मध्य प्रदेश के उज्जैन में सम्राट विक्रमादित्य यूनिवर्सिटी में परीक्षा के दौरान विवादित सवाल पूछे जाने पर बड़ी कार्रवाई हुई है। यूनिवर्सिटी प्रशासन ने प्रश्नपत्र तैयार करने वाले प्रोफेसर को तुरंत प्रभाव से सभी कार्यों से हटा दिया है और उन्हें ब्लैकलिस्ट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह कड़ा फैसला फाउंडेशन कोर्स के पेपर में धर्म से जुड़े एक आपत्तिजनक सवाल के बाद लिया गया है।
क्या था सवाल और क्या थे विकल्प?
बीकॉम, बीबीए और बीसीए तीसरे वर्ष की परीक्षा में सवाल नंबर 45 पूछा गया था, “अल्लाह के सिवा क्या दूसरा कोई नहीं है?” इस सवाल के जवाब के लिए छात्रों को चार विकल्प दिए गए थे। चार विकल्पों में 1. सोमेश्वर 2. खुदा 3. शक्तिवान 4. दंड देने वाला।
यूनिवर्सिटी की परीक्षा समिति ने अपनी रिपोर्ट में स्पष्ट किया है कि यह विवादित प्रश्न आधिकारिक पाठ्यक्रम (सिलेबस) का हिस्सा नहीं था। प्रोफेसर ने नियमों का उल्लंघन करते हुए इसे अपने स्तर पर जोड़ा था। कुलगुरु अर्पण भारद्वाज ने बताया कि दोषी प्रोफेसर से जवाब माँगा गया है और उन्हें भविष्य के लिए प्रतिबंधित करने हेतु कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
छात्रों को मिलेगा फायदा
विवाद के बाद विश्वविद्यालय ने इस प्रश्न को पेपर से हटा (विलोपित) दिया है। राहत की बात यह है कि इस प्रश्न के बदले परीक्षा देने वाले सभी छात्रों को 1 अंक बोनस के रूप में दिया जाएगा। हिंदू संगठनों और स्थानीय विधायकों के कड़े विरोध के बाद प्रशासन ने यह त्वरित कार्रवाई की है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के गृह नगर का मामला होने के कारण पुलिस और प्रशासन पूरी सतर्कता बरत रहे हैं।

