Homeराजनीति'हिंदू आतंकवाद' वाले बयान पर कमल हासन के खिलाफ FIR दर्ज

‘हिंदू आतंकवाद’ वाले बयान पर कमल हासन के खिलाफ FIR दर्ज

कमल के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 153(ए) और 295(ए) के तहत शिकायत दर्ज कराई गई है। उन पर आतंकवाद को हिंदू धर्म के साथ जोड़कर हिंदुओं की धार्मिक भावना को ठेस पहुँचाने का आरोप है।

अभिनेता से राजनेता बने कमल हासन पर ‘हिंदू आतंकवादी’ वाले बयान के बाद दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट में आपराधिक शिकायत दर्ज की गई है। कमल के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 153(ए) और 295(ए) के तहत शिकायत दर्ज कराई गई है। उन पर आतंकवाद को हिंदू धर्म के साथ जोड़कर हिंदुओं की धार्मिक भावना को ठेस पहुँचाने का आरोप है।

कमल हासन के खिलाफ यह शिकायत हिंदू सेना के विष्णु गुप्ता ने दर्ज कराया है। जिनका आरोप है कि इस बयान से हिंदुओं की भावनाएँ आहत हुई हैं। गुप्ता का आरोप है कि इस बयान के जरिए दो समुदायों के बीच द्वेष फैलाने की भी कोशिश की गई है। इस मामले की सुनवाई 16 मई को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट में होगी। इसके अलावा कमल हासन के खिलाफ वरिष्ठ अधिवक्ता और बीजेपी नेता अश्विनी उपाध्याय ने दिल्ली हाईकोर्ट में भी शिकायत दर्ज कराई गई है। जिसमें इस मामले में चुनाव आयोग से दखल देने की गुजारिश की गई है। इस मामले में कल (मई 15, 2019) सुनवाई हो सकती है।

गौरतलब है कि, कमल हासन ने रविवार (मई 12, 2019) को तमिलनाडु के अरावकुरिचि में अपनी पार्टी मक्कल निधि मय्यम के उम्मीदवार के लिए चुनाव प्रचार के दौरान कहा कि स्वतंत्र भारत का पहला आतंकवादी एक हिंदू था और उसका नाम नाथूराम गोडसे था। उन्होंने कहा कि वो इसलिए ये नहीं कह रहे हैं, क्योंकि ये मुस्लिम बहुल इलाका है, बल्कि वो ऐसा इसलिए कह रहे हैं, क्योंकि महात्मा गाँधी की प्रतिमा सामने है। हासन के इस बयान पर जमकर हंगामा हुआ।

इस बयान के बाद कमल हासन के इस बयान की भाजपा, एआईएडीएमके, संघ और हिंदू महासभा ने कड़ी निंदा की। और अब हिंदू आतंकवादी के बयान पर घिरे कमल हसन की सभी चुनावी रैलियाँ रद्द हो गई हैं। वहींं, तमिलनाडु सरकार के मंत्री केटी राजेंद्र बालाजी ने कमल हासन के इस बयान पर कड़ा एतराज जताते हुए उनकी जीभ काटने की बात कही। उन्होंने कहा कि किसी एक के किए गलत काम के लिए पूरी कौम को इस तरह से सवालों के घेरे में नहीं लाया जा सकता है। उनका कहना है कि कमल ने अल्पसंख्यकों का वोट हासिल करने के लिए ये बयान दिया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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