Sunday, May 26, 2024
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जुमे की नमाज के लिए बंद हो जाती है बिहार विधानसभा… इस बार नहीं हुई तो हो गया हंगामा… ओवैसी के MLA के साथ खड़ी हुई कॉन्ग्रेस-कम्युनिस्ट-RJD

AIMIM के विधायक अखतरुल और भाकपा माले के विधायक महबूब सदन को 12:30 बजे के बाद स्थगित करने की माँग को लेकर अड़े रहे। उनकी इस माँग का कॉन्ग्रेस और RJD ने भी समर्थन किया।

बिहार विधानसभा (Bihar Assembly) में शुक्रवार (11 मार्च) को विधानसभा अध्यक्ष द्वारा नमाज़ के लिए सदन बंद न करने पर हंगामा हो गया। यह हंगामा AIMIM के विधायक अख्तरुल ईमान और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा माले) के महबूब आलम ने शुरू किया। दोनों विधायक जुमे के दिन विधानसभा दोपहर 12.30 तक ही चलाने की माँग पर अड़े थे। उनकी इस माँग का कॉन्ग्रेस और RJD ने भी समर्थन किया।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, शुक्रवार को बजट सत्र का 10वाँ दिन था। दोपहर के समय प्रश्नकाल चल रहा था। इस दौरान स्पीकर विजय कुमार सिन्हा ने जुमे की नमाज के लिए सदन की कार्रवाई नहीं रोकी। इस बात पर नाराज होकर बलरामपुर विधानसभा से कम्युनिस्ट पार्टी के विधायक महबूब आलम और अमौर से AIMIM के विधायक अखरुल ईमान ने आपत्ति जताई। दोनों ने जुमे (शुक्रवार) को सदन 12.30 पर बंद कर देना पुरानी परंपरा बताई।

इन दोनों की माँग को कॉन्ग्रेस विधायक विजय शंकर दुबे और राजद विधायक ललित यादव ने भी समर्थन दिया। उन्होंने भी 12.30 बजे सदन बंद करने को कहा। इस हंगामे के बीच स्पीकर ने समय कम होने के चलते सदन की कार्रवाई रोकने में असमर्थता जताई। उन्होंने ये भी कहा कि जिसे नमाज़ पढ़ना हो वो सदन से बाहर जाकर पढ़ सकता है। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा, “परम्परा और नियम समय के अनुसार बदलती है। जिन विधायकों को जुमे की नमाज़ पढ़नी है, उनको पहले ही बोलने का मौका दे दिया गया है।” हालाँकि, उनके तमाम प्रयासों के बाद भी विपक्ष लगातार हंगामा करता रहा।

इस दौरान भाजपा विधायक प्रदीप कुमार गौशाला की जमीन पर माफियाओं के कब्ज़े का मुद्दा उठाया। लेकिन, कम्युनिस्ट पार्टी के विधायक महबूब आलम ने राजनीति और सदन की कार्रवाई एक साथ न चलने की बात कहते हुए हंगामा जारी रखा। उनके साथ इस हंगामे में अख्तरुल ईमान भी शामिल रहे। आखिरकार स्पीकर ने सदन की कार्रवाई सोमवार (14 मार्च) तक के लिए स्थगित कर दी। बाद में बिहार विधानमंडल के बजट सत्र के कार्यक्रम में भी बदलाव करते हुए 21 मार्च को होने वाली कार्यवाही 26 मार्च को आयोजित करने का फैसला कार्यमंत्रणा समिति की बैठक के बाद लिया गया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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