स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास से गुजर रहे कमर्शियल जहाज पर अमेरिका के हमले में भारत के दो नाविकों की मौत हो गई और एक चीफ इंजीनियर लापता है। यह जानकारी गुरुवार (11 जून 2026) को फॉरवर्ड सीमेन्स यूनियन ऑफ इंडिया (FSUI) ने दी।
ANI से बात करते हुए FSUI के जनरल सेक्रेटरी मनोज यादव ने कहा कि हमले के बाद जहाज से संपर्क बुरी तरह बाधित हो गया है और वे जानकारी की पुष्टि कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “हम जहाज से संपर्क नहीं कर पाए हैं। मेरे पास मौजूद ताज़ा जानकारी के अनुसार, दो लोगों की मौत हो गई है, जबकि चीफ़ इंजीनियर अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।”
#WATCH | Mumbai, Maharashtra: On attack on India-bound ship at the Strait of Hormuz, General Secretary, Forward Seamen's Union of India (FSUI), Manoj Yadav says, "… We are expecting more detailed information by today afternoon. As of now, what I have understood from the… pic.twitter.com/J9yCmByJEO
— ANI (@ANI) June 11, 2026
उन्होंने अतिरिक्त जानकारी देते हुए बताया कि तीनों नाविक अलग-अलग प्रदेश से ताल्लुक रखते हैं। इनमें एक हिमाचल प्रदेश, दूसरा उत्तर प्रदेश के देवरिया और तीसरा नाविक आंध्र प्रदेश का रहने वाला है। यादव ने आरोप लगाया कि अमेरिकी नौसेना को जहाजों में सवार लोगों की नेशनलिटी के बारे में पता था और उन्हें मारने की बजाए वह उन्हें हिरासत में भी ले सकते थे लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया।
यह वही घटना है, जब ओमान के तट के पास 24 भारतीय नाविकों से सवार पलाऊ झंडे वाले कमर्शियल जहाज पर अमेरिकी नौसेना ने हमला किया था। इस जहाज के तेल टैंकर में मिसाइल जाकर लगी जिससे इंजन रूम में आग लग गई। इस घटना में 21 क्रू को रेस्क्यू कर लिया गया था और 3 लापता बताए जा रहे हैं। इस हमले के बाद भारत ने अमेरिका के राजनयिक को तलब किया था।

