प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार (9 जुलाई 2025) को नामीबिया पहुँचे। यहाँ उन्हें नामीबिया के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ द मोस्ट वेल्वित्विया मिराबिलिस’ से सम्मानित किया गया। नामीबिया में 27 साल बाद किसी भारतीय प्रधानमंत्री ने दौरा किया है। पीएम अपनी पाँच देशों को यात्रा पूरी कर फिलहाल दिल्ली पहुँच चुके हैं।
2014 में प्रधानमंत्री बनने से लेकर अब तक पीएम नरेंद्र मोदी का यह 27वाँ अंतरराष्ट्रीय सम्मान है। अपनी आधिकारिक यात्रा के आखिरी चरण में नामीबिया पहुँचे पीएम मोदी ने नामीबिया की संसद को भी संबोधित किया।
पीएम मोदी ने कहा “यह मेरे लिए गर्व की बात है कि मैं इस लोकतंत्र के मंदिर में बोल रहा हूँ। मैं भारत की 140 करोड़ जनता की ओर से शुभकामनाएँ और स्नेह लेकर आया हूँ।”
It was an honour to speak on India-Namibia friendship, our bond with Africa and India’s efforts for global good, during my address to the Namibian Parliament. pic.twitter.com/GQmB6CPDAX
— Narendra Modi (@narendramodi) July 9, 2025
उन्होंने कहा “भारत और नामीबिया दोनों ने औपनिवेशिक शासकों से स्वतंत्रता की लड़ाई लड़ी। आज हम समानता, स्वतंत्रता और न्याय के मार्ग पर साथ चल रहे हैं।”
नामीबिया की राष्ट्रपति डॉ. नेटुम्बो नंदी-नदैतवाह ने पीएम मोदी को राजधानी विंडहोक स्थित स्टेट हाउस में यह सम्मान दिया। पीएम ने अपने संबोधन में कहा “मैं सर्वोच्च नागरिक सम्मान लेते हुए बहुत गर्व महसूस कर रहा हूँ। नामीबिया के मजबूत और सुंदर पौधों की तरह हमारी दोस्ती समय की कसौटी पर खरी उतरी है। यहाँ के राष्ट्रीय पौधे वेल्वित्शिया मिराबिलिस की तरह यह समय और उम्र के साथ और भी मजबूत होगी।”
Addressing the Joint Session of the Parliament of the Republic of Namibia. https://t.co/DvfaaKDYVX
— Narendra Modi (@narendramodi) July 9, 2025
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 2 जुलाई से शुरू हुई आधिकारिक यात्रा 10 जुलाई तक 5 देशों- घाना, त्रिनिदाद एंड टोबैगो, अर्जेंटीना, ब्राजील और नामीबिया का दौरे के साथ समाप्त हुई। इस यात्रा में उन्हें पिछले 7 दिनों में 4 देशों ने सर्वोच्च नागरिक सम्मान से सम्मानित किया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के संविधान का उदाहरण देते हुए कहा कि कुछ महीने पहले नामीबिया ने अपनी पहली महिला राष्ट्रपति चुनी। हम आपके गर्व और खुशी को समझते हैं, क्योंकि भारत में हम भी राष्ट्रपति को गर्व से मैडम प्रेसिडेंट कहते हैं। यह भारत के संविधान की शक्ति है कि एक गरीब आदिवासी परिवार की बेटी दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र की राष्ट्रपति है।”
प्रधानमंत्री ने नामीबिया और भारत के व्यापार के मुद्दे को लेकर कहा “भारत कैंसर के इलाज के लिए नामीबिया को भाभाट्रॉन रेडियोथेरेपी मशीन देने के लिए तैयार है। भारत में विकसित इस मशीन का उपयोग 15 देशों में किया जा चुका है। इसने विभिन्न देशों में लगभग पाँच लाख गंभीर कैंसर रोगियों की मदद की है। हम नामीबिया को सस्ती और गुणवत्तापूर्ण दवाओं तक पहुँच के लिए जन औषधि कार्यक्रम में शामिल होने के लिए भी आमंत्रित करते हैं”।
इसके साथ ही पीएम ने कहा “नामीबिया भारत की UPI तकनीक अपनाने वाला पहला देश बन गया है। हमारा द्विपक्षीय व्यापार 80 करोड़ डॉलर (6,680 करोड़ रुपए) को पार कर गया है। लेकिन क्रिकेट के मैदान की तरह, हम अभी तैयारी कर रहे हैं। हम तेजी से और ज्यादा रन बनाएँगे।”
बता दें कि नामीबिया में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यह पहली और किसी भारतीय प्रधानमंत्री की तीसरी यात्रा है। आज से 27 साल पहले 1998 में तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी नामीबिया गए थे। वहीं उनसे पहले 1990 में प्रधानमंत्री वीपी सिंह, पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गाँधी के साथ नामीबिया के पहले स्वतंत्रता दिवस पर वहाँ पहुँचे थे।


