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‘तुम हिंदू गौमूत्र में नहाते हो…’: अमेरिका में अब भारतीय पुरुष से गाली-गलौच, मुँह पर फेंके डॉलर, जगह-जगह थूका

कैलिफोर्निया के शहर फ्रीमोन्ट से एक हिंदुओं से नफरत करने वाले व्यक्ति की वीडियो सामने आई है। इस वीडियो में एक विदेशी न केवल भारतीय व्यक्ति को गंदी-गंदी गालियाँ दे रहा है, बल्कि हिंदू धर्म को नीचा दिखा रहा है और बार-बार पूरे भारत का मखौल उड़ा रहा है।

घटना 21 अगस्त 2022 की है। कृष्णन जयारमन, फ्रीमोन्ट के एक रेस्टोरेंट में बैठकर अपने खाने का इंतजार कर रहे थे कि तभी एक अन्य व्यक्ति आया और उनसे गाली-गलौच शुरू कर दी।

उसने जयारमन को बिन मोजे में देखा तो कहा, “अपने घटिया पाँव नंगे लेकर क्यों आए। ये भारत नहीं है। तुम लोगों ने भारत को बर्बाद किया और अब अमेरिका को भी बर्बाद कर रहे हो।”

8.5 मिनट की वीडियो में लगातार व्यक्ति को हिंदुओं के लिए अभद्र भाषा का प्रयोग करते देखा जा सकता है। जयारमन कहते हैं कि उस आदमी ने उन्हें कहा था, “तुम हिंदू हो गौमूत्र में नहाते हो।” उसने जयारमन को कहा, “भारतीय लोग मजाक होते हैं। इसी गंदी ट%^& को देख लो।”

हिंदी-पंजाबी बोल रहा था गालीबाज

जयारमन के अनुसार, “वो आदमी मेरे मुँह के सामने आकर अनाप-शनाप बोल रहा था। उसने मेरे मुँह पर डॉलर फेंके और हर जगह थूकने लगा।” जयारमन को सबसे ज्यादा हैरानी तब हुई तब उन्होंने उस आदमी को हिंदी और पंजाबी बोलते सुना।

जयारमन को गाली देते हुए उस आदमी ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गाँधी का नाम लिया और बम फेंकने की बातें कीं। तब जयारमन को एहसास हुआ कि शायद वो आदमी भारतीय हो सकता है जिसका संबंध खालिस्तानी संगठनों से हो।

गालीबाज आदमी ने जयारमन को ये भी कहा, “तुम ही वो लोग हो जिन्होंने ईस्ट इंडिया के सामने सबसे पहले घुटने टेके। तुम वो लोग हो जिन्होंने अपने सिरों को झुकाया।”

जयारमन कहते हैं कि उनके साथ ये सब जिस समय पे हो रहा था उस वक्त टाको बेल के कई कर्मचारी वहाँ पर थे। लेकिन किसी ने उस व्यक्ति को वहाँ से जाने को नहीं कहा, वो सब लोग सब कुछ सुनते हुए अपने कामों में लगे रहे। इसके बाद वहाँ के सुपरवाइजर ने पुलिस को कॉल की और तब जाकर वह व्यक्ति शांत हुआ।

हर समुदाय का सम्मान करते हैं, इस मामले की जाँच होगी: भारतीय पर हमले के बाद पुलिस

बता दें कि पुलिस ने इस संबंध में बयान जारी करते हुए कहा कि वो इस तरह हेट क्राइम अपराधों को गंभीरता से लेते हैं और समझते हैं कि ऐसी बातों का असर समुदाय पर कितना पड़ता है। इस मामले में वह अपने सारे संसाधन का प्रयोग जाँच में लाएँगे। पुलिस ने कहा, “फ्रीमॉन्ट विभिन्न समुदायों से बना राष्ट्र है। हम हर समुदाय और हर संस्कृति व उनकी पृष्ठभूमि के आभारी हैं। जैसे ही इस मामले की जाँच में कोई आगे डेवलपमेंट होगा उसके बारे में सूचना दी जाएगी।”

हमारा धर्म सबको समान मानता है: जयारमन

उल्लेखनीय है कि 21 अगस्त 2022, रविवार के दिन हुई इस घटना का वीडियो यूट्यूब पर है। इसे हजारों लोगों ने देखा है। वहीं मीडिया से बात करते हुए जयारमन ने बताया कि उस व्यक्ति ने उनके उस धर्म को गाली दी जो ये बताता है कि दुनिया में साँस लेने वाला हर व्यक्ति बराबर है। इस हिसाब में वह व्यक्ति भी समान है। जयारमन इतना भला-बुरा सुनने के बाद भी कहते हैं कि शायद उस रात उस व्यक्ति के साथ कुछ बुरा हुआ होगा, इसलिए उसने ऐसा बर्ताव किया। उन्होंने अपने साथ हुई घटना को वीभत्स बताया।

महिला ने किया था भारतीयों पर हमला

इससे पहले अमेरिका के टेक्सास के डेल्लास शहर के प्लानो में भारतीय महिलाओं पर नस्लीय हमले की घटना हुई थी। डिनर के लिए एक होटल में आईं चार भारतीय-अमेरिकी महिलाएँ आपस में भारतीय लहजे (Accent) में बात कर रही थीं। यह देख एक मेक्सिकन-अमेरिकन महिला ने उन पर नस्लीय टिप्पणियाँ और मारपीट की थी। उसने कहा था कि वो भारतीयों से नफरत करती है। उसकी वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने उसको गिरफ्तार कर लिया था।

2 सालों से अंकिता सिंह के पीछे पड़ा था शाहरुख़ हुसैन, घर में भी घुस जाता था: हिन्दू छात्रा को बंद करना पड़ा था स्कूल जाना, दादा ने दी मुखाग्नि

झारखंड के दुमका में शाहरुख़ नाम के युवक ने 12वीं की छात्रा अंकिता पर पेट्रोल डाल कर उसे ज़िंदा जला डाला, जिसके बाद अस्पताल में इलाज के क्रम में हिन्दू लड़की की मौत हो गई। अंकिता ने शाहरुख़ का प्रस्ताव ठुकरा दिया था, जिसके बाद उसने इस अपराध को अंजाम दिया। मंगलवार (23 अगस्त, 2022) को शाहरुख़ हुसैन को गिरफ्तार किया गया था। वहीं अब परिजनों और परिचितों की मौजूदगी में अंकिता का अंतिम संस्कार हुआ।

कड़ी सुरक्षा के बीच अंकिता सिंह की अंतिम यात्रा निकाली गई, जिसमें लोगों ने प्रशासन के विरोध में नारे भी लगाए। 17 वर्षीय मृतका के दादा ने उसे मुखाग्नि दी। स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए दुमका-भागलपुर रोड को जाम कर दिया। दुमका में बंद भी बुलाया गया है। पुलिस ने धारा-144 लागू कर दी है। जरुवाडीह मोहल्ले की अंकिता के हत्यारे शाहरुख़ को पुलिस कस्टडी में हँसते हुए देखा गया, जिससे पता चलता है कि उसे अपने किए का कोई पछतावा नहीं।

अब ये भी सामने आया है कि शाहरुख़ पिछले 2 वर्षों से अंकिता को प्रताड़ित कर रहा था। एकतरफा सनक में सन चुका शाहरुख़ एक तरह से अंकिता के लिए आतंक सा बन गया था। फूलो झानो मेडिकल कॉलेज अस्पताल में कार्यकारी मजिस्ट्रेट के समक्ष मौत से 5 दिनों पहले अंकिता ने बयान दर्ज कराया था। इसमें छात्रा ने बताया था कि उसकी ही एक सहेली से उसका फोन नंबर लेने में शाहरुख़ कामयाब हो गया था।

इसके बाद फोन कर के उसने दोस्ती के लिए दबाव बनाना शुरू कर दिया। अंकिता उससे बात तक करना पसंद नहीं करती थी। जब अंकिता स्कूल जाती थी, तब भी शाहरुख़ उसका पीछा करता था। वो न सिर्फ फोन पर परेशान करता था, बल्कि रास्ते में भी छेड़खानी करता था। तंग आकर अंकिता ने स्कूल जाना ही बंद कर दिया था। वो अपने पिता के साथ ट्यूशन जाती थी। शाहरुख़ ने अंकिता के घर पर पत्थरबाजी तक की थी।

इतना ही नहीं, शाहरुख़ अक्सर अंकिता के घर में चोरी-छिपे घुस जाता था। एक बार लोगों ने चोर समझ कर उसकी धुनाई भी की थी। हालाँकि, इसके बावजूद वो अपनी करतूतों से बाज नहीं आया। एक दिन तो उसने अंकिता के घर के दरवाजे पर लगी ग्रिल को लोहे की खंती से उखाड़ने की कोशिश की। लोक-लाज के भय से परिवार ने पुलिस का रुख नहीं किया। जब शाहरुख़ की हरकतें हद से आगे बढ़ने लगीं तो पिता ने थाने जाने की ठानी।

हालाँकि, तब शाहरुख़ के बड़े भाई ने उनसे माफ़ी माँगते हुए थाने न जाने को कहा। अब वही परिवार को धमका रहा। कुछ दिनों पहले शहर में डिज्नीलैंड मेला लगा था, जहाँ अंकिता अपने पिता के साथ ही गई थी। अंकिता का परिवार आर्थिक तंगी का शिकार है। पिता संजीव सिंह किराना व्यवसायी हैं। 1 साल पहले अंकिता की माँ कैंसर के कारण चल बसी थीं। अंकिता की बड़ी बहन का विवाह हो चुका है। एक 12 साल का छोटा भाई है घर में। साथ ही दादा-दादी भी हैं। शाहरुख़ हुसैन के बारे में अंकिता ने ये भी बताया था कि वो दूसरी लड़कियों को भी परेशान किया करता था।

घटना से 1 दिन पहले भी शाहरुख़ ने अंकिता को फोन पर धमकी दी थी कि वो उसे जान से मार डालेगा। तड़के 4 बजे उसने अंकिता के घर पहुँच कर खिड़की से पेट्रोल छिड़का और आग लगा दी। अंकिता उस वक्त सोई हुई थी। रिम्स राँची में उसे रेफर किया गया। अंकिता की पीठ, दोनों हाथ, दोनों पैर और पेट के हिस्से जल गए थे। अब प्रशासन शांति की अपील करते हुए फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई की बात कर रहा है। दुमका के सांसद सुनील सोरेन ने परिजनों को सुरक्षा, मुआवजा और नौकरी देने की माँग की है।

अंकिता की मौत से उबला दुमका, धारा 144 लागू: पेट्रोल डाल शाहरुख ने हिंदू युवती को जलाया था, बड़ा भाई पीड़ित परिवार को दे रहा धमकी

झारखंड के दुमका में धारा 144 लागू कर दी गई है। 16 वर्षीय छात्रा अंकिता कुमारी सिंह की मौत के बाद हुए प्रदर्शनों को देख ऐसा किया गया है। 23 अगस्त 2022 को शाहरुख ने पेट्रोल छिड़क अंकिता को आग लगा दी थी। इलाज के दौरान हिंदू युवती ने 27 अगस्त को दम तोड़ दिया था।

मौत की खबर मिलने के बाद से स्थानीय लोगों में काफी आक्रोश है। घटना के विरोध में जगह-जगह प्रदर्शन किए जा रहे हैं। दुमका में दुकानें बंद हो गई। रिपोर्टों के अनुसार इलाके में तनाव व्याप्त है। प्रभात खबर में प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार अंकिता के परिजनों को शाहरुख के बड़े भाई की ओर से धमकी मिल रही है। पीड़ित परिवार ने यह दावा करते हुए सुरक्षा की माँग की है। रिपोर्ट में बताया गया है कि मौत से पहले अंकिता ने भी शाहरुख के परिजनों से अपने घरवालों को धमकी मिलने की बात कही थी।

अंकिता की मौत के बाद दुमका में प्रदर्शन

अंकिता की मौत के बाद भाजपा, विहिप और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं के साथ आम लोगों ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। दुमका बाजार बंद करवा दिया। ये सभी फास्ट टैक कोर्ट में मामले की सुनवाई कराने, हत्यारोपी को फाँसी की सजा देने, पीड़ित परिवार को मुआवजे की माँग कर रहे हैं। दुमका एसपी रविवार शाम (28 अगस्त 2022) अंकिता के घर पहुँचे। उन्होंने परिजनों को आश्वासन दिलाया कि कि मामले की फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई करवाई जाएगी।

एसडीओ महेश्वर महतो ने अंकिता की मौत के बाद दुमका में प्रदर्शन और तेज होने की आशंकाओं के मद्देनजर अगले आदेश तक धारा 144 के तहत निषेधाज्ञा लागू कर दी है। इसके तहत 5 या उससे अधिक लोगों का जमावड़ा पूर्णतः निषेद्य रहेगा। बिना किसी अनुमति के किसी भी प्रकार का धरना-प्रदर्शन, सार्वजनिक रूप से सामूहिक भोज, जूलूस और रैली का आयोजन प्रतिबंधित रहेगा।

बता दें कि झारखंड के दुमका में अंकिता के ऊपर हमला मंगलवार (23 अगस्त) की सुबह हुआ था। अंकिता ने मरने से पहले पुलिस को बताया था कि शाहरुख उसे आए दिन तंग करता था। उसे दोस्ती के लिए कहता था। लेकिन अंकिता ने जब बात नहीं मानी तो उसने उसे जान से मारने की धमकी दी। अधिकारियों ने अंकिता और उसके परिजनों के बयान के बाद घटना वाले दिन ही शाहरुख को गिरफ्तार कर लिया था।

‘कुएँ में कूद जान दे दूँगा पर कॉन्ग्रेस में नहीं आऊँगा’: जब ‘दोस्त’ के ऑफर को नितिन गडकरी ने ठुकराया, कहा- मुझे उनकी विचारधारा पसंद नहीं

केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने हाल में एक बैठक के दौरान बताया कि वो कॉन्ग्रेस के बारे में क्या सोचते हैं। 27 अगस्त 2022 को उद्यमियों के साथ हुई एक चर्चा में उन्होंने याद किया कि एक बार उन्हें भी किसी दोस्त ने भाजपा छोड़ कॉन्ग्रेस में शामिल होने को कहा था, लेकिन वो जानते थे कि उन्हें कॉन्ग्रेस का हाथ किसी हाल में नहीं थामना।

गडकरी ने कहा,

“मैं नागपुर में छात्रनेता के तौर पर काम करता था। तब कॉन्ग्रेस नेता श्रीकांत जिचकर ने मुझे एक दिन कहा- यार नितिन तुम अच्छे इंसान हो, तुम्हारा राजनीतिक भविष्य सुनहरा है। लेकिन तुम गलत पार्टी में हो। कॉन्ग्रेस में आ जाओ। तब मैंने जवाब दिया था- श्रीकांत मैं कुएँ में जान दे दूँगा लेकिन कॉन्ग्रेस में नहीं आऊँगा क्योंकि मुझे कॉन्ग्रेस की विचारधारा पसंद नहीं है। वो बोले तुम्हारी पार्टी का कोई भविष्य नहीं है। मैंने कह दिया- नहीं है तो नहीं है।”

नितिन गडकरी ने बैठक में शामिल लोगों को प्रेरणा देने के लिए एक और किस्सा बताया। उन्होंने कहा कि जब उनकी पार्टी लगातार हार रही थी तब उनके आईआईटी वाले दोस्त ने एक बार उनको रिचर्ड डिक्सन की एक किताब दी थी। इस किताब में रिचर्ड ने कहा था कि व्यक्ति तब नहीं खत्म होता जब वो हारता है, व्यक्ति तब खत्म होता है जब वो हार को मानता है।

बैठक में शामिल उद्यमियों से बात करते हुए नितिन गडकरी ने कहा कि जो कोई भी व्यवसाय, सामाजिक कार्य या राजनीति में है, उसके लिए मानवीय संबंध सबसे बड़ी ताकत हैं। उन्होंने कहा कि कभी भी यूज एंड थ्रो की नीति नहीं अपनानी चाहिए। अच्छा समय हो या फिर बुरा। अगर किसी का हाथ थाम लिया है तो उसे थामें रखें।

नितिन गडकरी ने सफलता का असली अर्थ समझाते हुए कहा कि जब आपको सक्सेस मिलती है तो उसकी खुशी अगर आपको अकेले को होती है, तो वो अर्थहीन है। मगर जब आपके साथ वालों को आपकी कामयाबी से प्रसन्नता हो तो वो कामयाबी का असली अर्थ है।

उन्होंने कहा, हमेशा स्थिति से लड़ना चाहिए। अहंकार और आत्मविश्वास दो अलग शब्द हैं। आत्मविश्वास हर व्यक्ति में होना चाहिए लेकिन अहंकार किसी में नहीं होना चाहिए। छोटे-छोटे लोगों से भी बहुत बातें सीखने को मिलती हैं। अगर वो बातें व्यक्ति व्यक्तित्व में ले आए तो उससे खुद में सुधार हो सकता है।

‘कम्युनिस्ट सरकार ने हर जगह कर लिया हिंदू मंदिरों पर कब्जा’ : SC की पूर्व जस्टिस इंदु मल्होत्रा का Video वायरल, वामपंथी बोले- ‘ये जज हिंदू जहर’

सुप्रीम कोर्ट से रिटायर जस्टिस इंदु मल्होत्रा का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है। इस वीडियो में वह दावा कर रही हैं कि वामपंथी सरकारों ने हर जगह हिंदू मंदिरों पर कब्जा कर लिया है।

वीडियो में पूर्व जस्टिस को ये कहते सुना जा सकता है कि उन्होंने और न्यायमूर्ति यूयू ललित ने केरल के तिरुवनंतपुरम स्थित श्री पद्मनाभस्वामी मंदिर से जुड़े ऐसे ही एक आदेश पर रोक लगवाई थी।

वीडियो संभवत: मंदिर परिसर के बाहर का है, जिसे इस समय कई लोग शेयर कर रहे हैं और पूर्व जस्टिस की तारीफ हो रही है। इसमें वह कहती हैं, 

“इन वामपंथी सरकारों के साथ ऐसा ही है। ये लोग सिर्फ राजस्व को हड़पना चाहते हैं। वे सिर्फ राजस्व के कारण कब्जा करना चाहते हैं। उनकी समस्या राजस्व है। सभी पर उन्होंने कब्जा कर लिया है। सब कुछ पर। लेकिन केवल हिंदू मंदिर पर। इसलिए न्यायमूर्ति ललित और मैंने ऐसा होने से रोक दिया था।”

इस वीडियो के वायरल होने के बाद जहाँ कुछ लोग पूर्व जस्टिस की हिम्मत को सलाम कर रहे हैं। वहीं कुछ वामपंथी इसे देख विचलित हैं। उनका कहना है कि सोचिए जब इंदु मल्होत्रा के पास केस आता होगा तो वो कितना पक्षपात करती होंगी। कुछ लोग उन्हें हिंदुत्व का जहर बता रहे हैं

पद्मनाभस्वामी मंदिर से जुड़ा ऐतिहासिक फैसला

गौरतलब है कि पूर्व जस्टिस केरल के जिस श्री पद्मनाभस्वामी मंदिर के बारे में बात कर रही हैं, उसके प्रशासन और उसकी संपत्तियों के अधिकार को लेकर जुलाई 13, 2020 को सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया था। कोर्ट ने श्री पद्मनाभस्वामी मंदिर के प्रशासन में त्रावणकोर राजपरिवार के अधिकार को बरकरार रखा था। 

सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में कहा था कि मंदिर के मामलों के प्रबंधन वाली प्रशासनिक समिति की अध्यक्षता तिरुवनंतपुरम के जिला न्यायाधीश करेंगे और मुख्य कमिटी के गठन तक यही व्यवस्था रहेगी। कोर्ट ने आदेश में यह स्पष्ट कहा था कि मुख्य कमिटी में राजपरिवार की अहम भूमिका रहेगी।

कौन हैं पूर्व जस्टिस इंदु मल्होत्रा?

बता दें कि रिटायर जस्टिस इंदु मल्होत्रा पहली एक ऐसी महिला अधिवक्ता रहीं, जो वकील से सुप्रीम कोर्ट की जज बनाई गईं थीं। वह सबरीमाला मामले में फैसले के समय पीठ की अकेली ऐसी जज थीं जिन्होंने मंदिर के भीतर महिलाओं के प्रवेश को अनुमति देने से ज्यादा धार्मिक हितों की सुरक्षा का समर्थन किया था। 

इसके अलावा वह समलैंगिक यौन संबंध मामले में फैसला सुनाने वाली पीठ का भी हिस्सा थीं। उस फैसले में सुप्रीम कोर्ट ने आपसी सहमति से दो वयस्कों के बीच बनाए गए समलैंगिक संबंधों को अपराध की श्रेणी से हटा दिया था।

पूर्व जस्टिस इंदु मल्होत्रा 31 अक्टूबर 2021 को अपने पद से सेवानिवृत्त हुई थीं और इस वर्ष पंजाब में चुनाव से पहले जो नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में चूक का मामला आया था उसकी जाँच भी इंदु मल्होत्रा को दी गई थी। 

एशिया कप के बड़े मुकाबले में पाकिस्तान को भारत ने दी मात, अंतिम ओवर तक चला हाई वोल्टेज ड्रामा: भुवी-पंड्या ने दिखाया दम

‘एशिया कप’ में रविवार (28 अगस्त, 2022) को भारत और पाकिस्तान की भिड़ंत हुई, जिसमें भारत ने टॉस जीत कर पहले गेंदबाजी का फैसला चुना। भारत ने इस मैच में रवींद्र जडेजा के 35 रन और हार्दिक पंड्या के 33 रनों की बदौलत पाकिस्तान को 5 विकेट से मात दे दी। पाकिस्तान के 147 रनों का पीछा करने के लिए केएल राहुल और रोहित शर्मा बतौर सलामी बल्लेबाज क्रीज पर उतरे। भारत की शुरुआत बिलकुल भी अच्छी नहीं रही और राहुल को पारी की दूसरी ही गेंद पर नसीम शाह ने चलता किया। लेकिन, इसके बाद पूर्व कप्तान विराट कोहली ने पारी को सँभाल लिया।

कप्तान रोहित शर्मा 8वें ओवर में एक छक्का लगा कर चलते बने। उन्होंने 18 गेंदों पर 12 रनों की धीमी पारी खेली। 50 रन पर भारत के 2 विकेट गिर गए थे। विराट कोहली ने 34 गेंदों पर 35 रनों की पारी खेली, जिसमें उन्होंने 3 चौके और 1 छक्का लगाया। दोनों का विकेट मोहम्मद नवाज ने लिया। T-20 बल्लेबाजों की सूची में नंबर-2 पर काबिज सूर्यकुमार यादव ने शुरुआत अच्छी की, लेकिन वो 18 गेंदों पर 18 रन बना कर केएल राहुल का विकेट लेने वाले नसीम शाह के ही शिकार बने।

इसके बाद रवींद्र जडेजा के साथ मिल कर हार्दिक पंड्या ने भारतीय पारी को सँभाला। जडेजा को अप्रत्याशित रूप से इस मैच में चौथे नंबर पर भेजा गया था। हार्दिक पंड्या ने धुआँधार पारी खेलते हुए 17 गेंदों में 4 चौके और एक छक्के की मदद से 33 रन मारे।

पाकिस्तान की शुरुआत अच्छी नहीं रही और T-20 बल्लेबाजों की तालिका में फ़िलहाल विश्व में नंबर-1 पर काबिज पाकिस्तानी सलामी बल्लेबाज बाबर आजम को तीसरे ही ओवर में भारतीय तेज़ गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने चलता कर दिया। बाबर के साथ उतरे मोहम्मद रिजवान ज़रूर टिक कर खेले और 42 गेंदों पर 43 रन बनाए, लेकिन 15वें ओवर में भारतीय ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या ने उन्हें अपने जाल में फँसा लिया।

भारतीय गेंदबाजों की बात करें तो भुवी ही सबसे ज्यादा सफल रहे, जिन्होंने 4 ओवर में 26 रन देकर 4 विकेट झटके। हार्दिक पंड्या में 4 ओवर में 25 रन देकर 3 महत्वपूर्ण विकेट अपने नाम किया। फिर भी पाकिस्तान 147 के सम्मानजनक स्कोर पर पहुँचने में कामयाब रहा। इसका कारण रहा शाहनवाज धानी द्वारा अंत में खेली गई 6 गेंदों पर 16 रनों की पारी, जिसमें उन्होंने 2 छक्के जड़े। अर्शदीप ने उन्हें चलता किया। पाकिस्तान की टीम 120 गेंदें नहीं खेल पाई और 1 गेंद पहले ही चित हो गई।

पंजाब मुख्यमंत्री के पोस्टर पर ‘खालिस्तान जिंदाबाद’ के नारे, पूर्व CM बेअंत सिंह की तरह बम से उड़ाने की धमकी: जालंधर दौरे से पहले की घटना

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के जालंधर पहुँचने से एक दिन पहले वहाँ खालिस्तानी नारे लगने का मामला सामने आया है। जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री भगवंत मान और पूर्व सीएम बेअंत सिंह की फोटो पर यह ‘खालिस्तान जिंदाबाद’ के नारे लिखे गए थे जिसकी सूचना पुलिस को सुबह के समय मिली।

पुलिस ने मौके पर पहुँचकर स्प्रे पेंट से लिखे स्लोगन को मिटाया और संविधान चौक के आसपास लगे सीसीटीवी चेक करके आरोपितों की तलाश शुरू कर दी। कथिततौर पर इन पोस्टर्स पर भगवंत मान और अन्य को सार्वजनिक रूप से बम से उड़ाने की धमकी दी गई।

उल्लेखनीय है कि एक ओर 31 अगस्त को पूर्व सीएम बेअंत सिंह की पुण्यतिथि है और दूसरी ओर कल (29 अगस्त 2022) पंजाब सीएम ‘खेला वतन पंजाब दिया’ का उद्घाटन करने जालंधर के गुरु गोविंद सिंह स्टेडियम जा रहे हैं। ऐसे में अज्ञात लोगों ने इनके पोस्टर्स पर खालिस्तानी नारे लिखे और धमकी दी। बताया जा रहा है कि भगवंत मान के पोस्ट पर “नेक्स्ट” लिखा हुआ था।

अब पुलिस ने हर चौक हर रास्ते में और सुरक्षाबल को तैनात कर दिया है। बेअंत सिंह के पोते लुधियाना के सांसद रवनीत सिंह बिट्टू ने सिख फॉर जस्टिस के गुरपतवंत सिंह पन्नू को धमकी दी है कि अगर उसमें हिम्मत है तो वो सामने आकर बात करे।

बता दें कि कुछ दिन पहले भगवंत मान दिल्ली सीएम के साथ वोल्वो बसों को हरी झंडी देने के लिए जालंधर बस स्टैंड दए थे। उस दिन भी श्री देवी के मंदिर के सामने खालिस्तानी नारे लिखे थे। इसके अलावा पुलिस ने 6 जुलाई 2022 को खालिस्तानी नारे लिखने पर पटियाला के एक आदमी को गिरफ्तार किया था। उसने शैक्षिक संस्थानों की दीवारों के बाहर ये नारे लिखे थे। पुलिस ने बताया कि उसे ऐसा करने पर 1000 डॉलर देने का वादा हुआ था। मंजीत को बाद में पड़ताल के लिए पुलिस हिरासत में भेजा गया था।

‘TMC को लूट कर खा रहीं मिमी और नुसरत जहां’: ममता के मंत्री ने अपने ही पार्टी के नेताओं पर मढ़ा इल्जाम, बोले- ‘इनकी वजह से लोग हमें चोर समझते हैं’

पश्चिम बंगाल की ममता सरकार में उपभोक्ता मामलों के राज्य मंत्री व तृणमूल कॉन्ग्रेस के नेता श्रीकांत महाता का वीडियो सामने आया है। इसमें वह अपने अपनी ही पार्टी की सांसद मिमी चक्रवर्ती और नुसरत जहां समेत कुछ अन्य नेताओं पर पार्टी को लूटने का आरोप लगा रहे हैं। उनकी शिकायत कि पार्टी के शीर्ष नेता इमानदार कार्यकर्ताओं को दरकिनार कर रहे हैं और ऐसे लोगों को करीबी बना रहे हैं जो पार्टी की छवि बिगड़वा रहे हैं।

वायरल वीडियो सालबोनी के विधायक पश्चिम मेदिनीपुर में कहते हैं,

“हमें अपनी नागरिकता को बचाने के लिए उसी अनुसार योजना बनानी होगी। जरूरत पड़ने पर हमें बीडीओ, पुलिस और अन्य अधिकारियों को प्रतिनियुक्ति देनी चाहिए, उनसे पूछना होगा कि हमारे पास नागरिकता है या नहीं। हमारी नागरिकता बचाने के लिए बुद्धिजीवी समाज और किसान संघर्ष कर रहे हैं। और अगर जरूरत पड़ी तो हम ममता बनर्जी के पास जाएँगे।”

उन्होंने आगे कहा,

“इससे पहले हम अभिषेक बनर्जी, सुब्रत बख्शी को भी समझाना चाहते थे लेकिन वह समझना नहीं चाहते। वे जिन लोगों को अच्छे साथी के रूप में समझ रहे हैं। फिर हम कैसे बचेंगे। उन्हें कहना चाहिए कि बुरे लोग बुरे होते हैं। महादेव से लेकर संध्या रॉय, सयानी, सयंतिता, मिमी, नुसरत, नेपाल सिंह, संजीव सिंह तक पार्टी के अजीज बन गए हैं, फिर हम इस पार्टी का हिस्सा नहीं हो सकते।”

उन्होंने कहा,

“अगर ये नेता पैसे लूटकर पार्टी के अजीज बन रहे हैं तो हम मंत्री नहीं बनना चाहते। लोग कह रहे हैं कि इस कैबिनेट के सभी मंत्री चोर हैं। पार्टी उन चोरों की सुनेगी। हमें नया रास्ता ढूँढना होगा। हमें इसके खिलाफ जनआंदोलन छेड़ना होगा।”

उल्लेखनीय है कि बंगाल में एसएससी घोटाले में पार्थ चटर्जी और अनुब्रत मंडल की गिरफ्तारी के बाद टीएमसी नेता महाता की यह टिप्पणी अन्य पार्टी नेताओं के ऊपर आई है। उन्होंने सब पर पार्टी को लूटने का इल्जाम लगाया है। इससे पहले पार्टी के नेताओं के खिलाफ राज्य में कई जगह प्रदर्शन देखे गए थे। लोगों ने चोर-चोर के नारे भी लगाए थे।

बाढ़ से पाकिस्तान को अब तक ₹44000 करोड़ का नुकसान, 1030 की मौत: 500 रुपए के पार पहुँचा 1 Kg टमाटर का दाम, साफ़ हुए गाँव के गाँव

पाकिस्तान फ़िलहाल भयंकर बाढ़ से जूझ रहा है और मृतकों की संख्या 1030 के पार हो गई है। इससे फल-सब्जियों के दाम भी आसमान छू रहे हैं। जून के मध्य से ही इस्लामी मुल्क बाढ़ से जूझ रहा है, लेकिन अब तक वहाँ की सरकारें और प्रशासन इसे नियंत्रित करने व राहत कार्य में पूरी तरह विफल रहा है। पिछले 1 दिन में ही 100 से अधिक लोग मौत के गाल में समा हैं। दक्षिण-पूर्वी प्रांत सिंध और उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र खैबर पख्तूनख्वा में सबसे ज्यादा तबाही मच रही है।

आने वाले समय में सिंध में और भारी तबाही मच सकती है, क्योंकि पानी की नई लहर आने की आशंका है। सिंधु नदी के कारण लोगों को सबसे ज्यादा खतरे का सामना करना पड़ रहा है। कई वर्षों से पाकिस्तान में नहरों की मरम्मत नहीं हुई है, जिसके बाद उन्होंने जवाब दे दिया है और पानी की धार को झेल नहीं पा रहे। लाखों घर ध्वस्त हो गए हैं और गाँव के गाँव साफ़ हो गए हैं। खैबर पख्तूनख्वा में हजारों लोग सरकारी राहत कैंपों में रहने को मजबूर हैं।

ये क्षेत्र पूरी तरह बाकी के पाकिस्तान से कट ही चुका है। हजारों लोग पैदल ही वहाँ से बाहर निकल पड़े हैं। ये वो क्षेत्र है, जो पहले ही गर्मी में लू से लेकर जंगलों में आग तक को झेल चुका है। सरकार कह रही है कि कुछ देशों ने मदद का भरोसा दिया है और वो राहत सामग्री भेज रहे हैं। अमेरिका, यूके और चीन ने मदद का वादा किया है। पोप ने भी पाकिस्तान की सहायता की अपील की है। खैबर पख्तूनख्वा की राजधानी रावलपिंडी में राहत सामग्रियाँ पहुँच रही है।

बाढ़ का दंश पाकिस्तान के वो लोग भी झेल रहे हैं जो बाढ़ग्रस्त इलाकों में नहीं हैं, क्योंकि इस कारण सब्जियों की महँगाई चरम पर है। टमाटर 500 रुपए किलो बिक रहा है (पाकिस्तान मुद्रा में)। वहीं प्याज 300 रुपए किलो और नींबू 400 रुपए किलो के भाव से बिक रहा है, क्योंकि सप्लाई चेन पूरी तरह टूटा हुआ है। प्याज के दाम 100 रुपए से अब तक पार नहीं गए थे। अब तक 44,000 करोड़ रुपए का नुकसान हो चुका है।

‘मेरे जीवन पर सेक्स का राज था, इसीलिए 700 पुरुषों के साथ सोई’: TV स्टार का खुलासा – रोज रात को ढूँढने निकल पड़ती थी

रेलिटी टीवी स्टार बेलिंडा रायगियर ने खुलासा किया है कि उन्हें सेक्स की ऐसी लत लग गई थी कि वो 700 पुरुषों के साथ सो चुकी हैं। हालाँकि, उन्होंने ये भी कहा कि उन्हें इसका किसी प्रकार का पछतावा नहीं है। 2017 में ‘The Bachelor Australia’ नामक शो का हिस्सा रह चुकीं बेलिंडा ‘लव’ रायगियर ने कहा कि वो एक ऐसा समय था, जब सेक्स का ही उनके जीवन पर राज चलता था। इसी कारण उन्हें 700 पुरुषों के साथ सोना पड़ा।

बेलिंडा ने कहा कि एक समय ऐसा आ गया था, जब सप्ताह के 7 दिनों में से 6 दिन वो रात के समय सेक्स ढूँढने के लिए निकल पड़ती थीं। हालाँकि, उन्होंने ये भी बताया कि पिछले 8 वर्षों से उनकी हालत में सुधार हो रही है और पिछले 15 महीनों से उन्होंने किसी के साथ भी सेक्स नहीं किया है। उन्होंने You’re a Grub Mate! नामक रेडियो शो में कहा कि उन्हें तब तक नहीं पता चला कि ये एक समस्या है, जब तक वो इससे ठीक नहीं होने लगीं।

बेलिंडा रायगियर ने कहा कि ठीक होने के बाद उन्हें इसका एहसास हुआ कि उनके जीवन में पहले कभी कोई हादसा हुआ था, जिसके कारण उन्हें ये समस्या आई थी। उन्होंने कहा कि वो इसकी गिनती ही भूल गई हैं कि वो कितने पुरुषों के साथ सो चुकी हैं, लेकिन ये 700 से अधिक ही होगा। उन्होंने कहा कि अब भी उनके अंदर तीव्र ‘सेक्स ड्राइव’ है और उन्हें इसे लेकर कोई शर्मिंदगी नहीं। उन्होंने कहा कि पुरुषों की अच्छी बात ये है कि वो वही कहते हैं, जो वो सुनना चाहती हैं।

उनके मुताबिक, इस समस्या का सेक्स से ज्यादा इस बात से लेनादेना था कि उनकी तारीफ़ हो और उन्हें सबसे प्रमुखता मिले। उन्होंने कहा कि समाज सेक्स का इस्तेमाल गलत चीजें के लिए कर रहा है। उन्होंने कहा कि वो फिर से सेक्स करेंगी, लेकिन अब जिसके साथ कनेक्शन होगा उससे ही। अब बेलिंडा रायगियर खुद को ‘लव गुरु’ कहलाना पसंद करती हैं। वो इंस्टाग्राम पर अक्सर सक्रिय रहती हैं, जहाँ उनके 9800 से भी अधिक फॉलोवर्स हैं।