पाकिस्तान सरकार ने फौज के पूर्व अफसर और यूट्यूबर आदिल फारूक राजा को आतंकवाद निरोधक अधिनियम 1997 (Anti-Terrorism Act, 1997) के तहत ‘प्रोस्क्राइब्ड पर्सन’ यानी प्रतिबंधित व्यक्ति घोषित कर दिया है। आसान भाषा में कहें तो पाकिस्तान ने आदिल को आतंकवादी घोषित कर दिया है। पाकिस्तान के गृह मंत्रालय ने शनिवार (27 दिसंबर 2025) को इसे लेकर अधिसूचना भी जारी कर दी है।
पाकिस्तान ने क्या कहा है?
‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान लगातार फौज के मुखिया आसिम मुनीर और पाक फौज की पोल खोलने वाले आदिल को लेकर पाकिस्तान ने कहा है कि सरकार के पास यह मानने के ठोस कारण हैं कि आदिल की गतिविधियाँ पाकिस्तान की सुरक्षा, संप्रभुता, अखंडता और सार्वजनिक व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा पैदा कर रही हैं। सरकार के अनुसार, राजा लगातार ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स का दुरुपयोग कर रहे थे और ऐसे कंटेंट का प्रचार-प्रसार कर रहे थे, जो पाकिस्तान विरोधी नैरेटिव को बढ़ावा देता है।
अधिसूचना में आदिल पर यह भी आरोप लगाया गया है कि उन्होंने प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों से जुड़े प्रचार और प्रोपेगेंडा को न केवल बढ़ावा दिया बल्कि उसे बड़े स्तर पर प्रसारित भी किया। सरकार का कहना है कि इस तरह की गतिविधियाँ पाकिस्तान की संप्रभुता और राष्ट्रीय रक्षा के खिलाफ हैं।
यह फैसला केंद्रीय कैबिनेट की मंजूरी के बाद लिया गया। गृह मंत्रालय ने 23 दिसंबर को इसका प्रस्ताव कैबिनेट में भेजा था जिसे मंजूरी मिलने के बाद 27 दिसंबर को अधिसूचना जारी कर दी गई।

इस कार्रवाई से कुछ दिन पहले गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने आदिल राजा के प्रत्यर्पण (UK से वापस लाने) से जुड़े कागजात ब्रिटेन हाई कमिश्नर को सौंपे थे। नकवी पहले ही कह चुके हैं कि सरकार फेक न्यूज फैलाने वाले यूट्यूबर्स और राज्य संस्थानों को निशाना बनाने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाएगी।
सरकारी अधिसूचना के बाद अब उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई का रास्ता और साफ हो गया है। विशेषज्ञों के अनुसार, ‘प्रोस्क्राइब्ड पर्सन’ घोषित किए जाने के बाद संबंधित व्यक्ति की संपत्तियों, वित्तीय लेन-देन और पाकिस्तान से जुड़े संपर्कों पर कड़ी निगरानी और प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं।
असली लोकतंत्र की लड़ाई लड़ता रहूँगा: आदिल राजा
आदिल ने पाकिस्तान की इस कायराना हरकत पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। आदिल ने X पर लिखा, “पाकिस्तान की सरकार मुझे UK से प्रत्यर्पित कराने में नाकाम रही। इसके बाद उसने मेरे परिवार के घर पर हमला करवाया और अब मुझे ‘आतंकवादी’ घोषित कर दिया है। यह फैसला इसलिए लिया गया है क्योंकि मैं पत्रकारिता करता हूँ और सच लिखता-बोलता हूँ।”
उन्होंने आगे लिखा, “यह सब पाकिस्तानी सेना के इशारे पर चल रहे उस अभियान का हिस्सा है, जिसका मकसद देश के बाहर रहकर आवाज उठाने वालों को डराना और चुप कराना है। यह लगातार हो रहा उत्पीड़न मुझे चुप नहीं करा सकता। उल्टा, इससे मेरा हौसला और मजबूत हुआ है।”
आदिल ने लिखा, “मैं पाकिस्तान के गरीबों की आवाज उठाता रहूँगा, असली लोकतंत्र की लड़ाई लड़ता रहूँगा। चाहे फासीवाद का अंधेरा कितना ही गहरा क्यों न हो, इतिहास गवाह है कि आखिरकार सच की ही जीत होती है।”
The Pakistani state, having failed in its attempt to extradite me from the UK and having escalated to an attack on my family home, has now resorted to formally declaring me a terrorist. This designation is not a consequence of any crime, but a direct reprisal for my practice of… pic.twitter.com/JyjxD2Yldu
— Adil Raja (@soldierspeaks) December 27, 2025
कौन है आदिल राजा?
पाकिस्तान के पंजाब प्रांत से ताल्लुक रखने वाले आदिल राजा की उम्र लगभग 45 वर्ष है। वह पाकिस्तान फौज में मेजर रह चुके हैं। अपने सैन्य करियर के दौरान उन्होंने इंटेलिजेंस और ऑपरेशनल यूनिट्स में काम किया। वर्ष 2017 में सेना से इस्तीफा देने के बाद वे ब्रिटेन चले गए। वहीं से उन्होंने एक यूट्यूब चैनल शुरू किया, जिस पर वे पाकिस्तान की राजनीति, सेना और इमरान खान से जुड़े मुद्दों पर टिप्पणी करने लगे। उनके चैनल के 5 लाख से अधिक सब्सक्राइबर हैं और उनके वीडियो लाखों बार देखे जाते हैं।
वे लगातार यह कहते रहे हैं कि पाकिस्तानी सेना राजनीति में दखल देती है, लोकतंत्र को दबाती है और आम लोगों, खासकर बलूचों और गरीबों पर जुल्म करती है। उनके वीडियो में सेना प्रमुख जनरल आसिम मुनीर और शीर्ष अफसरों पर सीधे आरोप लगाए जाते हैं, इसलिए वे पाकिस्तान की सत्ता के लिए एक बड़ी परेशानी बन गए।
राजा यह दावा भी कर चुके हैं कि आसिम मुनीर खुद को फील्ड मार्शल का रैंक दे चुके हैं और सिविल सत्ता को पीछे धकेलकर सेना को आगे लाने की कोशिश कर रहे हैं। आदिल राजा के खिलाफ यूके की अदालत में भी केस किया गया है। आदिल इसे सोची-समझी योजना बताते हैं। वह कहते हैं कि पाकिस्तानी मिलिट्री और ISI यूके की कानूनी प्रणाली का दुरुपयोग कर विरोधियों को चुप कराने की कोशिश कर रहे हैं।
वह Ex-Servicemen Society के पूर्व प्रवक्ता रहे हैं। आदिल राजा एक पर्सनल ब्लॉग भी लिखते हैं, जिसमें वो पाकिस्तान की राजनीति, सेना के फैसलों और अंतरराष्ट्रीय मामलों पर खुलकर टिप्पणी करते हैं। उन्हें पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान का समर्थक माना जाता है।
रेपिस्टों के बदल में किया था आदिल का सौदा
कुछ दिनों पहले सामने आई रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि पाकिस्तान ने UK से आदिल की वापसी के बदले पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग के अपराधियों को वापस देने की बात कही थी। इनमें से अब्दुल रऊफ ने 13 साल की लड़की का रेप किया जबकि आदिल खान ने 15 साल की लड़की का रेप किया और भाग कर पाकिस्तान आ गए। इन दोनों बलात्कारियों के बदले में पाकिस्तान सरकार आदिल और एक अन्य राजनीतिक विरोधी को वापस लाना चाहती थी। नकवी ने इसके लिए ब्रिटेन के राजदूत को बुलाकर बात की थी। जिस दूसरे आदमी को पाकिस्तान माँग रहा था वो बैरिस्टर मिर्जा शहजाद अकबर हैं।
मीटिंग के बाद जारी आधिकारिक बयान में नकवी ने कहा कि दोनों लोगों का पाकिस्तान में होना जरूरी है और उन्हें जल्द से जल्द पाकिस्तान को सौंपा जाना चाहिए। उन्होंने यह भी दावा किया कि प्रत्यर्पण के लिए पाकिस्तान की ओर से पर्याप्त सबूत दिए गए हैं और विदेश में बैठकर देश को बदनाम करने वालों को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।


