"ये किसी परिवार की बनाई पार्टी नहीं है, इसका अध्यक्ष कोई भी इंसान दो कार्यकाल से ज्यादा के लिए नहीं हो सकता। हम पर बहुत सारी जिम्मेदारी है, क्योंकि उम्मीदें और चुनौतियाँ बहुत हैं।"
"जम्मू कश्मीर की पिछली राज्य सरकारों ने जनगणना के तहत कश्मीर संभाग की आबादी और जमीन ज्यादा बताई। जबकि जम्मू की आबादी और जमीन कश्मीर से ज्यादा है। ऐसे में अगर 2011 की मतगणना के तहत ही परिसीमन आयोग का गठन किया गया तो फिर जम्मू संभाग को कोई फायदा नहीं होगा और जैसा चल रहा है, वैसा ही चलता रहेगा।"
मनीष तिवारी ने कॉन्ग्रेस नेता की शादी की सूचना दी। उन्होंने बताया कि वो रवीना को 1985 से ही जानते हैं और दोनों की जोड़ी खूब जम भी रही है। मनीष जब 'वर्ल्ड फेस्टिवल ऑफ यूथ एंड स्टूडेंट्स' में भाग लेने मॉस्को गए थे, तब उनकी मुलाक़ात रवीना से हुई थी।
एक-एक मस्जिद, मदरसे की निगरानी करने को कहा गया है। कुछ भी संदिग्ध मिलने पर एडीजी को तत्काल सूचना भेजने का आदेश दिया गया है। नेपाल की सीमा से सटे जिलों में अचानक से बड़ी संख्या में मस्जिद, मदरसे सामने आए हैं।
आरटीआई से प्राप्त जानकारी के अनुसार सिर्फ़ अगस्त से लेकर जनवरी तक में आप सरकार ने प्रचार-प्रसार पर 43 करोड़ रुपए खर्च किए। इसमें से 29 करोड़ रुपए तो केवल बीते दिसंबर और जनवरी में खर्च किए गए।
यस बैंक घोटाले से कॉन्ग्रेस और गॉंधी परिवार के लिंक मिले हैं। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक बैंक के फाउंडर राणा कपूर के गाँधी परिवार से घनिष्ठ संबंध थे। उन्होंने 2 करोड़ रुपए में प्रियंका गाँधी की एक पेंटिंग खरीदी थी। यह खुलासा ईडी द्वारा कपूर से की गई लगभग 30 घंटे की पूछताछ से हुआ।
"आज ताहिर हुसैन सिर्फ इस बात की सजा काट रहा है कि वो एक मुस्लिम है। शायद आज हिंदुस्तान में सबसे बड़ा गुनाह मुस्लिम होना है। ये भी हो सकता है कि आने वाले वक्त में ये साबित कर दिया जाए कि दिल्ली की हिंसा ताहिर हुसैन ने कराई है।"
देवाशीष की हत्या ऐसे वक्त में की गई है जब केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह हाल ही में बंगाल में रैली कर लौटे हैं। उनकी रैली के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं को निशाना बनाने की कई घटना सामने आई है। रैली में शामिल होने को लेकर महिला नेत्री के घर फायरिंग भी की गई थी।
"मैं रामलला का आशीर्वाद लेने के लिए यहाँ आया हूँ। आज मेरे साथ मेरे 'भगवा' परिवार के कई सदस्य मौजूद हैं। मेरा सौभाग्य है कि पिछले डेढ़ साल में मैं तीन बार अयोध्या आ सका। मैं बीजेपी से अलग हूँ, हिंदुत्व से नहीं।"
"मैं आज इस बात को बहुत विश्वास के साथ कह सकता हूँ कि अगर आप किसी भारतीय दूतावास में जाते हैं, तो वहाँ आपका स्वागत ऐसा होगा जिससे कि आप प्रभावित हुए बिना नहीं रह सकेंगे। ऐसा इसलिए क्योंकि हम अपने द्विपक्षीय संबंधों को एक नए मुकाम पर ले जाना चाहते हैं जो पहले नहीं था।"