'डिपार्टमेंट ऑफ पर्सनेल एन्ड ट्रेनिंग (DoPT)' के एडिशन सेक्रेटरी मनोज द्विवेदी इस मामले की जाँच करेंगे। उधर किसानों ने कहा कि पहले पुलिस उन्हें कई बार लौटा चुकी थी।
सीधे शब्दों में समझें तो पूरा मामला ये है कि ST निगम के कुछ अधिकारियों ने फर्जी हस्ताक्षरों का इस्तेमाल कर के अवैध रूप से 94,73,08,500 रुपए विभिन्न बैंक खातों में भेज दिए।