद बेलघोरिया पुलिस स्टेशन से भारी संख्या में पुलिस बल को बुलाकर हालात पर काबू पाया गया। अस्पताल के सूत्रों के अनुसार, रोगी अख्तर बेगम मधुमेह की मरीज थी और अस्पताल आने से पहले ही उनकी स्थिति काफी खराब हो चुकी थी।

सागर दत्ता अस्पताल के अधीक्षक पलाश दास 17 डॉक्टरों के साथ वर्तमान में क्वारंटाइन में हैं, क्योंकि वे दो कोरोनो संक्रमितों के संपर्क में आए थे। आनंद बाजार पत्रिका से फोन पर बात करते हुए दास ने कहा कि इस तरह के हमलों से स्वास्थ्यकर्मियों का मनोबल कम होगा। उन्होंने कहा कि बाकी सभी लोगों की तरह स्वास्थ्यकर्मी भी कोरोनो वायरस को लेकर चिंतित हैं, अपनी जान को जोखिम में डालने के बावजूद अगर उन पर हमला किया जाता है, तो उनके लिए काम करना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों ने मरीज को बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन उसकी हालत बहुत गंभीर होने की वजह से वो उसे बचा नही पाए।

वहीं मुर्शिदाबाद के सालार में तय राशन न मिलने नाराज़ लोगों ने प्रदर्शन किया। स्थानीय लोगों का कहना है कि डीलर हलीम शेख आधा राशन ही दे रहा था। नाराज लोगों ने उसके घर पर पथराव और तोड़फोड़ की। घर से फेंके गए सामान में आग लगा दी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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