Tuesday, September 28, 2021
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‘किसान नेता’ राकेश टिकैत 15 अगस्त को मनाएँगे गणतंत्र दिवस! हेकड़ी गायब होने पर सोशल मीडिया पर हुई खिंचाई: देखें वीडियो

राकेश टिकैत की इस बातचीत में 1 मिनट 12 सेकंड में सुना जा सकता जब उनसे 15 अगस्त के दिन किसान प्रदर्शनकारियों के प्लान के बारे में पूछा गया। टिकैत ने जवाब दिया कि किसान अपने खेतों, ट्रैक्टर, घर, जिले और गाँवों में झंडा फहराएँगे। उन्होंने कहा, "सब गणतंत्र दिवस मनाएँगे।"

किसान नेता राकेश टिकैत शनिवार (14 अगस्त 2021) को एनडीटीवी से इंटरव्यू के दौरान भारत के स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस के बीच कन्फ्यूज हो गए जिसके बाद सोशल मीडिया पर उनकी जमकर खिंचाई हो रही है।

राकेश टिकैत की इस बातचीत में 1 मिनट 12 सेकंड में सुना जा सकता जब उनसे 15 अगस्त के दिन किसान प्रदर्शनकारियों के प्लान के बारे में पूछा गया। टिकैत ने जवाब दिया कि किसान अपने खेतों, ट्रैक्टर, घर, जिले और गाँवों में झंडा फहराएँगे। उन्होंने कहा, “सब गणतंत्र दिवस मनाएँगे।” बातचीत में आगे वो फिर गलती कर बैठे और उन्होंने कहा भाजपा पर ‘गणतंत्र दिवस’ समारोह का उपयोग अपने राजनीतिक फायदे के लिए करने का आरोप लगाया।

वीडियो : एनडीटीवी

टिकैत की इस गलती के बाद सोशल मीडिया पर उन्हें जमकर निशाने पर लिया गया। एक ट्विटर यूजर @Agnistic_Exploring ने लिखा कि सबसे लंबा प्रैंक होने के कारण किसान आंदोलन को गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में शामिल होना चाहिए और यह राकेश टिकैत के प्रभावशाली नेतृत्व में अभी भी चल रहा है, जिसके पास शक्ति है 15 अगस्त को गणतंत्र दिवस मनाने की। ट्विटर यूजर पल्लवी ने लिखा कि जब आप हाई होते हैं तब ऐसा ही होता है। एक अन्य यूजर ने लिखा कि टिकैत अंकल कल रात को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान के साथ सस्ता नशा कर रहे थे शायद।

जुलाई के आखिरी सप्ताह में राकेश टिकैत ने कहा था कि केंद्र सरकार द्वारा पिछले साल लागू किए गए कृषि सुधार कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसान 14-15 अगस्त को गाजीपुर बॉर्डर के लिए ट्रैक्टर रैली निकालेंगे और स्वतंत्रता दिवस को राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे। उन्होंने बताया कि 2 जिलों से ट्रैक्टर इस रैली में शामिल होने आएंगे, साथ ही टिकैत ने यह भी कहा कि उन्होंने कहा कि 26 जनवरी को उन्होंने राष्ट्रीय ध्वज नहीं हटाया था। वैसे एक और ट्रैक्टर रैली निकालने की बात कहना यही बताता है कि टिकैत अब किसान आंदोलन के गिरते जनाधार को पुनर्जीवित करना चाहते हैं।

 

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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