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72 साल बाद PAK में खुला 1000 वर्ष पुराना मंदिर, भारत से ले जाकर स्थापित किए जाएँगे देवी-देवता

मंदिर खुलने के बाद इसके जीर्णोद्धार का काम जोरों पर है। इसके लिए ईटीपीबी ने पहली किस्त के तौर पर 50 लाख रुपए दिए हैं।

पाकिस्तान के सियालकोट में 72 साल बाद करीब 1000 साल पुराना शिवाला तेजा सिंह मंदिर पूजा-पाठ के लिए खोल दिया गया है। विभाजन के दौरान इस मंदिर को बंद कर दिया गया था। पाकिस्तान के हिंदू लम्बे समय से इस मंदिर को खोलने की माँग कर रहे थे।

मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक बीते गुरुवार को इस मंदिर में हिंदू परंपरा के मुताबिक भव्य कार्यक्रम का भी आयोजन हुआ। पाकिस्तान के अल्पसंख्यक हिन्दुओं की माँग को देखते हुए पाकिस्तान इवैक्यूई ट्रस्ट प्रॉपर्टी बोर्ड (ईटीपीबी) ने इस मंदिर को खोलने का फैसला किया। मंदिर खुलने पर आयोजित समारोह में हिंदू सुधार सभा के अध्यक्ष अमरनाथ रंधावा, डॉ मुनव्वर चंद और पंडित काशी राम सहित कई हिंदू नेता मौजूद थे।

मंदिर खुलने के बाद इसके जीर्णोद्धार का काम जोरों पर है। इसके लिए ईटीपीबी ने पहली किस्त के तौर पर 50 लाख रुपए दिए हैं। मीडिया खबरों की मानें तो इस मंदिर में भारत से लाकर देवी-देवताओं की मूर्तियाँ स्थापित की जाएँगी। साथ ही यहाँ पर नियमित पूजा-पाठ करने के लिए एक पुजारी भी रखे जाएँगे। मंदिर में एक बावर्ची और एक सेवादार रखने की भी बात कही ज रही है।

मंदिर के ख़ुलने को लेकर श्राइन सचिव सैयद फराज अब्बास ने कहा है कि मंदिर को खोलने की माँग लंबे समय से हिंदू समुदाय द्वारा की जा रही थी। ऐसे में ईपीटीबी की पहल के बाद इमरान सरकार ने इसे फिर से खोलने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंने बताया कि मंदिर में फर्श का काम शुरू हो गया है, सुरक्षा के लिए द्वार लगवाए जा रहे हैं। छोटी-मोटी रिपेयरिंग के बाद सफेदी का काम भी शुरू हो गया है। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक मंदिर के पुुननिर्माण के बाद पौराणिक शिवालय का दोबारा से मरम्मत करवाया जाएगा। इन सबको पूरा होने में कम से कम 2 से 3 महीने लगेंगे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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