Homeराजनीतिबीवी को गोली मारने या जलाने से बेहतर तीन तलाक: सपा सांसद एसटी हसन

बीवी को गोली मारने या जलाने से बेहतर तीन तलाक: सपा सांसद एसटी हसन

उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद हसन इससे पहले हीरोइनों को 'तवायफ' बताने को लेकर चर्चा में रह चुके हैं। ट्रिपल तलाक पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद से तीन तलाक के 345 मामले सामने आ चुके हैं।

लोकसभा में गुरुवार को तीन तलाक पर रोक से जुड़े बिल पर जारी चर्चा के बीच सपा सांसद एसटी हसन ने एक अनर्गल बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि बीवी को गोली मारने या जला कर मार डालने से बेहतर है कि उसे तीन तलाक दे दिया जाए। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद हसन इससे पहले हीरोइनों को ‘तवायफ’ बताने को लेकर चर्चा में रह चुके हैं।

हसन ने कहा, “कभी-कभी ऐसे हालात होते हैं कि अलग होना ही रास्ता होता है तो गोली मारने से बेहतर है कि तीन तलाक देकर महिला को निकाल दिया जाए। सिर्फ हजरत अबू हनीफा को मानने वाले फिरके के लोग ही एक साथ तीन तलाक लेते हैं। यह लड़की वालों पर ही छोड़ दिया जाए कि अबू हनीफा को मानने वालों के यहाँ शादी करें या नहीं।”

सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद 345 तीन तलाक

केंद्र सरकार ने तीसरी बार लोकसभा में इस बिल को पेश किया है। लोकसभा में बिल पर चर्चा के दौरान केन्द्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा, “ट्रिपल तलाक पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद 24 जुलाई 2019 तक ट्रिपल तलाक के 345 मामले सामने आ चुके हैं।” साथ ही उन्होंने कहा कि यह इंसाफ और इंसानियत का मामला है, हमें मुस्लिम बहनों की चिंता है।

लोकसभा में तो सरकार के पास इस बिल को पास कराने के लिए पर्याप्त नंबर है, लेकिन राज्यसभा से इसे पास कराना आसान नहीं होगा। इस बिल को लेकर बीजेपी ने अपने सभी सांसदों को सदन में मौजूद रहने के लिए कहा है। विधेयक में तीन तलाक को अपराध करार देने के साथ दोषी को जेल की सज़ा सुनाए जाने का भी प्रावधान है।

बिल का विरोध करेगी कॉन्ग्रेस

मोदी सरकार ने मई में इस बिल का मसौदा पेश किया था। इसके प्रावधानों को लेकर कई विपक्षी दलों ने कड़ी आपत्ति जताई थी। कॉन्ग्रेस ने इस मसले पर यूपीए के सभी सहयोगी दलों के साथ गुरुवार को बैठक की और इस बिल का विरोध करने का फैसला किया। विपक्ष के साथ एनडीए की सहयोगी जेडीयू भी इस बिल का विरोध करती है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

अंग्रेजों की गोलियाँ खाकर भी पेड़ पर फहराया तिरंगा, कहानी गुलाब सिंह लोधी और ‘झंडेवाला पार्क’ की: बलिदान दिवस पर CM योगी ने दी...

CM योगी ने लखनऊ में अमर बलिदानी गुलाब सिंह लोधी को उनके बलिदान दिवस पर श्रद्धांजलि दी। जानिए उन्नाव के इस वीर सेनानी की पूरी कहानी।

जिस चुनाव आयोग को राहुल गाँधी विदेश तक कोसते रहे, ट्रंप ने उसी की तारीफ की: कॉन्ग्रेस को लगी मिर्ची

ट्रंप ने भारत की चुनाव व्यवस्था और फोटो-ID सिस्टम का उदाहरण देते हुए अमेरिका में SAVE America Act पास करने की माँग की।
- विज्ञापन -