‘मुस्लिम होने के कारण मोहम्मद शमी को BJP के दबाव में टीम से किया गया बाहर’

"मोहम्मद शमी के साथ भेदभाव किया गया और मुस्लिम होने की वजह से उन्हें जान बूझकर प्लेइंग इलेवन से बाहर किया गया।"

पाकिस्तान की टीम के वर्ल्ड कप से बाहर होने बाद से पाकिस्तानी बुरी तरह से खिसियाए हुए हैं। पाकिस्तानी खिलाड़ी और एक्सपर्ट्स की तरफ से भारतीय टीम के लिए उल-जुलूल बातें कही जा रही हैं। इसी बीच पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर मोइन खान ने एक शर्मनाक बयान दिया है। उन्होंने रविवार (जुलाई 7, 2019) को एक न्यूज चैनल के स्पोर्ट्स शो को दिए इंटरव्यू में भारतीय क्रिकेटर मोहम्मद शमी के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया। मोइन ने कहा कि श्री लंका के खिलाफ मुकाबले में मोहम्मद शमी के साथ भेदभाव किया गया और मुस्लिम होने की वजह से उन्हें जान बूझकर प्लेइंग इलेवन से बाहर किया गया।

पाकिस्‍तानी क्रिकेट विशेषज्ञ ने इसके पीछे भाजपा का हाथ बताया। उनका कहना है कि शमी को श्रीलंका के खिलाफ मैच में इसलिए आराम दिया गया, क्‍योंकि भाजपा का एजेंडा मुस्लिमों को आगे नहीं बढ़ने देना है। मोहम्मद शमी शानदार प्रदर्शन कर रहे थे, वो 15 विकेट ले चुके थे। वो रिकॉर्ड बनाने के बेहद करीब थे। वह सबसे ज्‍यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों की लिस्‍ट में शीर्ष दो या तीन में पहुँच सकते थे। लेकिन अचानक से उन्हें बैठा दिया गया। मोइन का मानना है कि शमी को बाहर बैठाने के लिए टीम इंडिया पर दबाव था। उन्होंने कहा कि उन्हें लगता है कि शमी को बाहर बैठाने का कारण भाजपा का मुस्लिमों को आगे नहीं बढ़ने देने का एजेंडा है।

गौरतलब है कि टीम इंडिया ने वर्ल्ड कप 2019 का आखिरी लीग मैच श्रीलंका के खिलाफ लीड्स में खेला था। इस मैच में भारतीय टीम ने श्रीलंका को 7 विकेट से हरा दिया। भारतीय टीम ने शनिवार (जुलाई 6, 2019) को इस मुकाबले के लिए दो बदलाव किए थे। मोहम्मद शमी और युजवेंद्र चहल को आराम देकर रवींद्र जडेजा और कुलदीप यादव को मैदान में उतारा गया था। चूँकि, लीड्स की पिच स्पिनर के अनुकूल थी, स्पिनर के लिए ये पिच फायदेमंद साबित हो सकती थी, इसलिए टीम इंडिया ने शमी की जगह जडेजा को वर्ल्ड कप में पहली बार मौका दिया था।

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