Monday, July 26, 2021
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NRC, बैंकिंग-सिस्टम से लेकर सावरकर तक… मनमोहन ने सच बोलकर कॉन्ग्रेस का कर दिया छीछालेदर

मनमोहन सिंह ने कहा, " कॉन्ग्रेस पार्टी ने इंदिरा गाँधी के समय में वीर सावरकर पर पोस्टल स्टैंप जारी किया था। उन्होंने ये भी कहा कि वे NRC के ख़िलाफ नहीं हैं। उन्होंने माना कि उनके कार्यकाल में बैंकिग सिस्टम में गलतियाँ हुईं।"

विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही राजनैतिक गलियारों में बयानबाजी की बयार तेज हो गई है। अभी तक जहाँ एनआरसी लागू करने से लेकर सावरकर को भारत रत्न दिए जाने की बात का कॉन्ग्रेस खुलकर विरोध कर रही थी, वहीं उसी पार्टी के दिग्गज नेता और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने एक आयोजन में 3 बार पार्टी लीक से हटकर बिलकुल अलग बयान दे डाले।

उन्होंने बताया कि पार्टी ने इंदिरा गाँधी के समय में वीर सावरकर पर पोस्टल स्टैंप जारी किया था। उन्होंने ये भी कहा कि वे NRC के ख़िलाफ नहीं हैं। उन्होंने माना कि उनके कार्यकाल में बैंकिग सिस्टम में गलतियाँ हुईं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने मुंबई में आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए अर्थव्यवस्था के मुद्दे पर मोदी और राज्य की फडणवीस सरकार को फेल करार दिया। लेकिन इस बीच कई मौक़े आए जब उनकी बातों में विरोधाभास दिखा।

दरअसल, इस दौरान एनआरसी पर अपनी राय रखते हुए बताया कि वे NRC के ख़िलाफ़ नहीं हैं। लेकिन उनका ये भी मानना है कि कानून मुस्लिमों के साथ भेदभाव करता है। इसलिए एनआरसी के संदर्भ में मानवता का पक्ष नहीं भूलना चाहिए।

इसके बाद उन्होंने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा कॉन्ग्रेस कार्यकाल में बैंकिंग सिस्टम हुई गड़बड़ी पर लगाए आरोपों को स्वीकारा। उन्होंने मान लिया कि कॉन्ग्रेस के कार्यकाल में गलती हुई। उन्होंने कहा कि कॉन्ग्रेस के राज में जो हुआ, वह कमजोरियाँ थीं। लेकिन वर्तमान सरकार को हमारी कमजोरियों से सीखकर अर्थव्यवस्था की समस्याओं से निबटना चाहिए।

कॉन्ग्रेस के दिग्गज नेता मनमोहन सिंह ने मुंबई में आयोजित कार्यक्रम में सावरकर को भारत रत्न देने की माँग उठाने पर अपनी राय रखी। उन्होंने बताया कॉन्ग्रेस सरकार ने सावरकर पर इंदिरा गाँधी के समय पोस्टल स्टैंप जारी किया था। हालाँकि, उन्होंने ये भी साफ किया कि इसके बावजूद वो हिन्दुत्व की उस विचारधारा का समर्थन नहीं करते, जिसके पक्षधर वीर सावरकर थे।

यहाँ वीर सावरकर को भारत रत्न दिलाने की माँग उठने पर बता दें जहाँ कॉन्ग्रेस के प्रवक्ता उन्हें गाँधी जी की मौत के लिए जिम्मेदार बता रहे हैं, वहीं उनकी पार्टी को एक नए आयाम देने वाली इंदिरा गाँधी साल 1980 में उनकी तारीफ कर चुकी हैं।

इस संबंध में कॉन्ग्रेस की पूर्व और शिवसेना की वर्तमान प्रवक्ता प्रियंका चतुर्वेदी इंदिरा गाँधी का एक लेटर ट्वीट कर चुकी हैं। इसमें तात्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गाँधी के हस्ताक्षर भी दिख रहे हैं। जिसके में वीर सावरकर की जमकर तारीफ कर रही हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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