14 साल बाद मुन्ना अंसारी के चंगुल से छूटी हिंदू युवती, मथुरा से हुई थी किडनैपिंग: जबरन धर्म परिवर्तन कर खिलाया गया गोमांस

उत्तर प्रदेश के मथुरा में वर्ष 2012 से लापता अलीगढ़ की एक हिंदू छात्रा को शुक्रवार (6 मार्च 2026) की रात रेस्क्यू कर पुलिस के पास लाया गया। पीड़िता ने मुन्ना अंसारी नाम के मुस्लिम युवक पर अपहरण, दुष्कर्म, जबरन धर्म परिवर्तन और मानसिक-शारीरिक शोषण जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं।

युवती का दावा है कि आरोपित ने पहले हिंदू नाम बताकर उससे दोस्ती की और बाद में उसे बिहार ले जाकर बंधक बना लिया। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि धर्म परिवर्तन के लिए दबाव डाला गया, नमाज पढ़ने के लिए मजबूर किया गया और विरोध करने पर मारपीट की जाती थी।

उसने यह भी कहा कि उसके भगवान श्रीराम का लॉकेट तोड़ दिया गया और उसे जबरन गोमांस खिलाया गया। रेस्क्यू के बाद पीड़िता को सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता डॉ एपी सिंह और महाराणा प्रताप सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजवर्धन सिंह गोविंद नगर थाने लेकर पहुँचें, जहाँ मामले में शिकायत दी गई है।

2012 में दर्ज हुई थी गुमशुदगी

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पीड़िता अलीगढ़ की रहने वाली है और वर्ष 2012 में मथुरा के कल्याण करोति संस्थान में पढ़ाई कर रही थी। इसी दौरान उसकी मुलाकात मुन्ना अंसारी से हुई, जिसने अपना नाम बदलकर उससे संपर्क बढ़ाया।

पीड़िता का आरोप है कि एक दिन जब वह कॉलेज के लिए जा रही थी, तभी रास्ते से उसका अपहरण कर लिया गया और उसे बिहार के किशनगंज ले जाया गया। इधर, बेटी के लापता होने के बाद परिजनों ने मथुरा के गोविंद नगर थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी।

नशीले पदार्थ देकर शोषण का आरोप

पीड़िता के मुताबिक, आरोपित ने उसे लंबे समय तक बंधक बनाकर रखा और नशीले पदार्थ देकर कई बार दुष्कर्म किया। उसने आरोप लगाया कि नमाज न पढ़ने पर उसके साथ मारपीट की जाती थी और जबरन धर्म परिवर्तन कराया गया।

युवती का यह भी कहना है कि आरोपित ने उसके आधार कार्ड का इस्तेमाल कर धोखाधड़ी से लोन लिया और उसे नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार में धकेलने की कोशिश की। विरोध करने पर उसे जान से मारने की धमकी दी जाती थी।

सोशल मीडिया के जरिए माँगी मदद, हुआ रेस्क्यू

किसी तरह पीड़िता ने फेसबुक मैसेंजर के जरिए महाराणा प्रताप सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजवर्धन सिंह और सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता डॉ एपी सिंह से संपर्क किया। इसके बाद संगठन ने करीब एक महीने तक प्रयास कर युवती को मुक्त कराया। रेस्क्यू के बाद पीड़िता को मथुरा के गोविंद नगर थाने लाया गया, जहाँ आरोपित के खिलाफ प्रार्थना पत्र दिया गया है।

पीड़िता ने कहा कि उसे 14 साल की कैद से आजादी मिली है और अब वह न्याय चाहती है। फिलहाल पुलिस मामले की जाँच कर रही है और आरोपों के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही गई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पीड़िता ने गंगाजल पीकर घर वापसी भी कर ली है।