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50 लाख रुपए घूस लेकर चीनी नागरिकों को वीजा दिलाने में मदद की: CBI ने कॉन्ग्रेस नेता कार्ति चिदंबरम के चेन्नई स्थित आवास पर मारा छापा

बता दें कि इसके अलावा, कार्ति के खिलाफ INX मीडिया और एयरसेल-मैक्सिस घोटालों से संबंधित कुछ अन्य मामले भी लंबित हैं। हालाँकि, उस मामले में चिदंबरम को अग्रिम जमानत मिल गई गई थी। 

सीबीआई (CBI) ने शनिवार (9 जुलाई 2022) को कॉन्ग्रेस नेता और पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम के चेन्नई स्थिति आवास पर छापा मारा है। सीबीआई यह छापेमारी साल चीनी नागरिकों को वीजा देने के बदले रिश्वत लेने के संबंध में की है।

सीबीआई का कहना है कि साल 2011 में 263 चीनी नागरिकों को वीजा जारी कराने के बदले कार्ति चिदंबरम ने रिश्वत ली थी, जिसकी जाँच एजेंसी कर रही है। जिस समय चीनी नागरिकों को वीजा जारी किया गया था, उस समय कार्ति चिदंबरम के पिता पी चिदंबरम केंद्रीय गृहमंत्री थे। इस मामले में वह CBI के समक्ष पेश भी हो चुके हैं।

सीबीआई ने FIR में कहा है कि यह मामला 263 चीनी नागरिकों को दोबारा वीजा जारी करने के लिए वेदांता समूह की कंपनी तलवंडी साबो पावर लिमिटेड (टीएसपीएल) के एक शीर्ष अधिकारी से जुड़ा है। इस अधिकारी ने कार्ति चिदंबरम और उनके करीबी एस भास्कर रमन को 50 लाख रुपए की रिश्वत दिए जाने के आरोपों से संबंधित है। वहीं, इससे संबंधित मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जाँच प्रवर्तन निदेशालय (ED) कर रहा है।

प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने पिछले महीने के आखिरी सप्ताह में दिल्ली हाईकोर्ट को कार्ति के खिलाफ 12 जुलाई तक कोई भी दंडात्मक कार्रवाई नहीं करने का अश्वासन दिया था। इस मामले में जमानत की अग्रिम सुनवाई को लेकर कार्ति और ईडी के वकील के अनुरोध पर अदालत ने 12 जुलाई को तय किया है।

बता दें कि इसके अलावा, कार्ति के खिलाफ INX मीडिया और एयरसेल-मैक्सिस घोटालों से संबंधित कुछ अन्य मामले भी लंबित हैं। हालाँकि, उस मामले में चिदंबरम को अग्रिम जमानत मिल गई गई थी। 

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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