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कोर्ट में वकील ने खुद को लगाई आग, लिखा- पैसे लेकर काम करते हैं SDM… भगवान इनको नर्क की जिंदगी दें: राजस्थान के सीकर का मामला

"SDM पैसे लेकर दलालों के माध्यम से काम करते है। वे मेरे साथ अभद्रता से पेश आते हैं। मेरी वकालत बर्बाद करने की धमकी दी जाती है। मुझे 2 बार SHO घासीराम मीणा भी धमका चुके हैं। मेरे पास विकल्प नहीं बचा है।"

राजस्थान के सीकर के एसडीएम कोर्ट में एक वकील ने खुद पर पेट्रोल डालकर आग लगा ली। सुसाइड नोट में 40 वर्षीय वकील हंसराज मावलिया ने एसडीएम पर पैसे लेकर काम करने और एक एसएचओ पर खुद को धमकाने का आरोप लगाया है। घटना गुरुवार (9 जून 2022) की है। इलाज के दौरान वकील की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि उन्होंने खुद के साथ SDM को भी जलाने का प्रयास किया। घटना के बाद वकीलों ने विरोध-प्रदर्शन किया।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक खुद को आग लगाने वाले वकील सीकर के ही गाँव अभयपुरा के रहने वाले थे। वे लगभग 10 साल से वकालत कर रहे हैं। वो कुछ समय से डिप्रेशन में थे। घटना के दिन दोपहर लगभग ढाई बजे वकील हंसराज ने ऑफिस चैंबर में बैठे SDM राकेश कुमार के कार्यालय का गेट बंद कर दिया। इसके बाद हंसराज ने खुद को आग लगा ली और SDM के चैंबर में घुस गए। वकील SDM को अपने साथ जलाना चाह रहा थे, लेकिन SDM ने उन्हें धक्का दे कर खुद से अलग किया। इस दौरान SDM का हाथ झुलस गया।

आग और धुँआ देख कर ऑफिस में भगदड़ मच गई। इस दौरान धुएँ से एक अन्य वकील की तबीयत खराब होने लगी। फायर ब्रिगेड, मेडिकल टीम और पुलिस भी सूचना पाकर मौके पर पहुँची। वकील, SDM व एक अन्य वकील को स्थानीय खंडेला अस्पताल पहुँचाया गया। वकील हंसराज की हालत गंभीर होने के चलते उनको जयपुर SMS रेफर कर दिया गया था, जहाँ उन्होंने दम तोड़ दिया है।

पुलिस ने मामले की जाँच शुरू कर दी है। वकील हंसराज के बैग से पॉलीथिन में पेट्रोल और कीटनाशक दवा की बोतल मिली है। एक लेटर भी मिला है। इसमें उन्होंने लिखा है, “SDM पैसे लेकर दलालों के माध्यम से काम करते है। वे मेरे साथ अभद्रता से पेश आते हैं। मेरी वकालत बर्बाद करने की धमकी दी जाती है। मुझे 2 बार SHO घासीराम मीणा भी धमका चुके हैं। मेरे पास विकल्प नहीं बचा है। मेरी मौत के जिम्मेदार SDM और SHO होंगे। भगवान इनको नर्क की जिंदगी दें। मेरा पार्थिव शरीर विधायक अमराराम के आने के बाद ही उठने देना।”

इस घटना के बाद वकीलों ने आक्रोश जताते हुए मामले की जाँच की माँग की है। उनके विरोध के चलते सड़क पर जाम लग गया। वहीं SHO घासीराम मीणा ने अपने ऊपर लगे आरोपों में सच्चाई होने से इनकार करते हुए कहा है कि न ही वकील हंसराज उनके पास कभी आए और न ही उन्होंने कभी उनको कुछ कहा था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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