TMC विधायक समेत 18 पार्षद होंगे BJP में शामिल, ममता ने पार्टी बदलने वाले पार्षदों को दी धमकी

वहीं, पश्चिम बंगाल में सत्तारुढ़ दल तृणमूल कॉन्ग्रेस ने पार्षदों को भाजपा में शामिल होने पर चेतावनी दी है। टीएमसी ने कहा कि यदि वो भाजपा में जाते हैं, तो उन्हें इसका अंजाम भुगतना पड़ेगा।

पश्चिम बंगाल में तृणमूल कॉन्ग्रेस (टीएमसी) में मची भगदड़ थमने का नाम नहीं ले रही है। लोकसभा चुनाव नतीजे आने के बाद से ही टीएमसी के विधायकों का पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल होने का दौर शुरू हो गया। चुनाव परिणाम के आए लगभग एक महीना गुजर चुका है, लेकिन ममता की पार्टी के विधायक का पार्टी छोड़कर जाने का सिलसिला जारी है। अब टीएमसी के एक और विधायक के साथ ही 18 पार्षदों के भाजपा में शामिल होने की खबर है।

अलीपुरद्वार में कलचीनी से विधायक विल्सन चामपरामरी ने भाजपा में शामिल होने का ऐलान किया है। उन्होंने बताया कि वो सोमवार (जून 24, 2019) को भाजपा में शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि उनके साथ 18 पार्षद भी सदस्यता लेंगे। इसके साथ ही उन्होंने ये जानकारी भी दी कि पार्टी के कई और नेता भी भाजपा में शामिल होने के लिए पार्टी हाईकमान के संपर्क में है। दरअसल, विल्सन टीएमसी पार्टी से खुश नहीं है। उनका कहना है कि वो एक विधायक हैं, इसके बावजूद वो स्वतंत्र रुप से अपने क्षेत्र में कोई काम नहीं करवा सकते हैं और उनके द्वारा योजना लाए जाए की बात पर भी पार्टी की तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई।

वहीं, पश्चिम बंगाल में सत्तारुढ़ दल तृणमूल कॉन्ग्रेस ने पार्षदों को भाजपा में शामिल होने पर चेतावनी दी है। टीएमसी ने कहा कि यदि वो भाजपा में जाते हैं, तो उन्हें इसका अंजाम भुगतना पड़ेगा। एक बयान जारी करते हुए पार्टी ने कहा, “पंचायतों और नगर पालिकाओं के बहुत कम सदस्य अपने पूर्ववर्ती उद्देश्यों और निहित स्वार्थों के कारण भाजपा में शामिल हुए हैं। उन्होंने यह इस उम्मीद से किया कि उनके अपराध धुल जाएँगे। उन्होंने गलती की है।” सत्ताधारी पार्टी का कहना है कि उसके सदस्यों ने जो अपराध किया है उसके लिए उन्हें बख्शा नहीं जाएगा। पार्टी ने कहा, “यदि किसी से गलत काम हुआ तो उसे अंजाम भुगतने पड़ेंगे। फिर चाहे उसके ऊपर भाजपा का हाथ ही क्यों न हो।”

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

गौरतलब है कि, इससे पहले दिल्ली में 18 जून को बोनगाँव से टीएमसी विधायक विश्वजीत दास पार्टी छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गए। इसके अलावा 12 पार्षदों ने भी टीएमसी छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया। इससे पहले भी पश्चिम बंगाल में नोआपाड़ा के टीएमसी विधायक सुनील सिंह टीएमसी के 12 पार्षदों के साथ बीजेपी में शामिल हुए थे। इन नेताओं के बीजेपी में शामिल होने के दौरान पश्चिम बंगाल के बीजेपी प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय और पार्टी नेता मुकुल राय मौजूद थे।

शेयर करें, मदद करें:
Support OpIndia by making a monetary contribution

बड़ी ख़बर

जेएनयू विरोध प्रदर्शन
छात्रों की संख्या लगभग 8,000 है। कुल ख़र्च 556 करोड़ है। कैलकुलेट करने पर पता चलता है कि जेएनयू हर एक छात्र पर सालाना 6.95 लाख रुपए ख़र्च करता है। क्या इसके कुछ सार्थक परिणाम निकल कर आते हैं? ये जानने के लिए रिसर्च और प्लेसमेंट के आँकड़ों पर गौर कीजिए।

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं ख़बरें

ताज़ा ख़बरें

हमसे जुड़ें

114,921फैंसलाइक करें
23,424फॉलोवर्सफॉलो करें
122,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

ज़रूर पढ़ें

Advertisements
शेयर करें, मदद करें: