Thursday, August 5, 2021
Homeसोशल ट्रेंडद्वारकाधीश मंदिर पर वज्रपात, 52 गज की ध्वजा में समाहित हो गई बिजली: कोई...

द्वारकाधीश मंदिर पर वज्रपात, 52 गज की ध्वजा में समाहित हो गई बिजली: कोई नुकसान नहीं, देखें Video

द्वारकाधीश मंदिर में लगे ध्वज का विशेष महत्व है। इस पवित्र ध्वज को 52 गज की ध्वजा कहा जाता है। यहाँ प्रतिदिन तीन बार ध्वजा चढ़ाई जाती है। कभी-कभी तो ध्वजा चढ़ाने के लिए भक्तों को महीनों का लम्बा इंतजार करना पड़ता है।

गुजरात के द्वारकाधीश मंदिर पर मंगलवार (13 जुलाई 2021) को बिजली आकाशीय बिजली गिरी। घटना दोपहर करीब 2.30 बजे के आसपास हुई। इससे केवल मंदिर के शिखर पर लगी 52 गज की ध्वजा को नुकसान हुआ। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

रिपोर्ट के मुताबिक,बिजली गिरने से मंदिर की दीवारें काली पड़ गई हैं। लेकिन अन्य कोई नुकसान नहीं हुआ। द्वारकाधीश धाम के चारों ओर घनी बस्ती है। ऐसे में अगर आकाशीय बिजली रिहायशी इलाके में गिरती तो बड़ा हादसा हो सकता था। बहरहाल लोगों का कहना है कि भगवान श्री कृष्ण ने उन्हें बचा लिया। स्थानीय लोगों के मुताबिक ऐसा पहली बार हुआ है जब मंदिर पर वज्रपात हुआ हो।

द्वारका के एसडीएम निहार भेटारिया ने बताया कि बिजली गिरने के बाद मंदिर के प्रशासन ने जाँच की। किसी तरह का कोई नुकसान नहीं हुआ है।

लोगों ने सोशल मीडिया पर इसको लेकर रिएक्शन भी दिए। रमेश गोस्वामी नाम के यूजर ने ट्वीट कर कहा भगवान ने आपदा को अपने सिर पर ले लिया। बिजली ध्वज दंड का आलिंगन करते हुए मंदिर में समा गई।

हिरेन पांडे नाम के एक यूजर ने कहा कि यह भगवान श्रीकृष्ण की कृपा थी कि बिजली गिरने से मंदिर को किसी तरह का कोई नुकसान नहीं हुआ।

गुजरात में गोमती नदी के तट पर स्थित यह मंदिर भगवान श्रीकृष्ण को समर्पित है। इसे जगत मंदिर के नाम से भी जाना जाता है। मान्यता है कि इसका निर्माण 2200 साल पहले वज्रनाभ ने करवाया था। मंदिर को पुरी, रामेश्वरम और बद्रीनाथ के बाद हिंदू धर्म के चार पवित्र धामों में से एक माना जाता है।

द्वारकाधीश मंदिर में लगे ध्वज का विशेष महत्व है। इस पवित्र ध्वज को 52 गज की ध्वजा कहा जाता है। यहाँ प्रतिदिन तीन बार ध्वजा चढ़ाई जाती है। कभी-कभी तो ध्वजा चढ़ाने के लिए भक्तों को महीनों का लम्बा इंतजार करना पड़ता है।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

अफगानिस्तान: पहले कॉमेडियन और अब कवि, तालिबान ने अब्दुल्ला अतेफी को घर से घसीट कर निकाला और मार डाला

अफगानिस्तान के उपराष्ट्रपति अमरुल्लाह सालेह ने भी अब्दुल्ला अतेफी की हत्या की निंदा की और कहा कि अफगानिस्तान की बुद्धिमत्ता खतरे में है और तालिबान इसे ख़त्म करके अफगानिस्तान को बंजर बनाना चाहता है।

‘5 अगस्त की तारीख बहुत विशेष’: PM मोदी ने हॉकी में ओलंपिक मेडल, राम मंदिर भूमिपूजन और 370 हटाने का किया जिक्र

हॉकी में ओलंपिक मेडल, राम मंदिर भूमिपूजन, आर्टिकल 370 हटाने का जिक्र कर प्रधानमंत्री मोदी ने 5 अगस्त को बेहद खास बताया है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
113,121FollowersFollow
395,000SubscribersSubscribe