HomeराजनीतिBJP जीतेगी 300 सीटें, भविष्यवाणी करने वाले ज्योतिर्विज्ञान के प्रोफेसर मध्य प्रदेश में निलंबित

BJP जीतेगी 300 सीटें, भविष्यवाणी करने वाले ज्योतिर्विज्ञान के प्रोफेसर मध्य प्रदेश में निलंबित

"मेरे द्वारा आकलित ज्योतिषीय आकलन मात्र शास्त्रीय प्रचार की दृष्टि किया गया था, यदि मेरे प्रयोग से किसी की भावना आहत होती है तो मैं क्षमा चाहता हूँ।"

उज्जैन स्थित विक्रम विश्वविद्यालय में कार्यरत ज्योतिर्विज्ञान अध्ययनशाला के प्रमुख को आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने ताज़ा लोकसभा चुनाव में भाजपा के 300 सीटें जीतने की घोषणा की थी। रिपोर्ट्स के अनुसार, प्रोफेसर ने कहा था कि भाजपा अकेले अपने दम पर 300 सीटें जीतेगी, वहीं पूरे राजग गठबंधन के खाते में 300 से अधिक सीटें आएँगी। विक्रम विश्वविद्यालय के कुलसचिव डीके बग्गा ने बुधवार (मई 8, 2019) को कहा, “सोशल मीडिया पर राजनीतिक पोस्ट डालकर आदर्श आचार संहिता के कथित उल्लंघन पर इस संस्थान की ज्योर्तिविज्ञान अध्ययनशाला के अध्यक्ष राजेश्वर शास्त्री मुसलगाँवकर को निलंबित कर दिया गया है।“

मुसलगाँवकर पर जिस फेसबुक पोस्ट को लेकर कार्रवाई की है, उसे उन्होंने 28 अप्रैल को लिखा था। इस पोस्ट में उन्होंने लिखा था, “अभी भाजपा 300 के पास और राजग 300 के पार।” हालाँकि, अगले ही दिन उन्होंने सार्वजनिक रूप से माफ़ी माँगने के बाद इस पोस्ट को हटा भी लिया था। इसके अगले दिन 29 अप्रैल को शेयर किए गए फेसबुक पोस्ट में उन्होंने लिखा “मेरे द्वारा आकलित ज्योतिषीय आकलन मात्र शास्त्रीय प्रचार की दृष्टि किया गया था, यदि मेरे प्रयोग से किसी की भावना आहत होती है तो मैं क्षमा चाहता हूँ।” पुलवामा हमले के बाद हुई एयर स्ट्राइक के बाद भी प्रोफेसर शास्त्री ने मृत आतंकियों की गिनती पर सवाल उठाने वालों को आड़े हाथों लिया था।

प्रोफसर शास्त्री के निलंबन आदेश का पत्र

भाजपा ने प्रोफेसर शास्त्री के निलंबन का विरोध किया है। प्रदेश भाजपा प्रवक्ता उमेश शर्मा ने इस पर पार्टी का रुख स्पष्ट करते हुए कहा, “विभिन्न विषयों पर ज्योतिषीय आकलन जाहिर करना ज्योतिर्विज्ञान के प्राध्यापकों के अध्ययन-अध्यापन का अनिवार्य अंग होता है। ऐसे में मुसलगाँवकर जैसे विद्वान ज्योतिषाचार्य पर निलंबन की कार्रवाई सरासर अनुचित है। उनके निलंबन आदेश को शीघ्र रद्द किया जाना चाहिए।” भाजपा ने प्रोफेसर शास्त्री के बचाव में उनका निलंबन रद्द करने की माँग की।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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