Monday, June 17, 2024
Homeविविध विषयविज्ञान और प्रौद्योगिकी'चंद्रयान 3' और आदित्य L-1 के बाद अब गगनयान की बारी, अक्टूबर में होगी...

‘चंद्रयान 3’ और आदित्य L-1 के बाद अब गगनयान की बारी, अक्टूबर में होगी पहली टेस्ट उड़ान: केंद्रीय मंत्री ने बताया – अंतरिक्ष विज्ञान में आत्मनिर्भर बनेगा भारत

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि गगनयान के सफल होने से भारत को अंतरिक्ष में एक प्रमुख खिलाड़ी के रूप में स्थापित करने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह मिशन भारत को अंतरिक्ष विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने में भी मदद करेगा।

भारत के पहले सूर्य मिशन, आदित्य-L1 के सफल प्रक्षेपण के बाद, केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि अगला कदम गगनयान के पहले परीक्षण उड़ान को शुरू करना होगा। उन्होंने कहा कि यह उड़ान अक्टूबर के महीने में हो सकती है। जितेंद्र सिंह ने कहा कि आदित्य-L1 के सफल प्रक्षेपण से पता चलता है कि भारत अंतरिक्ष के क्षेत्र में एक प्रमुख खिलाड़ी बन रहा है।

जितेंद्र सिंह ने कहा कि यह मिशन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पूरे देश के प्रयासों का परिणाम है। आज भारत हरेक मिशन को सफलतापूर्वक अंजाम दे रहा है।

गगनयान को लेकर जितेंद्र सिंह ने कही ये अहम बात

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि गगनयान के पहले परीक्षण उड़ान में कोई भी अंतरिक्ष यात्री शामिल नहीं होगा। उन्होंने कहा कि इस उड़ान का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि अंतरिक्ष यान सुरक्षित रूप से उड़ सके और सभी प्रणालियाँ ठीक से काम कर रही हैं। उन्होंने कहा कि गगनयान के पहले मानवयुक्त मिशन के लिए तैयारी जोरों पर है। उन्होंने कहा कि इस मिशन में भारतीय अंतरिक्ष यात्री अंतरिक्ष में उतरेंगे और कुछ वैज्ञानिक प्रयोग करेंगे।

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि गगनयान के सफल होने से भारत को अंतरिक्ष में एक प्रमुख खिलाड़ी के रूप में स्थापित करने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह मिशन भारत को अंतरिक्ष विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने में भी मदद करेगा।

क्या है गगनयान?

गगनयान मिशन भारत का पहला मानवयुक्त अंतरिक्ष मिशन है। यह भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) द्वारा विकसित किया जा रहा है। इस मिशन के तहत, तीन भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों को अंतरिक्ष में भेजा जाएगा। वे तीन दिनों के लिए अंतरिक्ष में रहेंगे और कुछ वैज्ञानिक प्रयोग करेंगे।

अंतरिक्ष यात्रियों का प्रशिक्षण जारी

गगनयान मिशन के लिए तैयारी जोरों पर है। ISRO ने इस मिशन के लिए तीन अंतरिक्ष यात्रियों का चयन कर लिया है। इन अंतरिक्ष यात्रियों का प्रशिक्षण चल रहा है। गगनयान मिशन के पहले मानव रहित परीक्षण उड़ान का लक्ष्य 2023 के अंत में रखा गया है। पहले मानवयुक्त मिशन का लक्ष्य 2024 के अंत में रखा गया है।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

ऋषिकेश AIIMS में भर्ती अपनी माँ से मिलने पहुँचे CM योगी आदित्यनाथ, रुद्रप्रयाग हादसे के पीड़ितों को भी नहीं भूले

उत्तराखंड के ऋषिकेश से करीब 50 किलोमीटर की दूरी पर स्थित यमकेश्वर प्रखंड का पंचूर गाँव में ही योगी आदित्यनाथ का जन्म हुआ था।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -