मोदी सरकार ने बड़ा फ़ैसला लेते हुए अनुच्छेद 370 और अनुच्छेद 35-A हटा दिया, जिसपर राष्ट्रपति की मंज़ूरी भी मिल गई है। इसके अलावा लद्दाख को जम्मू-कश्मीर से अलग कर दिया गया है। साथ ही जम्मू-कश्मीर को केंद्र शासित राज्य घोषित कर दिया गया। अब जम्मू-कश्मीर अलग राज्य नहीं रहा।
मुलायम सिंह यादव के करीबी माने जाने वाले सपा नेता संजय सेठ ने पार्टी की सदस्यता के साथ-साथ संसद की सदस्यता से भी इस्तीफ़ा दे दिया है। इससे पहले समाजवादी पार्टी के नीरज शेखर और सुरेंद्र नागर भी पार्टी से इस्तीफ़ा दे चुके हैं।
महत्वपूर्ण फैसला लेते हुए केंद्र सरकार ने वर्तमान जम्मू-कश्मीर से लद्दाख को अलग कर दिया है। इस फैसले के बाद जम्मू-कश्मीर अब केंद्र शासित प्रदेश बन गया है। इस तरह मोदी सरकार ने राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित करने का निर्णय लिया है: जम्मू-कश्मीर और लद्दाख।
अनुच्छेद 370 (1) के अलावा सभी खंड राष्ट्रपति के अनुमोदन से खत्म होंगे। अमित शाह ने कहा कि राष्ट्रपति के अनुमोदन के बाद अनुच्छेद 370 के सभी खंड लागू नहीं होंगे। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने का प्रस्ताव पेश करते ही विपक्षी दलों ने हंगामा शुरू कर दिया।
"भाजपा नेता होने के बावजूद अटल जी में कश्मीरियों के लिए सहानुभूति थी और उन्होंने कश्मीर की जनता का प्यार हासिल किया। आज उनकी कमी हम सबसे ज्यादा महसूस कर रहे हैं।"
राज्य प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से श्रीनगर में अनिश्चितकाल तक धारा 144 लगा दी है। इस आदेश के तहत इलाके में लोगों की किसी तरह की आवाजाही नहीं हो सकेगी और सभी शैक्षणिक संस्थान भी बंद रहेंगे।
"रितेश ने प्रभु चावला के साथ मेरा पहला इंटरव्यू देखा था और तभी से वो मेरे फैन हो गए थे। इसके बाद मैसेज के जरिए उनसे बात होने लगी। रितेश को जानने के बाद मैं जीसस से प्रार्थना कर रही थी कि उन्हीं की पत्नी बनूँ, मेरी ख्वाहिश पूरी हो गई।"
"मेरी 10 साल से ज्यादा दोस्त रह चुकी लड़की ने, जो उच्च-मध्यम वर्ग की थी, अपने बर्थडे की पार्टी में नहीं बुलाया क्योंकि उसके नए-नए बने 'संघी' बॉयफ्रेंड को मुस्लिम पसंद नहीं। मेरे दोस्त ने खुद यह कबूल किया। उस दोस्त ने शादी में भी नहीं बुलाया।"