ऑस्ट्रेलिया में नहीं है EVM जैसी अच्छी प्रणाली: ऑस्ट्रेलियाई राजनयिक ने माना EC का लोहा

ऑस्ट्रेलियन राजनयिक के बयान से विपक्षी दलों के उन नेताओं को झटका लगना तय है, जो लगातार यह कहते हैं कि विदेशी राष्ट्र ईवीएम की व्यवस्था पर यकीं नहीं करते और बैलेट पेपर से मतदान को बेहतर मानते हैं।

विपक्षी दलों द्वारा लगातार ईवीएम को लेकर ग़लतफ़हमियां फैलाई गई हैं, जिसे चुनाव आयोग भी कई बार नकार चुका है। अब ऑस्ट्रेलिया के राजनयिक ने भी ईवीएम को लेकर बयान दिया है और बैलेट पेपर से इसकी तुलना करते हुए इसे बेहतर बताया है। ऑस्ट्रेलियाई राजनयिक ने भारत में ईवीएम से चुनाव मतदान कराने की प्रक्रिया को जानने और परखने के अनुभव को प्रेरणादायी बताया। राजनयिक हरिंदर सिद्धू ने कहा कि भारत की विशाल जनसँख्या को देखते हुए यहाँ बैलेट पेपर से मतदान कराना एक दुष्कर कार्य हो सकता है। इससे विपक्षी दलों के उन नेताओं को झटका लगना तय है, जो लगातार यह कहते हैं कि विदेशी राष्ट्र ईवीएम की व्यवस्था पर यकीं नहीं करते और बैलेट पेपर से मतदान को बेहतर मानते हैं। ऑस्ट्रेलियाई राजनयिक ने खुल कर ईवीएम का समर्थन किया।

हरिंदर सिद्धू ने ईवीएम से मतदान की व्यवस्था की प्रशंसा करते हुए कहा, “भारत में ईवीएम आधारित मतदान की अच्‍छी प्रणाली है। यह पूरी तरह से व्‍यवस्थित है। चुनाव आयोग और उनके कर्मचारियों ने लोकसभा चुनाव 2019 को कुशलतापूर्वक संपन्‍न कराकर सराहनीय काम किया है। ऑस्‍ट्रेलिया में ये सुविधा उपलब्‍ध नहीं है।” सिद्धू ने ईवीएम की तारीफ़ करते हुए इससे वीवीपैट प्रणाली को जोड़े जाने को एक अच्छी पहल बताया। वहीं बैलेट पेपर की बात करते हुए उन्होंने कहा कि कोई भी चुनाव प्रणाली पूरी तरह से दोषमुक्त नहीं है, सबमें कुछ न कुछ त्रुटियाँ हैं। सिद्धू ने कहा कि भारत ने वीवीपैट के विकास का कार्य कर सराहनीय कार्य किया है, जिससे गड़बड़ियों से बचा जा सकेगा।

बता दें कि भारत में विपक्षी दलों के नेताओं ने ईवीएम की व्यवस्था हटाने को लेकर चुनाव आयोग से लेकर अदालत तक के दरवाज़े खटखटाए थे। हाल ही में उन्होंने ईवीएम व वीवीपैट की 50% पर्चियों का मिलान करने की माँग की थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया था। चुनाव आयोग लगातार कहता आ रहा है कि ईवीएम को हैक नहीं किया जा सकता और मामूली गड़बड़ियों को हैकिंग कहना सही नहीं है। विपक्षी नेताओं का आरोप है कि भाजपा ईवीएम में गड़बड़ियाँ कर चुनाव जीतती है। कभी-कभार ब्लूटूथ और वाई-फाई से भी ईवीएम को हैक करने की ख़बरें फैलाई जाती रही हैं।

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता और जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने तो यहाँ तक कहा था कि पूँछ इलाके में ईवीएम में कॉन्ग्रेस का बटन ही नहीं कार्य कर रहा है। ऑस्ट्रेलियाई राजनयिक ने न सिर्फ़ ईवीएम की तारीफ़ की बल्कि इतने बृहद स्तर पर इतने संगठित व अच्छे तरीके से चुनाव आयोजित कराने के लिए भारतीय चुनाव आयोग की भी प्रशंसा की। एक अनुभवी विदेशी राजनयिक द्वारा इस तरह से भारतीय मतदान प्रणाली की प्रशंसा करना बताता है कि चुनाव आयोग सही तरीके से कार्य कर रहा है।

सिंगापुर में जन्मीं हरिंदर सिद्धू पिछले 3 वर्षों से भारत में ऑस्ट्रेलिया की राजदूत के रूप में कार्य कर रही हैं। वह बॉलीवुड फिल्मों की फैन हैं और उन्हें भारत के इतिहास व संस्कृति में अच्छी रूचि है। हिंदी और पंजाबी भाषा बोलने में सक्षम सिद्धू के माता-पिता बचपन में ही ऑस्ट्रेलिया चले गए थे। उन्होंने यूनिवर्सिटी ऑफ सिडनी से लॉ एवं इकोनॉमिक्स की डिग्री हासिल की है।

शेयर करें, मदद करें:
Support OpIndia by making a monetary contribution

बड़ी ख़बर

राहुल गाँधी, महिला सेना
राहुल गाँधी ने बेशर्मी से दावा कर दिया कि एक-एक महिलाओं ने सुप्रीम कोर्ट में खड़े होकर मोदी सरकार को ग़लत साबित कर दिया। वे भूल गए कि इस मामले को सुप्रीम कोर्ट में मोदी सरकार नहीं, मनमोहन सरकार लेकर गई थी।

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं ख़बरें

ताज़ा ख़बरें

हमसे जुड़ें

153,155फैंसलाइक करें
41,428फॉलोवर्सफॉलो करें
178,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

ज़रूर पढ़ें

Advertisements
शेयर करें, मदद करें: