Homeदेश-समाजZomato विवाद: अमित शुक्ला का ट्वीट संविधान की भावना के खिलाफ, MP पुलिस भेजेगी...

Zomato विवाद: अमित शुक्ला का ट्वीट संविधान की भावना के खिलाफ, MP पुलिस भेजेगी नोटिस

अमित शुक्ला ने मुस्लिम युवक द्वारा डिलीवरी किए जाने पर आपत्ति जताई थी, जिसके बाद जोमैटो ने युवक की बात सुनने के बजाए अपनी कम्पनी की शर्तों का हवाला दिया था।

ऑनलाइन फूड कंपनी जोमैटो (Zomato) विवाद पर अब मध्य प्रदेश पुलिस ने जबलपुर के रहने वाले युवक को नोटिस भेजने का फैसला लिया है। यह विवाद तब शुरू हुआ जब बुधवार (जुलाई 31, 2019) को जोमैटो पर खाना ऑर्डर करने के बाद मुस्लिम डिलिवरी ब्वॉय की वजह से अमित शुक्ला नामक एक युवक ने खाना कैंसिल कर दिया था। इसके बाद ट्विटर पर ट्वीट भी किया, जिसके बाद काफी विवाद हुआ।

जबलपुर के एसपी अमित सिंह ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया कि पंडित अमित शुक्ला को नोटिस भेजा जाएगा। साथ ही, उससे बॉन्ड भी साइन कराया जाएगा। इसके अलावा पुलिस अगले 6 महीने तक उसकी गतिविधियों पर नजर रखेगी। अगर वह ऐसी हरकत दोहराता है तो उसे हिरासत में भी लिया जाएगा।

रिपोर्ट्स के अनुसार, एसपी का कहना है कि अमित शुक्ला का ट्वीट संविधान की भावना के खिलाफ है। वहीं, एप बेस्ड फूड डिलिवरी सर्विस जोमैटो ने भी शुक्ला की शिकायत पर जवाब देते हुए ट्वीट किया था कि खाने का कोई धर्म नहीं होता और खाना खुद एक धर्म है।

अमित शुक्ला ने मुस्लिम युवक द्वारा डिलीवरी किए जाने पर आपत्ति जताई थी, जिसके बाद जोमैटो ने युवक की बात सुनने के बजाए अपनी कम्पनी की शर्तों का हवाला दिया था। हालाँकि, सोशल मीडिया पर अमित शुक्ला की बात का समर्थन भी किया गया क्योंकि उसे अपने सर्विस प्रदाता से अपनी इच्छानुसार सर्विस का ऑर्डर देने का अधिकार था।

अमित शुक्ला ने मुस्लिम डिलिवरी ब्वॉय को देखकर ऑर्डर कैंसल कर दिया था। साथ ही, उन्होंने दूसरे राइडर से खाना भिजवाने की माँग की थी। हालाँकि, कंपनी ने इसके लिए इनकार कर दिया और रिफंड देने से भी मना कर दिया था। इसके बाद कस्टमर ने कानूनी कार्रवाई करने की धमकी भी दी थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘काफ़िर’ अब समंदर पार नहीं है.. कैसे 11वीं सदी का क्रूसेड बना नए पेंटागन की विचारधारा? डोनाल्ड ट्रंप और अमरीकी कल्चर वॉर

1095 में पोप अर्बन द्वितीय ने यरूशलम के लिए जिस धर्मयुद्ध का ऐलान किया था, आज डोनाल्ड ट्रंप के नए अमेरिका के पीछे वही विचार काम कर रहा है। ट्रंप के रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ और उनकी किताब 'The War on Warriors' से समझिए कि कैसे 1000 साल पुराना 'Deus Vult' का सिद्धांत आज अमरीकी राजनीति और कल्चर वॉर को चला रहा है।

‘मेविस्तान’ बनाने का सपना, अलवर-भरतपुर में हिंसा और फिर गाँधी-नेहरू का हस्तक्षेप: जानिए मेवात के उस इतिहास की पूरी कहानी, जिसने बदल दिया इलाके...

मेविस्तान की माँग, 1933 का गोविंदगढ़ संघर्ष, 1947 का अलवर-भरतपुर घटनाक्रम और गाँधी-नेहरू के हस्तक्षेप से जुड़ी मेवात की पूरी कहानी जानिए।
- विज्ञापन -