Monday, April 12, 2021

विषय

नारीवाद

Shero कौन: पीरियड का खून पोस्टर पर दिखाने वाली या देश के लिए अपना खून बहाने वाली बलिदानी?

आपकी शीरो (Shero) को पीरियड्स का खून फ्लॉन्ट करने में आज़ादी दिखती है, हमारी हीरो देश के लिए खून बहा आज़ादी की गाथा लिखती हैं।

इस्लाम में बाल शोषण: हिंदू-मुस्लिम पर उपन्यास लिख चुकीं महिला को ‘वेश्या’ की गाली, टूट पड़े कट्टरपंथी

ट्वीट पर कई लोग ऐसे दिखे, जिन्होंने उनका पूर्णत: समर्थन किया, मगर कुछ ने मामले की गंभीरता को नकारते हुए इसे इस्लाम पर हमला माना।

रियल वुमेन भाड़ में, ट्रांस वुमेन जिंदाबाद: ‘ठेकेदारों’ के लिए महिलाएँ कभी वजाइना ओनर्स तो कभी मेंस्ट्रूरेटर

साल 2020 में महिला अधिकारों के नाम पर ट्रांस वुमेन को केंद्र में लाने के लिए रियल वुमेन के मुद्दों को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया।

छद्म नारीवाद और हिंदू घृणा का जोड़: भारतीय संस्कृति पर हमला बोल कर कहा जाएगा- ‘ब्रेक द स्टिरियोटाइप्स’

यह स्टिरियोटाइप हर पोशाक की कतरनों के साथ क्यों नहीं ब्रेक किए जाते? हिंदुओं के पहनावे पर ही ऐसा प्रहार क्यों? क्यों नन की ड्रेस में मॉडल आदर्श होती है? क्यों बुर्के को स्टिरियोटाइप का हिस्सा नहीं माना जाता? क्यों केवल रूढ़िवाद की परिभाषा साड़ी और घूँघट तक सीमित हो जाती है?

लव जिहाद और वामपंथी नैरेटिव: हिंदू नारीवादी विमर्शों से ही खतरे का मुकाबला संभव

मेरठ में माँ-बेटी के क़त्ल ने एक बार फिर लव जिहाद के विमर्श को हवा दी है। हिंदूवादी नारीवादी विमर्शों से ही इस खतरे का मुकाबला किया जा सकता है।

‘पिंजरा तोड़’: वामपंथनों का गिरोह जिसकी भूमिका दिल्ली दंगों में है; ऐसे बर्बाद किया DU कैम्पस, जानिए सब कुछ

'पिंजरा तोड़' वामपंथी विचारधारा की विष-बेल बन दिल्ली यूनिवर्सिटी को बर्बाद कर रही है। दंगों में भी पुलिस ने इनकी भूमिका बताई है, क्योंकि दंगों की तैयारी के दौरान इनके सदस्य उन इलाकों में होते थे।

मेहनत और सम्मान से जीना वे क्या जानें, जिनके लिए पत्थर फेंकती औरतें हैं नारीवाद का चेहरा

हमें यकीन है कि ये महिलाएँ अपनी ऊर्जा बेफिजूल चिल्लाकर बर्बाद नहीं करती होंगी। इन्हें सरकारी योजना के तहत केवल दियासलाई की लालसा नहीं रहती होगी। ये पारिवारिक आय के लिए सिर्फ़ किसी पुरूष पर आश्रित नहीं रहती होंगी।

छगनलाल के बाथरूम में ही नहाने पर अड़ी नवयुवती, कहा, ‘पितृसत्ता का नाश हो, सबरीमाला में भी जाएँगे, और यहीं नहाएँगे’

युवती छगनलाल के विरोध पर चीखी, "द्वार खोलिए, अन्यथा तोड़ना पड़ेगा। डाऊन विद पेट्रियारकी। हमें जल्दी है, आप अपना मग्गा ले कर कोने मे बैठ जाएँ। जब एक महिला अंतरिक्ष में जा सकती है, एवरेस्ट पर जा सकती है तो आपके स्नानागार में क्यों नहीं आ सकती है।"

फर्जी नारीवाद में मत फँसो लड़कियो, वरना प्रेम में सहमति से बना शारीरिक संबंध भी फर्जी बलात्कार ही लगेगा

फर्जी नारीवाद को दो पल के लिए कोने में रखकर एक बार इस पर गौर कीजिए कि हम कथित तौर पर महिला सुरक्षा और महिला अधिकारों के नाम पर क्या गंदगी फैला रहे हैं। हम अभिव्यक्ति की आजादी का प्रयोग कौन सी दिशा में कर रहे हैं? पूछिए एक बार खुद से क्या वाकई प्रेम में अलग होने के बाद आपसी संबंध बलात्कार हो जाते हैं?

मल्लिका दुआ ने पिता पर मोलेस्टेशन का आरोप लगाने वाली महिला पर उठाए सवाल

निष्ठा जैन वही महिला हैं जिन्होंने पिछले साल अक्टूबर में विनोद दुआ पर मारपीट और छेड़छाड़ का आरोप लगाया था। इस ख़बर के सुर्खियों में आते ही मल्लिका दुआ तुरंत एक्शन में आ गई थीं।

ताज़ा ख़बरें

प्रचलित ख़बरें

हमसे जुड़ें

292,985FansLike
82,162FollowersFollow
394,000SubscribersSubscribe