Monday, June 17, 2024
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अब पायलट नहीं कर पाएँगे माउथवॉश और परफ्यूम का इस्तेमाल, वर्ना डीजीसीए देगी सजा; जारी किया गाइडलाइन

डीजीसीए ने कहा फ्यूल सेल टेक्नोलॉजी वाले ब्रेथ एनालाइजर का इस्तेमाल अनिवार्य कर दिया गया है। साथ ही एजेंसियों की निगरानी एवं निरीक्षण की एक प्रक्रिया शुरू की गई है।

भारत में पायलटों को अब विमान में टूथपेस्ट का उपयोग करने से मना किया गया है। यह दिशानिर्देश नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) द्वारा जारी किया गया है और यह पायलटों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए है। डीजीसीए ने यह भी कहा कि पायलटों को विमान में माउथवॉश का उपयोग करने से भी बचना चाहिए। अगर वो ऐसा करते हैं, तो फिर उन्हें सजा दी जा सकती है।

विमानन नियामक डीजीसीए ने संशोधित नियम जारी किए हैं, जिसमें शराब के लिए बनाए नए नियम में शराब के सेवन के लिए विमान कर्मियों की मेडिकल जाँच की प्रक्रिया से संबंधित नियमों में कई बदलाव किए गए हैं। इसके इस्तेमाल से ब्रेथ एनालाइजर का टेस्ट पॉजिटिव हो सकता है। कोई भी क्रू मेंबर्स जो ऐसी दवा ले रहा है, उसे टेकऑफ से पहले कंपनी के डॉक्टर से परामर्श करना होगा।

डीजीसीए ने कहा कि इन सबके इस्तेमाल से ब्रेथ एनालाइजर का टेस्ट पॉजिटिव हो सकता है। कोई भी क्रू मेंबर्स जो ऐसी दवा ले रहा है, उसे टेकऑफ से पहले कंपनी के डॉक्टर से परामर्श करना होगा। सिविल एविएशन रिक्वायरमेंट में परफ्यूम शब्द का इस्तेमाल नहीं है। डीजीसीए ने कहा फ्यूल सेल टेक्नोलॉजी वाले ब्रेथ एनालाइजर का इस्तेमाल अनिवार्य कर दिया गया है। साथ ही एजेंसियों की निगरानी एवं निरीक्षण की एक प्रक्रिया शुरू की गई है।

पैसेंजर के रूप में ट्रैवल कर रहे ऑपरेटिंग क्रू मेंबर के लिए बोर्डिंग एयरपोर्ट पर ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट कराना जरूरी होगा। जब कोई पायलट या क्रू मेंबर्स ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट में पॉजिटिव मिलता है तो कड़ी सजा का प्रावधान है। सजा इस बात पर भी निर्भर करेगी कि गलती पहली बार हुई या बार-बार हो रही है। नियम लैंडिंग और टेकऑफ दोनों टेस्ट होंगे।

एक रिपोर्ट के अनुसार, इस साल की पहली छमाही में 33 पायलट और 97 केबिन क्रू सदस्य अपने अनिवार्य अल्कोहल परीक्षण में विफल रहे। वहीं 2022 में इस अवधि के लिए 14 पायलट और 54 केबिन-क्रू सदस्यों को ड्यूटी के दौरान नशे में धुत पाया गया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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