Homeराजनीतिकेजरीवाल सरकार ने सिक्किम को बताया अलग राष्ट्र: पूर्वोत्तर राज्य के मुख्य सचिव ने...

केजरीवाल सरकार ने सिक्किम को बताया अलग राष्ट्र: पूर्वोत्तर राज्य के मुख्य सचिव ने पत्र लिख जताई आपत्ति

मुख्य सचिव ने इस आपत्तिजनक विज्ञापन को जल्द से जल्द वापस लेने की अपील की है। साथ ही एक ऐसी विज्ञप्ति जारी करने की अपील की गई है, जिससे सिक्किम के लोगों की भावनाओं को ठेस न पहुँचे। इस विज्ञापन के सार्वजनिक होने के बाद सोशल मीडिया पर भी लोगों ने केजरीवाल सरकार के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया था।

दिल्ली की अरविन्द केजरीवाल सरकार ने ‘सिविल डिफेंस कॉर्प्स’ के लिए वालंटियर्स की भर्ती के लिए अख़बारों में आवेदन प्राकशित करवाया था। इसमें सिक्किम को नेपाल और भूटान के साथ एक अलग देश के रूप में दिखाया गया है। सिक्किम के मुख्य सचिव एससी गुप्ता ने इस पर आपत्ति जताई है। उन्होंने एक पत्र के माध्यम से दिल्ली सरकार के इस रवैये पर आपत्ति जताई और लिखा कि ये दुखदाई है। यहाँ तक खुद सिक्किम के मुख्यमंत्री प्रेम सिंह तमांग ने भी ट्वीट कर इस आपत्ति जताई है और जल्द से जल्द सुधार करने के लिए कहा है।

गुप्ता ने अपने आधिकारिक पत्र में लिखा कि ये एक बेहद ही नुकसानदायक क़दम है। उन्होंने कहा कि सिक्किम के लोग इस महान राष्ट्र का हिस्सा होने को लेकर गौरव महसूस करते हैं। बता दें कि मई 16, 1975 को सिक्किम भारतीय गणराज्य का 22वाँ राज्य बना था। आईएएस अधिकारी गुप्ता ने इस पत्र के साथ-साथ दिल्ली सरकार द्वारा दिए गए एडवर्टाइजमेंट की कॉपी भी संलग्न की और दिल्ली के मुख्य सचिव को प्रेषित किया।

मुख्य सचिव ने इस आपत्तिजनक विज्ञापन को जल्द से जल्द वापस लेने की अपील की है। साथ ही एक ऐसी विज्ञप्ति जारी करने की अपील की गई है, जिससे सिक्किम के लोगों की भावनाओं को ठेस न पहुँचे। बता दें कि इस विज्ञापन के सार्वजनिक होने के बाद सोशल मीडिया पर भी लोगों ने केजरीवाल सरकार के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया था।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

भगवान राम का अपमान, आजादी के नारे और तिरंगे से बदसलूकी: कॉकरोचों को ये तक नहीं पता कि वे क्यों आए हैं, पढ़ें- CJP...

कॉकरोचों के प्रदर्शन में छात्रों के मुद्दे नहीं बल्कि आजादी के नारे, डफली गैंग, तिरंगे से बदसलूकी और हिंदू देवी-देवताओं का अपमान दिखा। पढ़ें रिपोर्ट।

तमिलनाडु में द्रविड़ राजनीति के ‘घृणा मॉडल’ को अन्नामलाई की चुनौती, पेरियार नहीं, कलाम हैं आदर्श: समझें- ‘We The Change’ से राष्ट्रवाद का शंखनाद...

अन्नामलाई ने कहा कि तमिल संस्कृति-भाषा पर गर्व और भारत माता के प्रति समर्पित रहना एक-दूसरे के विरोधी नहीं, बल्कि एक ही सिक्के के दो पहलू हैं।
- विज्ञापन -