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‘जान से मारने की धमकी, घर पर आ रहे लोग’: नीतीश के पूर्व कानून मंत्री पर बिल्डर की पत्नी का आरोप, बताया – डर से बच्चे नहीं जा पा रहे स्कूल

उन्होंने बताया, "मेरे बच्चे स्कूल नहीं जा रहे हैं, मैं बाहर नहीं जा रही हूं। मुझे नीतीश जी से बहुत उम्मीदें हैं। मैं उनसे सही लोगों का समर्थन करने और कार्तिकेय सिंह के खिलाफ कार्रवाई करने का अनुरोध करती हूँ।"

नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव की जब से गठबंधन वाली सरकार बिहार में बनी है, तब से उनके मंत्रियों पर अलग-अलग आरोपों की खबरें भी सामने आ रही हैं। इसी क्रम में कानून मंत्री बने कार्तिकेय सिंह को तो अपने मंत्री पद से इस्तीफा तक देना पड़ गया, लेकिन उनके ऊपर चल रहा अपहरण का केस अब तूल पकड़ता नजर आ रहा है। वहीं कार्तिकेय सिंह इस समय अंडरग्राउंड बताए जा रहे हैं।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पूर्व कानून मंत्री कार्तिकेय सिंह पर अब पटना के एक बिल्‍डर राजू सिंह के अपहरण (Builder Raju Singh Abduction Case) का आरोप तो था ही, अब उन पर उन्हें जान से मार डालने की धमकी दिलवाने का आरोप भी लगा है। वहीं उन पर ये आरोप किसी ओर ने नहीं, बल्कि बिल्डर राजू सिंह की पत्नी दिव्या सिंह ने लगाए हैं। उन्होंने ने तो इस मामले में पटना हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को एक पत्र भी लिखा है।

क्या बोलीं बिल्डर की पत्नी दिव्या सिंह

‘एबीपी न्यूज’ से से बातचीत करते हुए दिव्या सिंह ने बताया कि 20 अगस्त को कुछ लोग गाड़ियों के साथ पटना की बेउर जेल (जहाँ राजू सिंह बंद हैं) पहुँचे और उनके पति राजू सिंह को बुला कर समझौता करने का दबाव बनाया गया। दिव्या सिंह ने बताया कि उनके घर पर भी बहुत सारे लोग आ रहे हैं।

दिव्या ने आगे कहा कि उनके घर पर खुद को कार्तिकेय सिंह का आदमी बताने वाले लोग आ रहे हैं और कह रहे हैं कि समझौता कर लो, वरना दिक्कत हो जाएगी। दिव्या ने बताया कि इस मामले में उन्होंने SSP को पत्र भी लिखा और उनसे खुद मुलाकात भी की। वहीं उनसे सुरक्षा की माँग भी की, लेकिन अभी तक दिव्या सिंह तथा उनके परिवार को सुरक्षा नहीं दी गई है।

दिव्या सिंह बताया कि इसकी शुरुआत वर्ष 2014 से हुई थीं, उनके पति बिल्डर राजू सिंह का अपहरण किया गया और उनको मारने की भी कोशिश की गई। दिव्या ने आरोप लगाया कि कार्तिकेय सिंह का केस जानने के बाद भी, उन पर अपहरण का इतना बड़ा मामला होने के बाद भी, वो चुनाव लड़ते हैं और कानून मंत्री बनते हैं। दिव्या के मुताबिक, जब सरकार में ही आपराधिक किस्म के इंसान मौजूद रहेंगे तो आम जनता कैसे सुरक्षित रहेगी?

जब दिव्या सिंह से यह पूछा गया कि नीतीश कुमार को सुशासन बाबू के नाम से जाना जाता है, कानून के राज का दावा करने की बातें की जाती रहीं, क्या आपको लगता है कि ऐसा कुछ है? इसके जवाब में सिंह ने कहा कि अभी तक उन्हें ऐसा कुछ नहीं लगता, क्योंकि उन्होंने सुरक्षा की माँग की, लेकिन अभी तक उन्हें सुरक्षा नहीं मिली है। दिव्या ने कहा कि अगर कानून मंत्री ही अपराधी हो, तो कैसा सुरक्षा मिलेगी और कैसी सरकार चलेगी।

गौरतलब है कि दिव्या सिंह ने पटना हाई कोर्ट के जज को भेजे गए पत्र में लिखा, “मेरे पति से मिलने आए लोगों और उनके सीसीटीवी फुटेज का ब्यौरा निकाला जाए। मुझे कोर्ट पर पूरा भरोसा है।” दिव्या के अनुसार, कभी भी कुछ भी हो सकता है। उन्होंने बताया, “मेरे बच्चे स्कूल नहीं जा रहे हैं, मैं बाहर नहीं जा रही हूँ। मुझे नीतीश जी से बहुत उम्मीदें हैं। मैं उनसे सही लोगों का समर्थन करने और कार्तिकेय सिंह के खिलाफ कार्रवाई करने का अनुरोध करती हूँ।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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