Tuesday, April 16, 2024
Homeराजनीतिजीवन भर YSRCP के अध्यक्ष बने रहेंगे जगन मोहन रेड्डी, नहीं होगा कोई चुनाव:...

जीवन भर YSRCP के अध्यक्ष बने रहेंगे जगन मोहन रेड्डी, नहीं होगा कोई चुनाव: पार्टी ने बदल डाला अपना संविधान, माँ इस्तीफा देकर गईं बेटी के साथ

उनकी माँ विजयम्मा ने YSRCP से भी इस्तीफा दे दिया है और कहा है कि वो अपनी बेटी शर्मिला के साथ हैं, जो पड़ोसी राज्य में 'YRS तेलंगाना पार्टी' चला रही हैं।

आंध्रा प्रदेश की सत्ताधारी पार्टी ने एक बड़ा फैसला लिया है। ‘युवजन श्रमिक रायथू कॉन्ग्रेस पार्टी (YSRCP)’ ने अपने संविधान में बदलाव करते हुए प्रावधान किया है कि अब YS मोहन रेड्डी जीवन भर इसके अध्यक्ष बने रहेंगे। वो फ़िलहाल राज्य के मुख्यमंत्री भी हैं। शनिवार (9 जुलाई, 2022) को पार्टी ने ये निर्णय लिया। अब जगन मोहन रेड्डी के रहते पार्टी के अध्यक्ष पद का चुनाव भी नहीं होगा। दो दिन की प्रक्रिया के बाद पार्टी ने इस सम्बन्ध में ऐलान कर दिया।

बता दें कि जगन मोहन रेड्डी ने 2011 में कॉन्ग्रेस छोड़ने के बाद YSRCP बनाई थी। उन्होंने अपने पिता राजशेखर रेड्डी की दुर्घटना में मृत्यु के बाद उनकी नीतियों को आगे ले जाने का वादा करते हुए पूरे राज्य में पदयात्रा की थी। अब तक उनकी माँ विजयम्मा पार्टी की मानद अध्यक्ष हुआ करती थीं, लेकिन अब उन्होंने भी इस्तीफा दे दिया है। 2017 में YS जगन मोहन रेड्डी को पार्टी का अध्यक्ष चुना गया था। हालाँकि, अब परिवार में मतभेद है।

उनकी माँ विजयम्मा ने YSRCP से भी इस्तीफा दे दिया है और कहा है कि वो अपनी बेटी शर्मिला के साथ हैं, जो पड़ोसी राज्य में ‘YRS तेलंगाना पार्टी’ चला रही हैं। हालाँकि, जीवन भर के लिए YSRC पार्टी का अध्यक्ष बने रहने के लिए जगन मोहन रेड्डी को अब चुनाव आयोग का रुख करना पड़ेगा। पार्टी का कहना है कि कई क्षेत्रीय पार्टियों में ऐसा हुआ है, जब हर 2 साल के बाद चुनाव की जगह एक ही अध्यक्ष को लाइफटाइम के लिए रखा गया।

YSRCP का दो दिवसीय कार्यक्रम गुंटूर में हुआ, जहाँ सीएम ने कहा कि उनकी सरकार ने आंध्र प्रदेश की जनता से किए गए 95% वादों को पूरा कर दिया है। विधानसभा और लोकसभा चुनावों में राज्य में मिली बंपर जीत के 3 साल बाद YS जगन मोहन रेड्डी ने पार्टी की 13 साल की यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि कोरोना के दौरान भी उनकी सरकार ने स्थिति को सही तरीके से प्रबंधित किया। उन्होंने बदलाव, विकास और समृद्धि के लिए दरवाजे खोलने का दावा करते हुए कहा कि बिना किसी भेदभाव के काम किया गया है।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘मोदी की गारंटी’ भी होगी पूरी: 2014 और 2019 में किए इन 10 बड़े वादों को मोदी सरकार ने किया पूरा, पढ़ें- क्यों जनता...

राम मंदिर के निर्माण और अनुच्छेद 370 को निरस्त करने से लेकर नागरिकता संशोधन अधिनियम को अधिसूचित करने तक, भाजपा सरकार को विपक्ष के लगातार कीचड़ उछालने के कारण पथरीली राह पर चलना पड़ा।

‘वित्त मंत्री रहते RBI पर दबाव बनाते थे P चिदंबरम, सरकार के लिए माहौल बनाने को कहते थे’: बैंक के पूर्व गवर्नर ने खोली...

आरबीआई के पूर्व गवर्नर पी सुब्बाराव का दावा है कि यूपीए सरकारों में वित्त मंत्री रहे प्रणब मुखर्जी और पी चिदंबरम रिजर्व बैंक पर दबाव डालते थे कि वो सरकार के पक्ष में माहौल बनाने वाले आँकड़ें जारी करे।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
282,677FollowersFollow
417,000SubscribersSubscribe