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अब सैमसंग का QR कोड भी ‘नबी की शान में ग़ुस्ताख़ी’, कंपनी के 27 कर्मचारी हिरासत में: भीड़ का हमला, गूँजे ‘सर तन से जुदा’ के नारे

पुलिस ने कथित तौर पर ईशनिंदा करने वाली डिवाइस को बंद करवा के सील कर दिया है। SSP कराची असद रज़ा के मुताबिक, अब एक 27 लोगों को हिरासत में ले कर मामले की जाँच करवाई जा रही है।

पाकिस्तान के कराची में ईशनिंदा के आरोप में हुए हिंसक प्रदर्शन के बाद पुलिस ने सैमसंग मोबाइल कम्पनी के 27 स्टाफ को हिरासत में लिया है। आरोप है कि एक मॉल में लगे वाई-फाई डिवाइस से मुस्लिमों के पैगंबर की शान में गुस्ताखी हुई है। इन आरोपों के बाद भीड़ ने हिंसक रूप लेते हुए मॉल के साइनबोर्ड को तोड़ दिया और मोबाईल बाजार बंद करवा दिया। घटना शुक्रवार (1 जुलाई, 2022) की है।

मॉल के बाहर तोड़फोड़ और नारेबाजी करती भीड़ का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस वीडियो में भीड़ मॉल के बाहर बने निर्माण को उखाड़ रही है। इसी के साथ लाउस्पीकर पर भीड़ को भड़काया जा रहा है। कुछ के हाथों में डंडे दिखाई दे रहे हैं। बीच-बीच में ‘अल्लाह हु अकबर’ के साथ ‘गुस्ताख़ ए नबी की एक सज़ा, सर तन से जुदा, सर तन से जुदा’ के नारे लग रहे हैं। नारे लगाने वालों में नाबालिग बच्चे भी शामिल हैं।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह घटना कराची के सद्दर क्षेत्र की है। हिंसक भीड़ ने आरोप लगाया गया है कि सैमसंग कम्पनी की WI-FI डिवाइस का एक QR कोड उनके नबी की शान में गुस्ताखी है। पुलिस ने कथित तौर पर ईशनिंदा करने वाली डिवाइस को बंद करवा के सील कर दिया है। SSP कराची असद रज़ा के मुताबिक, अब एक 27 लोगों को हिरासत में ले कर मामले की जाँच करवाई जा रही है और जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

वहीं सैमसंग पाकिस्तान ने एक पत्र जारी कर के कहा है कि कम्पनी ने किसी की भी धार्मिक भावनाओं को आहत नहीं किया है। सैमसंग के मुताबिक वह हर धर्म का सम्मान करती है। सैमसंग भी इस मामले की आंतरिक जाँच करवा रही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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