इस खबर के मूल हकीक़त को परखेे बिना इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना दिखाता है कि आजकल सोशल मीडिया का इस्तेमाल किस प्रकार फेक न्यूज को फैलाने के लिए किया जा रहा है।
भारत का हिन्दू उद्गम मानने में समस्या है, असतो मा सद्गमय ‘हिंदुत्व थोपना’ है, पर मजहब विशेष की गलती छुपाने के लिए हिन्दू को Indian बनाने में दिक्कत नहीं है।
यदि हिन्दू कोई संतोषजनक उत्तर नहीं ला पाता है तो भारी दिल से हमें इस निष्कर्ष पर पहुँचना पड़ेगा कि या तो देश के सबसे पुराने और ‘esteemed’ समाचार पत्रों में शुमार हिन्दू को ऐतिहासिक तथ्यों की जानकारी ही नहीं है
पाकिस्तान सोशल मीडिया पर 2016 और 2018 में दुर्घटनाग्रस्त हुए विमानों की तस्वीरें दिखा कर दावे कर रहा है कि पाकिस्तानी सेना ने भारतीय सेना के 2 विमान मार गिराए और 2 भारतीय सैनिकों को बंदी बनाया जा चुका है।
वामपंथी मानसिकता से ग्रसित मीडिया-महानुभावों को मुद्दे नहीं मिलते आज-कल। लेकिन ख़बरों में बने रहने की लालसा भी नहीं जाती। ऐसे में बेचारे झूठ की माला फेरते हैं और धरे जाते हैं। यहाँ तो खैर रगड़ दिए जाते हैं।
यह राहुल गाँधी, सोशल मीडिया के वामपंथी ट्रोल और फुल टाइम प्रचारक पत्रकारों द्वारा प्रचारित एक और झूठ, उनकी कभी न खत्म होने वाली महाझूठ और प्रोपेगंडा का हिस्सा है।
पुलवामा हमले के बाद, कई पत्रकारों ने फ़र्ज़ी ख़बर फैलाई थी कि विभिन्न स्थानों पर कश्मीरी मुस्लिम छात्रों पर दक्षिणपंथी समूहों द्वारा हमला किया जा रहा है। इस तरह के निराधार दावों के कारण लोगों ने सोशल मीडिया पर उनकी आलोचनाएँ भी की थीं।
विवादस्पद NDTV की पहचान अब अक्सर फ़ेक न्यूज़ को प्रचारित करने की बन चुकी है। NDTV ने अपनी वेबसाइट में एक ऐसी भ्रामक हेडलाइन को प्रमुखता से जगह दी जिसमें यह दर्शाया गया कि पीएम मोदी ने वंदे भारत ट्रेन-18 का मजाक उड़ाते हुए लोगों के ख़िलाफ़ सज़ा की माँग की।