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जो कल अर्थव्यवस्था को वापस पटरी पर लाएँगे, सरकार ने आज उनका ख्याल रखा है: निर्मला सीतारमण

सीतारमण ने बताया कि सरकार का ध्यान किसी एक सेक्टर पर नहीं है बल्कि सभी सेक्टरों पर बराबर ध्यान दे रही है। उन्होंने कहा कि सरकार का ध्यान इस पर है कि गरीबों तक ये चीजें पहुँच रही है या नहीं। उन्होंने देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा मे जोर दिया।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने फेसबुक के माध्यम से जनता को मोदी सरकार द्वारा लिए गए क़दमों के बारे में बताया। सीतारमण ने कहा कि कोरोना लॉकडाउन के बीच सरकार ने महिलाओं का सबसे ज्यादा ध्यान रखा है और ये सुनिश्चित किया कि उन्हें कुकिंग गैस की कमी न हो। साथ ही बुजुर्गों को भी डायरेक्ट ट्रांसफर के माध्यम से सहायता पहुँचाई गई। भाजपा नेता नलिन कोहली ने इस दौरान सीतारमण से सवाल पूछे।

सीतारमण ने बताया कि सरकार का ध्यान किसी एक सेक्टर पर नहीं है बल्कि सभी सेक्टरों पर बराबर ध्यान दे रही है। उन्होंने कहा कि सरकार का ध्यान इस पर है कि गरीबों तक ये चीजें पहुँच रही है या नहीं। उन्होंने देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा मे जोर दिया। उन्होंने कहा कि अब देश को अब ऐसा बनाना पड़ेगा, जिससे यहाँ अधिक से अधिक उत्पादन हो और बाहर भी चीजें भेजी जा सकें।

सीतारमन ने कहा कि इस आर्थिक पैकेज को कुछ इस तरह से डिजाइन किया गया है कि इससे उनलोगों को तुरंत मदद मिले, जो अर्थव्यवस्था को फिर से पटरी पर लाने मे अहम भूमिका निभाएँगे। उनके लिए सरकार ने आडिटीऑनल कैपिटल कि व्यवस्था कि है। उन्होंने कहा कि उद्योग जगत को पहले ही भरोसा दे दिया गया था कि सरकार आर्थिक व्यवस्था मे जान फूँकने के लिए मदद करने को तैयार है।

लिक्विडिटी के लिए रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया द्वारा कीए जा रहे प्रयासों को भी सीतारमन ने सराहा और कहा कि तुरंत मदद की दिशा मे सकारात्मक प्रयास किये जा रहे हैं।

निर्मला सीतारमण ने कहा कि भारत को तकनीकी व्यवस्था का बहुत लाभ मिला है। तकनीक के कारण ही डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से करोड़ों लोगों को तुरंत राहत पहुँचाई गई। लॉकडाउन के तुरंत बाद पीएम गरीब कल्याण पैकेज की घोषणा की गई। वित्त मंत्री ने बताया कि सरकार का लक्ष्य था कि देश का कोई गरीब भूखा ना रहे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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