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विदेशी आतंकी संगठनों के निशाने पर RSS नेता, VBIED का कर सकते हैं इस्तेमाल: कई राज्यों में अलर्ट

दिसंबर 2018 में बेंगलुरु में एक संघ कार्यकर्ता की हत्या की कोशिश की गई थी क्योंकि उन्होंने सीएए समर्थन रैली में भाग लिया था। पुलिस ने इस मामले में 6 लोगों को गिरफ़्तार किया है।

अब आतंकियों की नज़र राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर है। आरएसएस के कई नेता आतंकियों के निशाने पर आ गए हैं। ख़ुफ़िया सूचनाओं से पता चला है कि विदेशी आतंकी संगठन अब संघ के नेताओं को निशाना बनाने की साज़िश रचने में लगे हैं। इसके लिए IED या फिर VBIED (Vehicle-borne improvised IED) का इस्तेमाल किया जा सकता है। सभी राज्यों की पुलिस को संघ नेताओं पर हमले की आशंका से अवगत करा दिया गया है। बता दें कि ये मामला इसीलिए भी गंभीर है क्योंकि अधिकतर संघ नेता किसी ख़ास प्रकार की सुरक्षा लेकर नहीं चलते हैं।

संघ के नेता लगातार ज़मीन पर सक्रिय रहते हैं और उन्हें लगातार कई प्रदेशों व राज्यों की यात्राएँ करनी होती हैं। ऐसे में उन्हें निशाना बना कर आतंकी भारत सरकार और भाजपा को भी ख़ास सन्देश देना चाह रहे हों, ऐसा हो सकता है। इंटेलिजेंस ब्यूरो ने इस सम्बन्ध में ख़ुफ़िया सूचना दी है। वीबी-आईडी विस्फोटक से लदे वाहन होते हैं। ट्रक से लेकर साइकिल तक, इन विस्फोटकों को किसी भी वाहन से ले जाया जा सकता है। इसे भीड़भाड़ वाले इलाकों में लेकर जाना आसान होता है।

सबसे बड़ी बात ये है कि विदेशी आतंकी संगठन संघ नेताओं को निशाना बनाने पर तुले हुए हैं। वैश्विक इस्लामी आतंकी संगठन संघ के नेताओं पर हमले की साज़िश रच रहे हैं। महाराष्ट्र, पंजाब और राजस्थान में ऐसे हमले होने की आशंका जताई गई है। हालाँकि, अन्य कई राज्यों को भी सतर्क कर दिया गया है। इन राज्यों के अलावा दिल्ली, उत्तर प्रदेश और असम में भी पुलिस को सचेत कर दिया गया है। दिसंबर 2018 में बेंगलुरु में एक संघ कार्यकर्ता की हत्या की कोशिश की गई थी क्योंकि उन्होंने सीएए समर्थन रैली में भाग लिया था। पुलिस ने इस मामले में 6 लोगों को गिरफ़्तार किया है।

उक्त मामले में मोहम्मद इरफ़ान, सैयद अकबर, सैयर सिद्दीक़, अकबर भाषा, शनाउल्ला शरीफ और शादिकुल अमीन को गिरफ़्तार किया गया। पुलिस ने बताया है कि ये सभी किसी बड़े वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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