देश की दिग्गज आईवियर कंपनी लेंसकार्ट (Lenskart) ने अपने ड्रेस कोड को लेकर छिड़े विवाद के बाद बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ने साफ कर दिया है कि अब उनके स्टोर्स में काम करने वाले कर्मचारी अपनी आस्था और संस्कृति से जुड़े प्रतीकों जैसे बिंदी, तिलक, सिंदूर और हिजाब को बिना किसी रोक-टोक के पहन सकेंगे।
पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर लेंसकार्ट के ‘स्टाइल गाइड’ को लेकर काफी विरोध हो रहा था, जिसके बाद कंपनी ने सार्वजनिक रूप से माफी माँगते हुए नई गाइडलाइन्स जारी की हैं। लेंसकार्ट ने अपनी नई और पारदर्शी ‘इन-स्टोर स्टाइल गाइड’ जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि कंपनी हर आस्था का स्वागत करती है।
We have heard you. Clearly and openly. Over the past few days, our community and customers have spoken – and we have listened.
— lenskart (@Lenskart_com) April 18, 2026
Today, we are standardizing our In-Store Style Guide and sharing it publicly and transparently: https://t.co/lC8KlLLUZm
These guidelines explicitly and…
लेंसकार्ट के मुताबिक, उनके 2400 से ज्यादा स्टोर्स उन लोगों द्वारा चलाए जाते हैं जो अपनी परंपराओं को साथ लेकर चलते हैं और कंपनी कभी भी उन्हें अपनी पहचान बाहर छोड़ने के लिए नहीं कहेगी। कंपनी ने एक आधिकारिक बयान जारी कर कहा है कि अगर उनके किसी भी पुराने संवाद या पॉलिसी से कर्मचारियों की भावनाओं को ठेस पहुँची है या उन्हें ऐसा लगा है कि उनकी आस्था का यहाँ स्वागत नहीं है, तो वे इसके लिए तहे दिल से माफी माँगते हैं।
भविष्य के लिए किया वादा
लेंसकार्ट ने वादा किया है कि अब से उनकी हर पॉलिसी, ट्रेनिंग मटेरियल और बातचीत में भारतीय मूल्यों और संस्कृति का सम्मान दिखेगा। कंपनी ने कहा कि वे इन नियमों को पूरी निष्पक्षता से लागू करेंगे और ग्राहकों व कर्मचारियों का भरोसा दोबारा जीतने की कोशिश करेंगे। कंपनी का कहना है कि ‘लेंसकार्ट भारत में, भारतीयों द्वारा और भारतीयों के लिए बना है,’ और वे अपनी इस मूल पहचान को हमेशा बनाए रखेंगे।

