Homeदेश-समाजगुजरात के नर्मदा में नूहं जैसा हमला: बजरंग दल की शौर्य यात्रा पर मुस्लिम...

गुजरात के नर्मदा में नूहं जैसा हमला: बजरंग दल की शौर्य यात्रा पर मुस्लिम भीड़ ने की पत्थरबाजी, दुकानों में आगजनी

इस घटना के कुछ वीडियो भी सामने आए हैं। इसमें भीड़ शौर्य यात्रा और उसमें शामिल हिंदुओं पर पत्थरबाजी करती दिख रही है। वहीं एक वीडियो में मस्जिद के पास से लोगों को पत्थर फेंकते देखा जा सकता है।

गुजरात के नर्मदा जिले में हरियाणा के नूहं की तरह ही हिंदुओं पर हमले की घटना सामने आई है। यहाँ के सेलंबा इलाके में शुक्रवार (29 सितंबर, 2023) को हिंदू संगठनों द्वारा निकाली जा रही शौर्य यात्रा पर पथराव किया गया। यात्रा को मुस्लिम बस्ती से गुजरते समय निशाना बनाया गया। उपद्रवियों ने दुकानों को भी आग के हवाले कर दिया।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, बजरंग दल ने नर्मदा जिले में कुइदा से सेलंबा के बीच शौर्य यात्रा का आयोजन किया था। शुरुआत में यात्रा शांतिपूर्ण तरीके से आगे बढ़ रही थी। लेकिन जब यह यात्रा सेलंबा के मुस्लिम बस्ती में पहुँची तो पत्थरबाजी शुरू हो गई। इस घटना के कुछ वीडियो भी सामने आए हैं। इसमें भीड़ शौर्य यात्रा और उसमें शामिल हिंदुओं पर पत्थरबाजी करती दिख रही है। वहीं एक वीडियो में मस्जिद के पास से लोगों को पत्थर फेंकते देखा जा सकता है।

रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि हिंदुओं की यात्रा पर हमले के साथ ही आतंक फैला रहे लोगों ने 2 दुकानों में भी आग लगा दी है। इस पूरी घटना से इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुँची है। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को आँसू गैस के गोले भी छोड़ने पड़े। मौके पर भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है। फिलहाल इलाके में शांति-व्यवस्था कायम है।

गौरतलब है कि 31 जुलाई 2023 के हरियाणा के मेवात के नूहं में ऐसी ही घटना हुई थी। तब श्रावण सोमवार पर हिंदू संगठन बृजमंडल जलाभिषेक यात्रा निकाल रहे थे। इसी दौरान मुस्लिम भीड़ ने हिंदुओं को घेरकर पत्थरबाजी शुरू कर दी थी। कई वाहनों को आग में झोंक दिया था। नल्हड़ मंदिर को तीन तरफ से घेरकर वहाँ रुके हिंदुओं पर फायरिंग की गई थी। हिंदू संगठनों ने आरोप लगाया था कि इस्लामी कट्टरपंथियों ने हिंदुओं को तीन-तरफ से घेरकर उनकी हत्या की प्लानिंग की थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

अगर विधायिका भी माँगने लगे जस्टिस जामदार जैसी छूट तो… बॉम्बे हाईकोर्ट की ‘वॉशिंग मशीन’ और ‘हॉर्स ट्रेडिंग’ जैसी टिप्पणी कितनी सही?

जस्टिस जामदार ने हॉर्स ट्रेडिंग, पाला बदलने और ‘वॉशिंग मशीन’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया। लेकिन क्या न्यायपालिका अपने ऊपर कटाक्ष स्वीकार करेगी?

Uber, ओला, Rapido… एक ही जगह का किराया बार-बार क्यों बदलता रहता है?, कैसे बचाएँ अपनी जेब के पैसे

ओला, Uber या Rapido जैसी ऐप्स का सिस्टम एक ऐसे एल्गोरिदम से चलता है जिसे सिर्फ मुनाफा और संतुलन समझ आता है। जानें कैसे स्मार्ट यूजर बनें।
- विज्ञापन -