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मुहर्रम में तलवारबाजी करते हुए मोहम्मद सयूम ने गलती से काट ली अपनी ही गर्दन, मौत

इसी जुलूस में मोहम्मद सयूम का पुत्र मोहम्मद फिरोज भी शामिल था, जिसने पूरे वाकये को खुद देखा। प्रशासन ने मोहर्रम और गणेश पूजा को लेकर बैठक की थी, जिसमें ताजिया जुलूस के दौरान सभी तरह से हथियारों पर पूर्ण रूप से रोक लगाने की बात की थी।

मुहर्रम के जुलूस के दौरान तलवारबाजी में एक व्यक्ति की मौत की घटना सामने आई है। यह दर्दनाक हादसा बिहार के नालंदा जिले में बुधवार (सितंबर 11, 2019) को मुहर्रम के जुलूस के दौरान हुआ, जब एक व्यक्ति ने तलवारबाजी करते हुए गलती से खुद की गर्दन काट ली और उसकी मौत हो गई।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, बिहार शरीफ में लहेरी थाना क्षेत्र इलाके के सोगरा कॉलेज के पास मोहर्रम के जुलूस में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब अचानक जुलूस में शामिल एक 60 वर्षीय मोहम्मद सयूम की तलवारबाजी के दौरान उनकी गर्दन खुद की तलवार से कटने के कारण हो गई। आनन-फानन में उसे जुलूस में शामिल लोगों के द्वारा प्रशासन की वाहन के सहारे सदर अस्पताल लाया गया लेकिन तब तक देर हो चुकी थी।

तलवार से गर्दन कटने के कारण 60 वर्षीय वृद्ध मोहम्मद सयूम का खून काफी बह चुका था, जिसके कारण उसकी रास्ते में ही मौत हो गई थी। वहीं इस घटना के संबंध में मृतक सैयद के पुत्र मोहम्मद फिरोज ने बताया कि हर साल की तरह थवई मोहल्ले से मोहर्रम के दिन जुलूस निकलता था और मोहम्मद सयूम भी इसी जुलूस में शामिल थे। इसी जुलूस में मोहम्मद सयूम का पुत्र मोहम्मद फिरोज भी शामिल था, जिसने पूरे वाकये को खुद देखा।

सन्मार्ग न्यूज़ के अनुसार, पूर्व में मोहर्रम और गणेश पूजा को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक की गई थी, जिसमें ताजिया जुलूस के दौरान सभी तरह से हथियारों पर पूर्ण रूप से रोक लगाई गई थी। इसके बाबजूद भी तलवारबाजी की गई जिस दौरान ये हादसा हुआ।

इस घटना की सूचना मिलते ही एसपी निलेश कुमार, एसडीएम जनार्दन प्रसाद अग्रवाल, सीओ अरुण कुमार सिंह, थानाध्यक्ष दीपक कुमार ने सदर अस्पताल पहुँचकर मामले की जाँच की। फिलहाल पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बिहार शरीफ और अस्पताल भेज दिया है। पुलिस मामले की जाँच कर रही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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