Tuesday, October 26, 2021
Homeविविध विषयमनोरंजन'रमजान के महीने में इजरायली सेना लोगों को बेघर कर रही' - फिलिस्तीन के...

‘रमजान के महीने में इजरायली सेना लोगों को बेघर कर रही’ – फिलिस्तीन के समर्थन में नोरा फतेही

"विश्व को फिलिस्तीन के शेख जर्राह के लोगों के साथ एकजुटता दिखानी चाहिए। वहाँ हिंसा हो रही है, वो भी अधिकतर बच्चों के साथ। ये अंतरराष्ट्रीय युद्ध अपराध है और अमानवीय है।"

बॉलीवुड में अपने डांस के कारण चर्चा मे रहने वाली नोरा फतेही ने हाल में फिलिस्तीन के लिए आवाज उठाई। अभिनेत्री ने इंस्टाग्राम पर अपनी स्टोरी शेयर करते हुए समझाया कि आखिर इजरायल ने यरुशलम में क्या किया। उन्होंने हालिया घटनाओं को अन्याय करार देते हुए इसके विरुद्ध प्रदर्शन की बात कही।

नोहा फतेही ने शेख जर्राह के लोगों पर बात करते हुए समझाया कि कोई भी व्यक्ति नस्लवाद, समानता, लैंगिक समानता, महिला अधिकार या भ्रष्टाचार जैसे मुद्दों पर बात करने के लायक नहीं है, यदि वह फिलिस्तीनियों पर हुए अत्याचार को नकारता है। उन्होंने कहा कि किसी को यह चुनने का अधिकार नहीं है कि किसके मानवाधिकार दूसरों की तुलना में अधिक महत्वपूर्ण हैं। 

Israel-Palestine Conflict: Nora Fatehi Raises Concerns Over Violence Against Palestinians

अपनी स्टोरी में नोरा ने एक पोस्टर शेयर किया जिसमें इजरायली फोर्स, जो नोरा के मुताबिक फिलिस्तीनियों को उनके घर से बाहर करना चाहते हैं, उनके विरुद्ध प्रोटेस्ट करने की बात थी। इसमें 11 मई की तारीख लिखी देखी जा सकती है।

जानकारी के मुताबिक प्रदर्शन का प्रमुख उद्देश्य हिंसा रोकने से है, जिसमें सैंकड़ों लोग घायल हुए। उनकी लास्ट स्टोरी में ये भी बताया गया किस तरह फिलिस्तीनियों पर हुआ हमला किसी भी रूप में उन्हें स्वीकार्य नहीं है।

Israel-Palestine Conflict: Nora Fatehi Raises Concerns Over Violence Against Palestinians

उन्होंने अपने सभी फॉलोवर्स से पूर्वी यरूशलेम में शेख जर्राह के फिलिस्तीनियों के साथ एकजुटता से खड़े होने का आग्रह किया। उन्होंने लिखा, “विश्व को फिलिस्तीन के शेख जर्राह के लोगों के साथ एकजुटता दिखानी चाहिए। इजरायली सेना वहाँ लोगों को रमजान के महीने और महामारी में घरों से बाहर कर रहे हैं। वहाँ हिंसा हो रही है, वो भी अधिकतर बच्चों के साथ। ये अंतरराष्ट्रीय युद्ध अपराध है और अमानवीय है।”

आगे उन्होंने सभी विश्व नेताओं से फिलिस्तीनियों के मानवाधिकारों की रक्षा करने का भी आह्वान किया। फिर नोरा फतेही ने मस्जिद अल अक्सा हिंसा पर और प्रकाश डाला, जहाँ उनके अधिकारों के उल्लंघन के खिलाफ शांतिपूर्वक विरोध प्रदर्शन के लिए एक विशाल फिलिस्तीनी भीड़ पर हमला किया गया था। नोरा का कहना है कि यरुशलम पर हुआ हमला कुछ समय में प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष तौर से विश्व के लोगों को प्रभावित करेगा।

बता दें कि नोरा फतेही के इन स्टोरीज के बाद सोशल मीडिया पर अलग बहस शुरू हो गई है। कुछ लोग हैं, जो इसके लिए फतेही को सराह रहे हैं। उनका कहना है कि भारत में अकेली अभिनेत्री हैं जो फिलिस्तान को समर्थन कर रही हैं। बाकियों को इनसे कुछ सीखना चाहिए। कम से कम इनमें इंसानियत तो हैं। वहीं कुछ कह रहे हैं कि नोरा भारत से कमाई करने के बाद भी इजरायल के विरुद्ध बोल रही हैं। इसलिए उनको वहीं चले जाना चाहिए।

 

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

केरल में नॉन-हलाल रेस्तराँ खोलने वाली महिला को बेरहमी से पीटा, दूसरी ब्रांच खोलने के खिलाफ इस्लामवादी दे रहे थे धमकी

ट्विटर यूजर के अनुसार, बदमाशों के खिलाफ आत्मरक्षा में रेस्तराँ कर्मचारियों द्वारा जवाबी कार्रवाई के बाद केरल पुलिस तुशारा की तलाश कर रही है।

असम: CM सरमा ने किनारे किया दीवाली पर पटाखों पर प्रतिबंध का आदेश, कहा – जनभावनाओं के हिसाब से होगा फैसला

असम में दीवाली के मौके पर पटाखों पर पूर्ण प्रतिबंध का ऐलान किया गया था। अब मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कहा है कि ये आदेश बदलेगा।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
131,815FollowersFollow
412,000SubscribersSubscribe