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AAP विधायक प्रकाश जारवाल सहयोगी सहित गिरफ्तार: डॉक्टर ने सुसाइड नोट में प्रताड़ना का लगाया था आरोप

दिल्ली के देवली से विधायक प्रकाश जारवाल और कपिल नागर को दिल्ली पुलिस ने साकेत से गिरफ्तार किया है। दरअसल इन दोनों पर एक डॉक्‍टर को आत्‍महत्‍या के लिए उकसाने का आरोप है। गिरफ्तारी के बाद से दिल्ली पुलिस दोनों से मामले की पूछताछ कर रही है।

डॉक्टर को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में फरार चल रहे आम आदमी पार्टी के देवली विधानसभा क्षेत्र से विधायक प्रकाश जारवाल को दिल्‍ली पुलिस ने शनिवार की शाम को गिरफ्तार कर लिया। इससे पहले दिल्ली की एक कोर्ट ने विधायक के खिलाफ में गैर जमानती वारंट जारी किया था।

डीसीपी साउथ अतुल कुमार ठाकुर ने जानकारी देते हुए बताया कि दिल्ली के देवली से विधायक प्रकाश जारवाल और कपिल नागर को दिल्ली पुलिस ने साकेत से गिरफ्तार किया है। दरअसल इन दोनों पर एक डॉक्‍टर को आत्‍महत्‍या के लिए उकसाने का आरोप है। गिरफ्तारी के बाद से दिल्ली पुलिस दोनों से मामले की पूछताछ कर रही है।

दिल्ली पुलिस के मुताबिक एसीपी सुधांशु धामा, विजय चंदेल व नेब सराय के एसएचओ नरेश सोलंकी सहित करीब 15 पुलिसकर्मियों की एक टीम ने शुक्रवार(8 मई, 2020) दोपहर विधायक के तिगड़ी स्थित आवास पर छापेमारी की गई थी। वहीं गोविंदपुरी, रोहिणी के इलाकों में भी दबिश दी गई। इस दौरान विधायक के घर पर मिले सहायकों और अन्य लोगों से भी मामले की पूछताछ की गई थी।

दूसरी ओर विधायक ने अग्रिम जमानत के लिए राउज एवेन्यू कोर्ट में अग्रिम जमानत की यह याचिका दायर की थी। इस मामले पर कोर्ट मंगलवार को सुनवाई करेगा।

डॉक्टर का सुसाइड नोट

आपको बता दे कि पिछले महीने 18 अप्रैल को दिल्ली के नेब सराय इलाके में 52 वर्षीय डॉक्टर राजेन्द्र सिंह ने फाँसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। मृतक के पास से एक 2 पेज का सुसाइड नोट मिला था जिसमें उन्होंने आत्महत्या के लिए इलाके के विधायक प्रकाश जरवाल और उनके सहयोगी कपिल को जिम्मेदार ठहराया था।

इसके अतिरिक्त पुलिस ने एक डायरी भी बरामद की थी, जिसमें लिखा था, “मेरा इस इलाके में एक क्लीनिक है और मेरे कुछ वाटर टैंकर दिल्ली जल बोर्ड में किराए से चलते थे, लेकिन एमएलए प्रकाश जरवाल और उसका सहयोगी कपिल नागर मुझसे हर टैंकर के हिसाब से पैसे माँगने लगे। कुछ पैसे दिए भी गए लेकिन बाद में मेरे सभी टैंकर प्रकाश जरवाल ने दिल्ली जल बोर्ड से हटवा दिया।”

सुसाइड नोट में लिखा था, “टैंकरों को दिल्ली जल बोर्ड से हटवाने के बाद जब उन्हें ओखला के दिल्ली जल बोर्ड के लगवाया गया तो टैंकरों को वहाँ से भी प्रकाश जरवाल द्वारा हटवा दिया गया।” नोट के अनुसार प्रकाश जरवाल और उसके सहयोगी से उन्हें जान से मारने की धमकी भी मिल रही थी और धमकियों के कारण उनका जीना मुश्किल हो गया था।

इसके बाद दिल्ला पुलिस ने सुसाइड नोट के आधार पर आप विधायक प्रकाश जारवाल, कपिल नगर और अन्य के खिलाफ जबरन वसूली और आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज किया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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