कर्नाटक के बाद अब आंध्र प्रदेश: TDP के 18 विधायक और 30 MLC बीजेपी में हो सकते हैं शामिल

पिछले दिनों देवधर ने कहा था कि कैश-फॉर-वोट घोटाले से लेकर विभिन्न विवादास्पद सरकारी अनुबंधों की वजह से टीडीपी सरकार गले तक भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। यही वजह है कि अधिकांश विधायक, यहाँ तक कि उनके करीबी सहयोगी भी पार्टी को छोड़ रहे हैं।

केंद्र में दोबारा सरकार गठन के बाद जहाँ देश भर में बीजेपी नेताओं के हौसले बुलंद हैं, वहीं क्षेत्रीय पार्टियों की हालत दिन-ब-दिन खराब होती जा रही है। कर्नाटक में कॉन्ग्रेस-जेडीएस गठबंधन में जारी उथल-पुथल जहाँ अब खुलकर सामने आ गई है, वहीं आंध्र प्रदेश में तेलगु देशम पार्टी (टीडीपी) की हालत भी कुछ ऐसी ही है, जहाँ पार्टी के विधायक और नेताओं में हलचल मची हुई है। इस बीच बीजेपी ने दावा किया है कि टीडीपी के 18 विधायक और 30 एमएलसी पार्टी के साथ संपर्क में है। आंध्र प्रदेश की सत्ता हाथ से निकलने के बाद अब चंद्रबाबू नायडू की पार्टी टीडीपी पर भी संकट के बादल छाए हुए हैं।

आंध्र प्रदेश के भाजपा प्रभारी सुनील देवधर ने दावा किया है कि टीडीपी के 18 विधायक और 30 एमएलसी उनके संपर्क में हैं और वो जल्द बीजेपी में शामिल हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि टीडीपी अब एक ऐसी पार्टी है, जिसका कोई भविष्य नहीं है, क्योंकि नायडू का भ्रष्टाचार सामने आ चुका है। अगले 2 साल में नायडू जेल जाएँगे। देवधर के इस दावे ने राज्य की राजनीति में खलबली मचा दी है।

पिछले दिनों देवधर ने कहा था कि कैश-फॉर-वोट घोटाले से लेकर विभिन्न विवादास्पद सरकारी अनुबंधों की वजह से टीडीपी सरकार गले तक भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। यही वजह है कि अधिकांश विधायक, यहाँ तक कि उनके करीबी सहयोगी भी पार्टी को छोड़ रहे हैं। राज्यसभा के 4 सांसद पहले ही भाजपा में शामिल हो चुके हैं और अब अन्य नेता पार्टी से जुड़ने के लिए संपर्क कर रहे हैं।

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

गौरतलब है कि पार्टी के चार राज्यसभा सांसद हाल ही में बीजेपी में शामिल हुए थे। टीडीपी के कुल 6 राज्यसभा सांसद थे, जो अब 2 रह गए हैं। टीडीपी के एम रमेश, टीजी वेंटकेश, जी मोहन राव और वाईएस चौधरी पिछले महीने बीजेपी में शामिल हुए थे। जिससे चंद्रबाबू नायडू को तगड़ा झटका लगा था। जिस समय ये दल-बदल हुआ था, उस समय नायडू अपने परिवार के साथ विदेश में छुट्टियाँ मना रहे थे। बता दें कि, राज्य में हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव में वाईएसआर कॉन्ग्रेस को प्रचंड बहुमत हासिल हुई है, जिसके बाद जगन मोहन रेड्डी सीएम का पदभार संभाल रहे हैं। वाईएसआर कॉन्ग्रेस ने 175 विधानसभा सीटों में से 151 सीटों पर जीत हासिल की, जबकि एन चंद्रबाबू नायडू की टीडीपी 102 से 23 सीटों पर सिमटकर रह गई थी।

शेयर करें, मदद करें:
Support OpIndia by paying for content

यू-ट्यूब से

बड़ी ख़बर

दो बीएसएनएल कर्मचारियों के निलंबन के बाद यह सवाल फिर से उठने लगा है कि पाकिस्तान परस्त अलगाववादियों का नेक्सस कितना बड़ा है और इसमें किस-किस स्तर के लोग शामिल हैं? रणनीतिक मामलों के जानकार दिव्य कुमार सोती ने निलंबित कर्मचारियों के 'इस्लामिक लिंक' की जाँच कराने की माँग की है।

ज़्यादा पढ़ी गईं ख़बरें

अमानुल्लाह जेहरी

PAk से आज़ादी माँग रहे बलूचिस्तान में बीएनपी नेता और उनके 14 साल के पोते को गोलियों से छलनी किया

पाकिस्तान को अपने स्वतन्त्रता दिवस (14 अगस्त) के दिन तब शर्मिंदगी का सामना करना पड़ा जब ट्विटर पर बलूचिस्तान के समर्थन में BalochistanSolidarityDay और 14thAugustBlackDay हैशटैग ट्रेंड करने लगा था। इन ट्रेंडों पर तकरीबन क्रमशः 100,000 और 54,000 ट्वीट्स हुए।

राजस्थान: मुसलमानों के हाथों मारे गए हरीश जाटव के नेत्रहीन पिता के शव के साथ सड़क पर उतरे लोग, पुलिस से झड़प

हरीश जाटव की बाइक से एक मुस्लिम महिला को टक्कर लग गई थी। इसके बाद मुस्लिम महिला के परिजनों ने उसकी जमकर पिटाई की। पीड़ित परिवार का आरोप है कि पुलिस मॉब लिंचिंग के मामले को एक्सीडेंट साबित करने पर तुली हुई है।
चापेकर बंधु

जिसके पिता ने लिखी सत्यनारायण कथा, उसके 3 बेटों ने ‘इज्जत लूटने वाले’ अंग्रेज को मारा और चढ़ गए फाँसी पर

अंग्रेज सिपाही प्लेग नियंत्रण के नाम पर औरतों-मर्दों को नंगा करके जाँचते थे। चापेकर बंधुओं ने इसका आदेश देने वाले अफसर वॉल्टर चार्ल्स रैंड का वध करने की ठानी। प्लान के मुताबिक जैसे ही वो आया, दामोदर ने चिल्लाकर अपने भाइयों से कहा "गुंडया आला रे" और...
गुटखा

सिपाही ने गुटखा खाया लेकिन पैसे नहीं दिए, दुकानदार ने जब 5 रुपए माँगे… तो इतना मारा कि मर गया

उत्तर प्रदेश पुलिस के एक सिपाही ने राहुल की चाय की दुकान से गुटखा लिया। लेकिन उसके पैसे दुकानदार को नहीं दिए। जब राहुल ने गुटखे के पैसे माँगे तो इस पर सिपाही को काफ़ी गुस्सा आ गया। उसने उसे वहीं बड़ी बेरहमी से पीटा और फिर अधमरी हालत में थाने ले जाकर...
शाजिया इल्मी

भारत विरोधी नारे लगा रहे लोगों से सियोल में अकेले भिड़ गईं BJP नेता शाजिया इल्मी

शाजिया इल्मी को भारत विरोधी नारों से आपत्ति हुई तो वह प्रदर्शनकारियों के बीच पहुँच गईं और उन्हें समझाने की कोशिश की। जब प्रदर्शनकारी नहीं माने, तो वे भी इंडिया जिंदाबाद के नारे लगाने लगीं।
कविता कृष्णन

कविता कृष्णन का ईमेल लीक: देश विरोधी एजेंडे के लिए न्यायपालिका, सेना, कला..के लोगों को Recruit करने की योजना

वामपंथियों की जड़ें कितनी गहरी हैं, स्क्रीनशॉट्स में इसकी भी नज़ीर है। कविता कृष्णन पूर्व-सैन्यकर्मी कपिल काक के बारे में बात करतीं नज़र आतीं हैं। वायुसेना के पूर्व उप-प्रमुख यह वामपंथी प्रोपेगंडा फैलाते नज़र आते हैं कि कैसे भारत ने कश्मीर की आशाओं पर खरा उतरने में असफलता पाई है, न कि कश्मीर ने भारत की
कश्मीर

कश्मीरी औरतें (हिंदू-मुसलमान दोनों) जो हवस और जहन्नुम झेलने को मजबूर हैं

दहशतगर्दी के शुरुआती दिनों में आतंकियों को हीरो समझा जाता था। उन्हें मुजाहिद कहकर सम्मान भी दिया जाता था। लोग अपनी बेटियों की शादी इनसे करवाते थे लेकिन जल्दी ही कश्मीरियों को यह एहसास हुआ कि आज़ादी की बंदूक थामे ये लड़ाके असल में जिस्म को नोचने वाले भेड़िये हैं।
कपिल काक

370 पर सरकार के फैसले के खिलाफ SC पहुॅंचे पूर्व एयर वाइस मार्शल कपिल काक, कविता कृष्णन के लीक ईमेल में था नाम

वामपंथी एक्टिविस्ट कविता कृष्णन ने सोशल मीडिया में वायरल हुए अपने लीक ईमेल में भी कपिल काक, जस्टिस शाह के बारे में बात की है। लीक मेल में जम्मू-कश्मीर को अनुच्छेद 370 से मिला विशेष दर्जा हटने के विरोध की रणनीति का ब्यौरा मौजूद है।
अब्दुल सईद गिरफ़्तार

DCP विक्रम कपूर आत्महत्या: ब्लैकमेल करने वाला इंस्पेक्टर अब्दुल सईद गिरफ़्तार, महिला मित्र के लिए…

इंस्पेक्टर अब्दुल सईद का भांजा मुजेसर थाने में एक मामले में नामजद था, उसे वो बाहर निकलवाना चाहता था। उसकी महिला मित्र का उसके ससुर के साथ प्रॉपर्टी को लेकर एक विवाद था, इस मामले में भी इंस्पेक्टर अब्दुल ने डीसीपी विक्रम कपूर पर...
'द वायर', बेगूसराय महादलित

‘मुस्लिम गुंडे नहाते समय मेरी माँ को घूरते’ – पीड़ित से The Wire के पत्रकार ने पूछा – तुम्हें बजरंग दल ने सिखाया?

द वायर' का पत्रकार यह जानना चाहता था कि क्या पीड़ित ने बजरंग दल के कहने पर पुलिस में मामला दर्ज कराया है? हालाँकि, पीड़ित ने पत्रकार द्वारा बार-बार बात घुमाने के बाद भी अपने बयान पर कायम रहते हुए बताया कि पुलिस को उसने जो बयान दिया है, वह उसका ख़ुद का है।

ताज़ा ख़बरें

हमसे जुड़ें

82,125फैंसलाइक करें
11,546फॉलोवर्सफॉलो करें
89,313सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

ज़रूर पढ़ें

शेयर करें, मदद करें: