Homeराजनीतिआंध्र प्रदेश में 6 हिंदू मंदिरों पर हुए हमले, क्या यह सब जगन रेड्डी...

आंध्र प्रदेश में 6 हिंदू मंदिरों पर हुए हमले, क्या यह सब जगन रेड्डी सरकार की मर्जी से हो रहा: TDP नेता ने लगाए कई गंभीर आरोप

"इस साल फरवरी महीने के बाद से आंध्र प्रदेश में हिंदू मंदिरों पर 6 हमले हुए हैं। अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं की गई है। अपराधी अब डर नहीं रहे हैं। क्या यह सब राज्य सरकार की मर्जी से हो रहा है? क्या YSR पार्टी इस प्रकार की हिंसा का लाभ उठा रही है? हाँ, वह लाभ उठा रही है।"

तेलुगु देशम पार्टी के नेता जयदेव गल्ला ने राज्य में हिंदू मंदिरों पर हालिया हमलों के लिए आंध्र प्रदेश में सत्तारूढ़ युवजन श्रमिक रायथू (YSR) कॉन्ग्रेस पार्टी को दोषी ठहराया है। गल्ला ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करने के लिए राज्य सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि वाईएसआर पार्टी ऐसे हमलों से लाभान्वित हो रही है।

TDP नेता जयदेव गल्ला ने कहा, “इस साल फरवरी महीने के बाद से आंध्र प्रदेश में हिंदू मंदिरों पर 6 हमले हुए हैं। अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं की गई है। अपराधी अब डर नहीं रहे हैं। क्या यह सब राज्य सरकार की मर्जी से हो रहा है? क्या YSR पार्टी इस प्रकार की हिंसा का लाभ उठा रही है? हाँ, वह लाभ उठा रही है।”

राज्य में हाल ही में हिंदू मंदिरों पर हमले की घटनाएँ बढ़ रही हैं। अभी कुछ दिन पहले कृष्णा जिले के वत्सवई मंडल में मककपेटा गाँव में ऐतिहासिक काशी विश्वेश्वर स्वामी मंदिर के अंदर नंदी की मूर्ति को कुछ बदमाशों ने खंडित कर दिया था।

आए दिन हो रहे हमलों को रोकने में नाकामयाब वाईएसआर सरकार पर विपक्ष ने हमला किया था। पूर्व सीएम चंद्रबाबू नायडू ने मंदिरों पर हमलों की निंदा नहीं करने के लिए सीएम वाईएस जगन मोहन रेड्डी की आलोचना की थी। वहीं विपक्षी नेताओं द्वारा मंदिरों पर हमले की अनुमति देने के आरोपों से घिरे सीएम रेड्डी ने आज तिरुमाला चित्तूर में बालाजी मंदिर का दौरा किया।

पवन कल्याण और बीजेपी कार्यकताओं द्वारा भूख हड़ताल

इस महीने की शुरुआत में, आंध्र प्रदेश के पूर्वी गोदावरी जिले के अंटारवेडी में प्रसिद्ध श्री लक्ष्मी नरसिम्हा स्वामी मंदिर के परिसर में 62 साल पुराने प्राचीन रथ को आग लगा कर नष्ट कर दिया गया था। जिस पर सख्त कार्रवाई की माँग को लेकर टॉलीवुड अभिनेता और जन सेना प्रमुख पवन कल्याण कई भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ भूख हड़ताल पर बैठ गए थे।

कल्याण ने आरोप लगाया था कि राज्य में रेड्डी शासन के तहत हिंदू मंदिरों पर हमले बढ़ गए है। उन्होंने कहा कि सरकार ने समय पर कार्रवाई की होती तो ऐसे हमलों से बचा जा सकता था। राज्य सरकार ने बाद में इस मामले में सीबीआई जाँच के आदेश दिए थे।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

विवादों में ‘कॉकरोचों’ का 6 जून का प्रदर्शन, दिपके ने माना- ‘नहीं ली प्रोटेस्ट की परमिशन’: समझें- SC का फैसला, 7 दिन वाला नियम...

CJP के प्रस्तावित प्रदर्शन के बहाने समझिए जंतर-मंतर पर धरना देने की पूरी प्रक्रिया, दिल्ली पुलिस के नियम और सुप्रीम कोर्ट का रुख।

‘पहले मंदिर में नमाज पढ़ेंगे, फिर कहेंगे मस्जिद थी’: बुलंदशहर से भोजशाला तक, हिंदू पवित्र स्थलों पर दावों का कट्टरपंथियों का पैटर्न और लिबरल...

हिंदुओं के पवित्र स्थानों पर नमाज अदा करना भूल नहीं, सोची-समझी साजिश है। यदि कट्टरपंथियों का मन इतना ही साफ होता तो मंदिरों पर कब्जा नहीं करते।
- विज्ञापन -