दिवाली पर हमले का प्लान हुआ फेल, 26 जनवरी को लाल किले पर करना था ब्लास्ट: फरीदाबाद से गिरफ्तार आतंकी मुजम्मिल का बड़ा खुलासा, 3000 किलो विस्फोटक हुआ था बरामद

दिल्ली के लाल किले के पास एक कार में हुए धमाके की जाँच में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। गिरफ्तार डॉ मुजम्मिल की पूछताछ से पता चला है कि इस आतंकी मॉड्यूल ने 26 जनवरी (गणतंत्र दिवस) पर लाल किले को निशाना बनाने और दीवाली पर भीड़भाड़ वाली जगहों पर हमला करने की बड़ी साजिश रची थी।

इसके अलावा, धमाके वाली i-20 कार चलाने वाला आतंकी डॉ उमर मोहम्मद अपने साथियों की गिरफ्तारी से घबरा गया था। पकड़े जाने के डर से उसने सुनहरी मस्जिद पार्किंग में करीब 3 घंटे तक अपनी कार में रखे विस्फोटक से एक खतरनाक बम बनाने पर दिमाग लगाया था, लेकिन वह सफल नहीं हो पाया। प्रारंभिक जाँच के अनुसार, जल्दबाजी में आईईडी (IED) को गलत तरीके से असेंबल किया गया, जिससे इसका विनाशकारी असर सीमित रहा।

गणतंत्र दिवस और दिवाली थी निशाने पर

गिरफ्तार डॉ मुजम्मिल और मारे गए डॉ उमर मोहम्मद ने जनवरी के पहले हफ्ते में लाल किले की रेकी की थी। उनके फोन डेटा से पता चला कि उनका मुख्य निशाना 26 जनवरी को लाल किला था। इसके अलावा, वे दीवाली के दौरान भी भीड़भाड़ वाले इलाके में हमला करने की योजना बना रहे थे। यह दिखाता है कि साजिश कितनी बड़ी और खतरनाक थी।

तीन घंटे तक बम बनाने का प्रयास

सुरक्षा एजेंसियों की छापेमारी के बाद आतंकी डॉ उमर मोहम्मद घबरा गया था। सूत्रों के मुताबिक, अपने साथियों की गिरफ्तारी के डर से उसने पार्किंग में 3 घंटे तक विस्फोटक से खतरनाक बम बनाने की कोशिश की थी। अगर उसका प्रयास सफल हो जाता, तो दिल्ली में और बड़ी तबाही मच सकती थी। जाँच में यह भी पता चला है कि यह मॉड्यूल जैश-ए-मुहम्मद जैसे आतंकी संगठनों से जुड़ा था, जिसमें कई ‘सफेदपोश’ (डॉक्टर) शामिल थे।