Homeविविध विषयमनोरंजन'कपड़े उतार कर अंडरवियर में हॉट डांस करो': प्रियंका चोपड़ा को डायरेक्टर ने कहा...

‘कपड़े उतार कर अंडरवियर में हॉट डांस करो’: प्रियंका चोपड़ा को डायरेक्टर ने कहा था, इंटरव्यू में बताया सब कुछ

"अपने कपड़े उतार कर अंडरवियर में एक हॉट डांस परफॉरमेंस दो... फिल्म सेट पर डायरेक्टर ने यह बोला। मैं बहुत डरी हुई थी। मैं मनोरंजन बिजनेस में नई थी। अगले ही दिन मैंने ये फिल्म छोड़ दी थी।"

प्रियंका चोपड़ा आजकल अपनी पुस्तक और इंटरव्यू को लेकर खासी चर्चा में हैं। भारतीय अभिनेत्री ने अपनी किताब ‘अनफिनिश्ड’ की रिलीज के बाद ओपरा विन्फ्रे को दिए अपने इंटरव्यू में खुलासा किया कि बॉलीवुड में उनके शुरुआती दिनों में एक फिल्म निर्देशक ने उनके साथ बदतमीजी की थी और अंडरवियर में डांस करने को कहा था। प्रियंका चोपड़ा ने कहा कि उन्हें आज तक इस बात का दुःख और पछतावा है कि वो उस निर्देशक के खिलाफ आवाज़ नहीं उठा सकीं।

बकौल प्रियंका चोपड़ा, उक्त निर्देशक ने फिल्म सेट पर उनसे कहा था कि वो अपने कपड़े उतार कर अंडरवियर में एक हॉट डांस परफॉरमेंस दें। प्रियंका चोपड़ा ने उस फिल्म और फिल्मकार के नाम का खुलासा नहीं किया, लेकिन ये ज़रूर बताया कि अगले ही दिन उन्होंने ये फिल्म छोड़ दी थी। इस पर ओप्रा विनफ्रे ने उनसे पूछा कि आखिर उनके भीतर इतनी हिम्मत कैसे आई? प्रियंका ने इसका श्रेय अपने माता-पिता और अपनी परवरिश को दिया।

‘देसी गर्ल’ ने कहा, “जब मैं 9 साल की थी तो मेरी माँ ने मुझे बताया था कि जीवन में चाहे कुछ भी करो, तुम आर्थिक तौर पर स्वयं पर निर्भर रहोगी। मुझे कहा गया था कि हर जगह तुम्हारी एक राय होनी जरूरी है। मुझे हमेशा आवाज बुलंद रखने के लिए प्रेरित किया गया। मुझे पछतावा है कि उस घटना के दौरान उक्त फिल्म निर्देशक से कुछ नहीं कह पाई। मैं बहुत डरी हुई थी। मैं मनोरंजन बिजनेस में नई थी।”

प्रियंका चोपड़ा ने कहा कि उन्होंने एक सिस्टम में रह कर कार्य किया और उन्हें पछतावा है कि वो कभी उस फिल्म निर्देशक से नहीं कह पाईं कि तुमने जो किया, वो गलत है। बकौल प्रियंका, उस समय उन्हें एक ही समाधान समझ में आया और वो था उससे अलग हो जाना। उन्होंने बताया कि इस इंडस्ट्री में लड़कियों को ‘इजी गोइंग’ बनना सिखाया जाता है। प्रियंका चोपड़ा ने हाल ही में ‘मैट्रिक्स 4’ और ‘टेक्स्ट फॉर यू’ की शूटिंग पूरी की है।

इसी इंटरव्यू में प्रियंका ने बताया था, “भारत में तमाम धर्मों के अस्तित्व के कारण यह इतना मुश्किल नहीं है। मैं एक कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ी तो मुझे ईसाइयत का पता था। मेरे पिता एक मस्जिद में गाते थे तो मैं इस्लाम भी जानती थी। हिंदू परिवार में तो मेरा लालन-पालन ही हुआ। आध्यात्म भारत का एक बहुत बड़ा भाग है। आप उसे नकार नहीं सकते। मेरा परिवार भी सर्वश्रेष्ठ शक्ति में यकीन करता है। उस पर विश्वास करता है।”

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?

मुस्लिमों को रिझाने में 2017 में औंधे मुँह गिरे थे अखिलेश, आरक्षण का वादा किया लेकिन घोषणापत्र खाली रहा: 2027 के चुनावी रण में...

मुस्लिम आरक्षण पर अखिलेश बयानों से लेकर मुलायम सिंह यादव की मुस्लिम राजनीति अपने पुराने ढर्रे पर रही है। हालाँकि अब यूपी में वोटर्स अपनी प्रथमिकताएँ बदल रहे हैं।
- विज्ञापन -