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‘धरती का बोझ खत्म हुआ, अनाथ हुए परिवारों-बच्चों के लिए खुशी की बात’: मुख्तार अंसारी की मौत के बाद अलका राय ने बाबा विश्वनाथ के किए दर्शन, साथ में बेटा भी

पीयूष कुमार राय ने कहा कि जो फैसला न्याय के मंदिर में अधूरा रह गया था, आज भगवान के मंदिर में वो फ़ैसला हो गया है।

माफिया मुख़्तार अंसारी गुरुवार (28 मार्च, 2024) को बाँदा जेल में हार्ट अटैक आया, अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मुख़्तार अंसारी पर 60 से अधिक मामले दर्ज थे, जिनमें नवंबर 2005 में भाजपा विधायक कृष्णानंद राय की हत्या भी शामिल है। कृष्णानंद राय ने 2002 के विधानसभा चुनाव में मुख़्तार के भाई अफजाल अंसारी को हरा कर जीत दर्ज की थी। उनकी हत्या के लिए 400 राउंड गोलीबारी की गई थी। इस नरसंहार में कुल 7 लोग मारे गए थे।

दरअसल, मुख़्तार अंसारी ने उनके करीबियों की हत्या का सिलसिला इससे महीनों पहले शुरू कर दिया था और एक-एक कर कई लोग मारे गए थे। अब मुख़्तार अंसारी की मौत के बाद कृष्णानंद राय की पत्नी अलका राय ने वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर में जाकर भगवान शिव का दर्शन किया। उनके साथ उनके बेटे पीयूष कुमार राय भी थे। पीयूष कुमार राय ने कहा कि जो फैसला न्याय के मंदिर में अधूरा रह गया था, आज भगवान के मंदिर में वो फ़ैसला हो गया है।

उन्होंने अपराधी के अपराध के बही-खाते का अंत होने की बात करते हुए वीडियो शेयर कर जानकारी दी कि मुख़्तार अंसारी की मौत के बाद गाजीपुर में दीवाली जैसा माहौल है। उन्होंने कहा कि भगवान के घर में देर है, अंधेर नहीं। वहीं उनकी माँ अलका राय ने कहा कि उन्हें बाबा विश्वनाथ पर पूरा भरोसा था, उनकी कृपा से आज उन्हें न्याय मिला है। अलका राय ने कहा कि जितने भी परिवार या बच्चे अनाथ हुए हैं, बड़ी ख़ुशी की बात है कि ऐसे अपराधी का अंत हुआ है, धरती का बोझ खत्म हुआ है।

अलका राय ने बताया कि वो हमेशा बाबा के दरबार में न्याय के लिए आती थीं। उन्होंने बताया कि इस घटना के बाद परिवार ने होली नहीं मनाई थी, लेकिन आज का दिन उनके लिए होली जैसा है। अलका राय ने इस दौरान विपक्षी दलों द्वारा लगाए जा रहे साजिश के आरोपों को नकार दिया। वहीं पीयूष कुमार ने कहा कि तुष्टिकरण की राजनीति के लिए एक अपराधी में मजहब ढूँढा जा रहा है। उन्होंने कहा कि रमजान के महीने में ईश्वर का ये फैसला आया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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