29 बंदूक, 2 राइफल, 1 रिवॉल्वर और 519 कारतूस के साथ कॉन्ग्रेस नेता अरेस्ट, टीपू सुल्तान भी गैंग में शामिल

गिरफ़्तार किए गए आरोपितों ने पूछताछ के दौरान अपना जुर्म क़बूल करते हुए इस अवैध धंधे में काफी समय से संलग्न रहने की बात स्वीकार की है। उन्हें एक हथियार की कीमत 50 हज़ार रुपए से एक लाख रुपए तक मिलती थी और...

बिहार के मुंगेर ज़िले के क़ासिम बाज़ार थाना अंतर्गत मशसपुर मुहल्ला स्थित एक गोदाम से पुलिस ने बुधवार (20 नवंबर) को 29 दोनाली बंदूक, दो राइफल, वेबलीस्कॉट का एक रिवॉल्वर और 519 कारतूस बरामद किए हैं। इसके अलावा भारी मात्रा में हथियार के उपकरण और सामान ज़ब्त किया गया है। इस सिलसिले में हथियार तस्करों को भी गिरफ़्तार किया गया। इनमें युवा कॉन्ग्रेस के मुंगेर विधानसभा अध्यक्ष यतीन्द्रनाथ सिंह भवानी कुमार, टीपू सुल्तान, आर्म्स डीलर मनोज शर्मा समेत चार तस्करों को गिरफ़्तार किया गया है।

भारी मात्रा में हथियार के उपकरण और सामान ज़ब्त (तस्वीर साभार: दैनिक दागरण)

ख़बर के अनुसार, पुलिस उपमहानिरीक्षक मनु महाराज ने बताया कि पिछले कुछ दिनों में हथियार और कारतूस के साथ अपराधियों को गिरफ़्तार किया गया था। इसी के मद्देनज़र पुलिस लगातार हथियार तस्करों की तलाश में जुटी हुई थी। इसी कड़ी में कासिम बाज़ार थाना क्षेत्र के मकससपुर निवासी रविन्द्र शर्मा के पुत्र मनोज शर्मा के घर पर छापे मारी की गई, जहाँ अवैध हथियारों का जखीरा बरामद किया गया है। इसमें 29 दोनाली बंदूक, दो राइफ़ल, वेबलीस्काट का एक रिवॉल्वर, 519 कारतूस और हथियार बनाने के अन्य उपकरण बरामद किए गए और चारों तस्करों को गिरफ़्तार किया गया।

उन्होंने बताया कि मनोज शर्मा मुंगेर बंदूक फ़ैक्ट्री का निर्माता था और एक साल पहले उसका लाइसेंस रद्द हो गया था। इसके बावजूद वो अपने घर में न सिर्फ़ अवैध रूप से बंदूक रखे हुआ था बल्कि उनकी बिक्री भी कर रहा था। पुलिस उपमहानिरीक्षक ने बताया कि 2020 में होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र अपराधियों व नक्सलियों से सांठगांठ कर हथियार सप्लाई करने की संभावनाओं से इनकार नहीं किया जा सकता है।

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उन्होंने बताया कि गिरफ़्तार किए गए आरोपितों ने पूछताछ के दौरान अपना जुर्म क़बूल करते हुए इस अवैध धंधे में काफी समय से संलग्न रहने की बात स्वीकार की है। उन्होंने कहा कि ये लोग माँग के अनुसार अपराधियों एवं नक्सलियों को हथियार की सप्लाई करते हैं। उन्हें एक हथियार की कीमत 50 हज़ार रुपए से एक लाख रुपए तक मिलती थी और वे दो से तीन गुणा दाम पर कारतूस बेचते थे। वे बरामद वेबलीस्कॉट रिवॉल्वर को पाँच लाख रुपए में नक्सलियों से सौदा करने जा रहे थे।

एक गोदाम से पुलिस ने हथियारों का जखीरा बरामद किया(तस्वीर साभार: दैनिक दागरण)

इसके अलावा, पुलिस आरोपितों की निशानदेही पर लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस उपमहानिरीक्षक मनु महाराज की विशेष टीम द्वारा जिन आरोपितों की गिरफ़्तारी की गई है, उनमें मुफ़स्सिल थाना क्षेत्र के मुबारचक निवासी मोहम्मद कमरुद्दीन का बेटा टीपू सुल्तान उर्फ़ मोहम्मद शबीर हसन, क़ासिम बाज़ार थाना क्षेत्र के मकससपुर चुआबाग निवसी अनिल मंडल का पुत्र किशन कुमार, मकससपुर निवासी रविंद्र शर्मा का पुत्र मनोज शर्मा एवं वासुदेवपुर ओपी क्षेत्र के दलहट्टा निवासी सह युवा कॉन्ग्रेस के मुंगेर विधानसभा अध्यक्ष यतींद्रनाथ उर्फ़ भवानी कुमार शामिल है।

ख़बर के अनुसार, पिछले साल मुंगेर में AK-47 का जखीरा बरामद किया गया था। उस समय रेलवे स्टेशन से लेकर गाँव तक AK-47 राफ़ल्स बरामद हुई थी। इसके अलावा, एक कुएँ से भी प्रतिबंधित राइफल AK-47 के कल-पुर्ज़े मिले थे।

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