Saturday, November 28, 2020
Home देश-समाज 'घर के पास मँडरा रहे आतंकी': जयपुर ब्लास्ट में सैफ, सरवर, सैफुर्रहमान और सलमान...

‘घर के पास मँडरा रहे आतंकी’: जयपुर ब्लास्ट में सैफ, सरवर, सैफुर्रहमान और सलमान को फाँसी सुनाने वाले जज खतरे में

"मैं आर्थिक रूप से इतना सक्षम नहीं हूँ कि निजी सुरक्षाकर्मी रख सकूँ। मेरी गलती सिर्फ इतनी है कि मैंने आतंकवादियों को मृत्युदंड दिया है। मुझे इस बात का डर है कि वह बदला लेने ज़रूर आएँगे। मुझे और मेरे परिवार वालों को इन आतंकवादियों से ख़तरा है।"

2008 के जयपुर सीरियल ब्लास्ट में चार को मौत की सजा सुनाने वाले जज अजय कुमार शर्मा ने अपनी जान को खतरा बताया है। रिटायर हो चुके जज शर्मा ने इस संबंध में राजस्थान के डीजीपी को पत्र लिखा है। पत्र में खुफिया एजेंसियों की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा है कि उन्होंने जिन 4 लोगों को मौत की सजा सुनाई थी वे आतंकी समूह से जुड़े थे। इनसे उन्हें और उनकी परिवार को खतरा है। इसे देखते हुए उनकी और उनके परिवार की सुरक्षा बढ़ा दी जाए।

बीते साल दिसंबर में विशेष कोर्ट के जज शर्मा ने जयपुर में साल 2008 में हुए सिलसिलेवार बम धमाकों में मोहम्मद सैफ, मोहम्मद सरवर आजम, सैफुर्रहमान और मोहम्मद सलमान को मौत की सजा सुनाई थी। इन बम धमाकों में 71 लोगों की जान चली गई थी, वहीं 185 लोग घायल हो गए थे।

अजय कुमार शर्मा ने पत्र में कहा है, “अधिकारियों का कहना है कि मेरी सुरक्षा हटा दी गई है। मेरा निवेदन है कि मुझ पर मँडरा रहे ख़तरे को देखते हुए मेरी सुरक्षा जारी रखी जाए।” उन्होंने पत्र में दावा किया कि पिछले कई दिनों में उन पर शराब की खाली बोतलें फेकी गई हैं। इसके अलावा दो पहिया सवार अज्ञात लोग उनके घर के आस – पास मँडराते हुए नज़र आए हैं। उन्होंने पत्र में यह भी लिखा, “आतंकवादी समूह बहुत खतरनाक हैं और वह कुछ भी कर सकते हैं। तमाम लोग कई बार मेरे घर की तस्वीर लेते हुए भी नज़र आए हैं।” 

उन्होंने कहा है, “इस मामले पर फैसला सुनाने के बाद मुझे और मेरे परिवार को 4 सुरक्षाकर्मी और 2 निजी सुरक्षा अधिकारी (PSO) दिए गए थे। वह अभी तक मेरी सुरक्षा के लिए तैनात हैं। लेकिन मैंने सुना है कि उन्हें भी हटाया जा रहा है। मैं आर्थिक रूप से इतना सक्षम नहीं हूँ कि निजी सुरक्षाकर्मी रख सकूँ। मेरी गलती सिर्फ इतनी है कि मैंने आतंकवादियों को मृत्युदंड दिया है। मुझे इस बात का डर है कि वह बदला लेने ज़रूर आएँगे। मुझे और मेरे परिवार वालों को इन आतंकवादियों से ख़तरा है, कृप्या इस मामले का संज्ञान लिया जाए।”

जयपुर के मंडलायुक्त आनंद श्रीवास्तव ने कहा है कि आईबी की तरफ से इस मुद्दे पर पत्र मिला है और हम पूर्व न्यायाधीश अजय कुमार शर्मा की सुरक्षा समीक्षा कर रहे हैं। हम जल्द ही इस मामले पर उचित कदम उठाएँगे।

खुद पर मॅंडरा रहे खतरे की गंभीरता का एहसास दिलाने के लिए जज शर्मा ने नीलकंठ गंजू का उल्लेख किया है। नीलकंठ गंजू कश्मीर के उच्च न्यायालय में न्यायाधीश थे। साल 1984 में उन्होंने जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट के ख़ूँख़ार आतंकवादी मकबूल भट्ट को पुलिस इन्स्पेक्टर अमर चंद की  हत्या के मामले में सज़ा-ए-मौत सुनाई थी। 2 अक्टूबर 1989 को जेकेएलएफ़ के आतंकवादियों ने उन्हें जान से मार दिया था।

पूर्व न्यायाधीश शर्मा ने कहा है कि ये सभी आतंकवादी आईएसआई से जुड़े हुए हैं और वह संगठन के स्लीपर सेल के लिए सक्रिय रूप से काम करते थे। सभी आतंकवादी बेहद ख़ूँख़ार हैं और वह बदला ज़रूर लेंगे।

2008 जयपुर बम धमाके

13 मई 2008 को राजस्थान की राजधानी में 9 सिलसिलेवार बम धमाके हुए थे। इन बम धमाकों में 71 लोगों की जान गई थी और 250 लोग घायल हुए थे। सारे बम अमोनियम नाइट्रेट से तैयार किए गए थे और कुल 20 मिनट के अंतराल में इनमें विस्फोट हुआ था। सभी बम साइकिल में बाँधे गए थे। इन सभी बमों में लोहे के बहुत सारे टुकड़े और बियरिंग डाली गई थी जिससे आबादी वाली क्षेत्र में इससे ज़्यादा नुकसान पहुँचे।  

बम धमाकों के ठीक दो दिन बाद आतंकवादी संगठन इंडियन मुजाहिद्दीन ने हमलों की ज़िम्मेदारी ली थी। दिसंबर 2008 में इस मामले की सुनवाई शुरू हुई थी। लगभग 11 साल तक चली इस सुनवाई के बाद दिसंबर 2019 में विशेष न्यायाधीश अजय कुमार शर्मा ने इस मामले में 4 आतंकवादियों को मृत्युदंड का आदेश सुनाया था। इसमें मोहम्मद सैफ (34), मोहम्मद सरवर आजम (36), सैफुर्रहमान (36) और मोहम्मद सलमान (34) शामिल थे। इन पर आतंकवाद निरोधक दस्ता (ATS) ने भारतीय दंड संहिता की तमाम धाराओं समेत गैर कानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम, विस्फोटक अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया था।   

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

कानपुर लव जिहाद SIT रिपोर्ट की क्रूर सच्चाइयाँ जो वामपंथी छुपा रहे हैं: अजीत भारती का वीडियो | Kanpur SIT report analysis

‘लव जिहाद’ को बार-बार समझना आवश्यक है क्योंकि कुछ लम्पट वामपंथी पोर्टल और बकैत एंकर इसे ‘अंतरधार्मिक विवाह‘ का मसला और ‘प्रेम पर सरकार का पहरा’ मान कर स्थापित करने में सत्तू-पानी बाँध कर बैठ गए हैं।

‘खट्टर का हो गया, अब मोदी की बारी है’: JNU हिंसा और दिल्ली दंगों से जुड़ रहे ‘किसान आंदोलन’ के तार, उपद्रव के 2...

'किसान आंदोलन' के तार जनवरी 2020 में JNU में हुई हिंसा और फरवरी के अंतिम हफ्ते में हुए दिल्ली के CAA विरोधी दंगों से जुड़ रहे हैं।

31 का कामिर खान, 11 साल की बच्ची: 3 महीने में 4000 मैसेज भेजे, यौन शोषण किया; निकाह करना चाहता था

कामिर खान ने स्वीकार किया है कि उसने दो बार 11 वर्षीय बच्ची का यौन शोषण किया। उसे गलत तरीके से छुआ, यौन सम्बन्ध बनाने के लिए उकसाया और अश्लील मैसेज भेजे।

लव जिहाद पर यूपी में अब बेल नहीं, 10 साल की सजा संभव: योगी सरकार के अध्यादेश पर राज्यपाल की मुहर

उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने 'ग्रूमिंग जिहाद (लव जिहाद)' के खिलाफ बने विधि विरुद्ध धर्म परिवर्तन प्रतिषेध अध्यादेश 2020 पर हस्ताक्षर कर दिया है।

दिल्ली दंगों के दौरान मुस्लिमों को भड़काने वाला संगठन ‘किसान’ प्रदर्शनकारियों को पहुँचा रहा भोजन: 25 मस्जिद काम में लगे

UAH के मुखिया नदीम खान ने कहा कि मोदी सरकार के खिलाफ आंदोलन कर रहे लोगों को मदद पहुँचाने के लिए हरसंभव प्रयास किया जा रहा है।

‘बंगाल में हम बहुसंख्यक, क्योंकि आदिवासी और दलित हिन्दू नहीं होते’: मौलाना अब्बास सिद्दीकी और ओवैसी साथ लड़ेंगे चुनाव

बड़ी मुस्लिम जनसंख्या वाले जिलों मुर्शिदाबाद (67%), मालदा (52%) और नॉर्थ दिनाजपुर में असदुद्दीन ओवैसी को बड़ा समर्थन मिल रहा है।

प्रचलित ख़बरें

‘कबीर असली अल्लाह, रामपाल अंतिम पैगंबर और मुस्लिम असल इस्लाम से अनजान’: फॉलोवरों के अजीब दावों से पटा सोशल मीडिया

साल 2006 में रामपाल के भक्तों और पुलिसकर्मियों के बीच हिंसक झड़प हुई थी जिसमें 5 महिलाओं और 1 बच्चे की मृत्यु हुई थी और लगभग 200 लोग घायल हुए थे। इसके बाद नवंबर 2014 में उसे गिरफ्तार किया गया था।

मैं नपुंसक नहीं.. हिंदुत्व का मतलब पूजा-पाठ या मंदिर का घंटा बजाना नहीं, फ़ोर्स किया तो हाथ धोकर पीछे पड़ जाऊँगा: उद्धव ठाकरे

साक्षत्कार में उद्धव ठाकरे ने कहा कि उन्हें विरोधियों के पीछे पड़ने को मजबूर ना किया जाए। इसके साथ ही ठाकरे ने कहा कि हिंदुत्व का मतलब मंदिर का घंटा बजाना नहीं है।

‘उसे मत मारो, वही तो सबूत है’: हिंदुओं संजय गोविलकर का एहसान मानो वरना 26/11 तुम्हारे सिर डाला जाता

जब कसाब ने तुकाराम को गोलियों से छलनी कर दिया तो साथी पुलिसकर्मी आवेश में आ गए। वे कसाब को मार गिराना चाहते थे। लेकिन, इंस्पेक्टर गोविलकर ने ऐसा नहीं करने की सलाह दी। यदि गोविलकर ने उस दिन ऐसा नहीं किया होता तो दुनिया कसाब को समीर चौधरी के नाम से जानती।

ये कौन से किसान हैं जो कह रहे ‘इंदिरा को ठोका, मोदी को भी ठोक देंगे’, मिले खालिस्तानी समर्थन के प्रमाण

मीटिंग 3 दिसंबर को तय की गई है और हम तब तक यहीं पर रहने वाले हैं। अगर उस मीटिंग में कुछ हल नहीं निकला तो बैरिकेड तो क्या हम तो इनको (शासन प्रशासन) ऐसे ही मिटा देंगे।

दिल्ली के बेगमपुर में शिवशक्ति मंदिर में दर्जनों मूर्तियों का सिर कलम, लोगों ने कहते सुना- ‘सिर काट दिया, सिर काट दिया’

"शिव शक्ति मंदिर में लगभग दर्जन भर देवी-देवताओं का सर कलम करने वाले विधर्मी दुष्ट का दूसरे दिन भी कोई अता-पता नहीं। हिंदुओं की सहिष्णुता की कृपया और परीक्षा ना लें।”

’26/11 RSS की साजिश’: जानें कैसे कॉन्ग्रेस के चहेते पत्रकार ने PAK को क्लिन चिट देकर हमले का आरोप मढ़ा था भारतीय सेना पर

साल 2007 में तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने अजीज़ को उसके उर्दू भाषा अखबार रोजनामा राष्ट्रीय सहारा के लिए उत्कृष्ट अवार्ड दिया था। कॉन्ग्रेस में अजीज़ को सेकुलरिज्म का चमचमाता प्रतीक माना जाता था।
00:14:07

कानपुर लव जिहाद SIT रिपोर्ट की क्रूर सच्चाइयाँ जो वामपंथी छुपा रहे हैं: अजीत भारती का वीडियो | Kanpur SIT report analysis

‘लव जिहाद’ को बार-बार समझना आवश्यक है क्योंकि कुछ लम्पट वामपंथी पोर्टल और बकैत एंकर इसे ‘अंतरधार्मिक विवाह‘ का मसला और ‘प्रेम पर सरकार का पहरा’ मान कर स्थापित करने में सत्तू-पानी बाँध कर बैठ गए हैं।

‘खट्टर का हो गया, अब मोदी की बारी है’: JNU हिंसा और दिल्ली दंगों से जुड़ रहे ‘किसान आंदोलन’ के तार, उपद्रव के 2...

'किसान आंदोलन' के तार जनवरी 2020 में JNU में हुई हिंसा और फरवरी के अंतिम हफ्ते में हुए दिल्ली के CAA विरोधी दंगों से जुड़ रहे हैं।

क्या पुलिस ने बुजुर्ग किसान पर लाठी चलाई? राहुल गाँधी के झूठे दावों की खुली पोल

राहुल गाँधी की द्वारा साझा की गई इस तस्वीर को प्रोपेगेंडा बताते हुए भाजपा आईटी सेल के मुखिया अमित मालवीय ने लिखा कि पुलिसकर्मी ने उस किसान को छुआ तक नहीं।

31 का कामिर खान, 11 साल की बच्ची: 3 महीने में 4000 मैसेज भेजे, यौन शोषण किया; निकाह करना चाहता था

कामिर खान ने स्वीकार किया है कि उसने दो बार 11 वर्षीय बच्ची का यौन शोषण किया। उसे गलत तरीके से छुआ, यौन सम्बन्ध बनाने के लिए उकसाया और अश्लील मैसेज भेजे।

‘ब्राह्मण @रामी, संस्कृत घृणा से भरी’: मणिपुर के छात्र संगठन ने स्कूल-कॉलेज में संस्कृत की कक्षा का किया विरोध

मणिपुर के छात्र संगठन MSAD ने संस्कृत को पाठ्यक्रम का हिस्सा बनाए जाने पर एतराज जताया है। इसके लिए ब्राह्मणों को जिम्मेदार बताया है।

लव जिहाद पर यूपी में अब बेल नहीं, 10 साल की सजा संभव: योगी सरकार के अध्यादेश पर राज्यपाल की मुहर

उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने 'ग्रूमिंग जिहाद (लव जिहाद)' के खिलाफ बने विधि विरुद्ध धर्म परिवर्तन प्रतिषेध अध्यादेश 2020 पर हस्ताक्षर कर दिया है।

दिल्ली दंगों के दौरान मुस्लिमों को भड़काने वाला संगठन ‘किसान’ प्रदर्शनकारियों को पहुँचा रहा भोजन: 25 मस्जिद काम में लगे

UAH के मुखिया नदीम खान ने कहा कि मोदी सरकार के खिलाफ आंदोलन कर रहे लोगों को मदद पहुँचाने के लिए हरसंभव प्रयास किया जा रहा है।

राजधानी एक्सप्रेस में मिले 14 रोहिंग्या (8 औरत+2 बच्चे), बांग्लादेश से भागकर भारत में घुसे थे; असम में भी 8 धराए

बांग्लादेश के शरणार्थी शिविर से भागकर भारत में घुसे 14 रोहिंग्या लोगों को राजधानी एक्सप्रेस से पकड़ा गया है। असम से भी आठ रोहिंग्या पकड़े गए हैं।

‘बंगाल में हम बहुसंख्यक, क्योंकि आदिवासी और दलित हिन्दू नहीं होते’: मौलाना अब्बास सिद्दीकी और ओवैसी साथ लड़ेंगे चुनाव

बड़ी मुस्लिम जनसंख्या वाले जिलों मुर्शिदाबाद (67%), मालदा (52%) और नॉर्थ दिनाजपुर में असदुद्दीन ओवैसी को बड़ा समर्थन मिल रहा है।

‘हमारी माँगटीका में चमक रही हैं स्वरा भास्कर’: यूजर्स बोले- आम्रपाली ज्वेलर्स से अब कभी कुछ नहीं खरीदेंगे

स्वरा भास्कर को ब्रांड एम्बेसडर बनाने के बाद आम्रपाली ज्वेलर्स को सोशल मीडिया में यूजर्स का कड़ा विरोध झेलना पड़ा है।

हमसे जुड़ें

272,571FansLike
80,432FollowersFollow
358,000SubscribersSubscribe