BBC, Reuters और डेली मेल जैसे विदेशी मीडिया ने AAIB की रिपोर्ट को तोड़-मरोड़ कर इस तरह पेश किया जैसे अहमदाबाद प्लेन क्रैश की सारी गलती सिर्फ पायलटों की ही हो।
एनसीआरबी 2022 की रिपोर्ट को गलत तरीके से कई मीडिया संस्थान ने पेश किया और 2024 की रिपोर्ट बता कर यूपी को क्राइम में नंबर वन बताया। फैक्ट चेक में ये दावा गलत साबित हुआ।
भारतीय पत्रकार शिव अरूर ने भी पुष्टि की है कि आईएएफ पायलट शिवांगी सुरक्षित हैं। कुछ समय पहले ही उन्होंने उनसे बात की है। पाकिस्तानी हैंडल सिर्फ झूठ फैला रहे हैं।
चश्मदीद शमीम ने दावा किया कि "उनका जबड़ा बाहर निकल गया था।" वहीं, रंग डालने वाले घर की महिलाओं राजकुमारी और मंजू ने कहा कि बच्चों ने रंग डाला, लेकिन कोई हत्या नहीं हुई।