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विदेशी षड्यंत्र के खुलासे के बाद अमित शाह की हाई लेवल मीटिंग, संसद पहुँचे NSA डोभाल और दिल्ली के CP

केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने भी टूलकिट के मुद्दे को बेहद गंभीर बताया है। उनके अनुसार, कुछ विदेशी ताकतें भारत को बदनाम करने का प्रयास कर रही हैं।

किसान आंदोलन के बीच विदेशी षड्यंत्र का खुलासा होने के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हाई लेवल मीटिंग की है। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल, दिल्ली पुलिस कमिश्नर एसएसएन श्रीवास्तव और आईबी चीफ ने संसद पहुँचकर उनसे मुलाकात की

इससे पहले अमित शाह ने बुधवार (फरवरी 3, 2021) को ट्वीट कर कहा था कि कोई प्रोपेगेंडा देश की एकता को नहीं तोड़ सकता। एकजुट होकर प्रगति की ओर चलेंगे। कोई भी दुष्प्रचार भारत को ऊँचाइयों तक जाने से नहीं रोक सकता। 

गृहमंत्री का यह ट्वीट ग्रेटा थनबर्ग के टूलकिट शेयर किए जाने के बाद सामने आया था। जिस पर दिल्ली पुलिस ने आज संज्ञान लिया है। उन्होंने इस दस्तावेज को देखने के बाद षड्यंत्र की आशंका जताई। उनका कहना है कि 26 जनवरी को हुई हिंसा का कार्यान्वयन इसकी नकल थी, जिसमें भारत के खिलाफ आर्थिक, सामाजिक, सांस्कृतिक और क्षेत्रीय युद्ध छेड़ने का आह्वान किया गया था।

दिल्ली पुलिस ने बताया है कि उन्होंने इस टूलकिट की जाँच को लेकर शिकायत दर्ज की है। मामले में जाँच की जा रही है। दिल्ली पुलिस के विशेष आयुक्त ने एफआईआर में ग्रेटा का नाम होने को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि एफआईआर में किसी का नाम नहीं जोड़ा गया है। यह केवल टूलकिट को बनाने वालों के खिलाफ है, जो जाँच का विषय है। दिल्ली पुलिस इस मामले की जाँच करेगी।

केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने भी टूलकिट के मुद्दे को बेहद गंभीर बताया है। उनके अनुसार, कुछ विदेशी ताकतें भारत को बदनाम करने का प्रयास कर रही हैं।

मालूम हो कि दिल्ली की सीमाओं पर चल रहे किसान आंदोलन को अचानक विदेशी हस्तियों का समर्थन मिलना शुरू हुआ था। इसके बाद एक डॉक्यूमेंट टूलकिट सोशल मीडिया पर सामने आया। जिसमें बाकायदा ये बताया गया था कि पूरी दुनिया के लोग भारत में चल रहे किसान-प्रदर्शन में कैसे समर्थन कर सकते हैं। इससे पढ़कर ये स्पष्ट हो गया था कि विदेशी ताकतें भारत की छवि बिगाड़ने के लिए प्रोपेगेंडा चला रही हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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